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Jind News: दातासिंह वाला बॉर्डर के बजाय पटियाला में हुई किसान संगठनों की बैठक, आज बताएंगे आगे की रणनीति
Thu, 29 Feb 2024 12:19 AM IST
रोहतक ब्यूरो
संवाद न्यूज एजेंसी, जींद
संवाद न्यूज एजेंसी, जींद
Updated Thu, 29 Feb 2024 12:19 AM IST
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किसान नेताओं को सुनते सड़क पर बैठकर किसान। संवाद
जींद/नरवाना। दातासिंह वाला बॉर्डर पर बुधवार को पूरा दिन शांति रही। यहां पर बुधवार को पंजाब के सभी किसान संगठनों की संयुक्त बैठक होनी थी, लेकिन वह बॉर्डर की बजाय पटियाला में हुई। बैठक में किसानों की सभी मांगों पर मंथन किया गया और कहा गया कि जब तक मांग पूरी नहीं हो जाती, तब तक आंदोलन जारी रहेगा। किसान दिल्ली कूच का अपना अभियान जारी रखेंगे।
वीरवार को बॉर्डर पर पत्रकारवार्ता की जाएगी, जिसमें किसान अपने भविष्य की रणनीति का खुलासा करेंगे। इसके अलावा मृतक किसान करनैल सिंह के शव को बॉर्डर पर लाया गया और श्रद्धांजलि दी गई। जनसभा को संबोधित करते हुए किसान नेता अभिमन्यु कोहाड़ ने कहा कि जब तक उनकी मांग पूरी नहीं होती, तब तक वह पीछे नहीं हटेंगे।
किसान नेता जगजीत सिंह डल्लेवाल ने बताया कि पहले दातासिंह वाला बॉर्डर पर किसान संगठनों की संयुक्त बैठक करने का निर्णय था, लेकिन अन्य किसान संगठनों के लिए दूरी अधिक होने के कारण यह बैठक पटियाला में की गई। इसमें किसानों की सभी मांगों पर मंथन किया गया और उन्हें पूर करवाने के लिए सरकार पर कैसे दबाव बनाया जाए, इसपर विचार किया गया। दिल्ली कूच अभी जारी रहेगा। बैठक के बाद सभी किसान संगठन फैसला लेंगे जो वीरवार को बॉर्डर पर पत्रकारों को बताया जाएगा। फिलहाल किसान अपनी मांगों पर पहले की तरह ही अडिग हैं। दोपहर बाद लगभग ढाई बजे मृतक किसान करनैल सिंह का शव बॉर्डर पर लाया गया और उन्हें श्रद्धांजलि दी गई। करनैल सिंह की मंगलवार को मौत हो गई थी।
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आंदोलन पूरी शांति के साथ जारी रहेगा
किसान नेता अभिमन्यु कोहाड़ ने कहा कि किसान आंदोलन पूरी तरह शांति के साथ जारी रहेगा। जब तक किसानों की मांग पूरी नहीं हो जाती, तब तक वह पीछे हटने वाले नहीं हैं। किसानों की तरफ से पहले भी शांति भंग नहीं की गई थी और भविष्य में भी नहीं की जाएगी। सरकार उन्हें शांति से दिल्ली जाने दे। वह दिल्ली में धरना देना चाहते हैं और सरकार से अपनी मांग मनवाना चाहते हैं।
आज के निर्णय पर सबकी निगाहें
वीरवार को बॉर्डर पर सुनाए जाने वाले निर्णय पर सभी की निगाहें हैं। हालांकि किसानों ने अपना फैसला लगभग आज की बैठक में तय कर लिया है, लेकिन उन्होंने दिल्ली कूच या अन्य कोई भी अंतिम निर्णय नहीं लिया है। वीरवार को इसका फैसला सभी को सुनाया जाएगा। इसके बाद ही आंदोलन की दिशा तय होगी।
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वीरवार को बॉर्डर पर पत्रकारवार्ता की जाएगी, जिसमें किसान अपने भविष्य की रणनीति का खुलासा करेंगे। इसके अलावा मृतक किसान करनैल सिंह के शव को बॉर्डर पर लाया गया और श्रद्धांजलि दी गई। जनसभा को संबोधित करते हुए किसान नेता अभिमन्यु कोहाड़ ने कहा कि जब तक उनकी मांग पूरी नहीं होती, तब तक वह पीछे नहीं हटेंगे।
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किसान नेता जगजीत सिंह डल्लेवाल ने बताया कि पहले दातासिंह वाला बॉर्डर पर किसान संगठनों की संयुक्त बैठक करने का निर्णय था, लेकिन अन्य किसान संगठनों के लिए दूरी अधिक होने के कारण यह बैठक पटियाला में की गई। इसमें किसानों की सभी मांगों पर मंथन किया गया और उन्हें पूर करवाने के लिए सरकार पर कैसे दबाव बनाया जाए, इसपर विचार किया गया। दिल्ली कूच अभी जारी रहेगा। बैठक के बाद सभी किसान संगठन फैसला लेंगे जो वीरवार को बॉर्डर पर पत्रकारों को बताया जाएगा। फिलहाल किसान अपनी मांगों पर पहले की तरह ही अडिग हैं। दोपहर बाद लगभग ढाई बजे मृतक किसान करनैल सिंह का शव बॉर्डर पर लाया गया और उन्हें श्रद्धांजलि दी गई। करनैल सिंह की मंगलवार को मौत हो गई थी।
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आंदोलन पूरी शांति के साथ जारी रहेगा
किसान नेता अभिमन्यु कोहाड़ ने कहा कि किसान आंदोलन पूरी तरह शांति के साथ जारी रहेगा। जब तक किसानों की मांग पूरी नहीं हो जाती, तब तक वह पीछे हटने वाले नहीं हैं। किसानों की तरफ से पहले भी शांति भंग नहीं की गई थी और भविष्य में भी नहीं की जाएगी। सरकार उन्हें शांति से दिल्ली जाने दे। वह दिल्ली में धरना देना चाहते हैं और सरकार से अपनी मांग मनवाना चाहते हैं।
आज के निर्णय पर सबकी निगाहें
वीरवार को बॉर्डर पर सुनाए जाने वाले निर्णय पर सभी की निगाहें हैं। हालांकि किसानों ने अपना फैसला लगभग आज की बैठक में तय कर लिया है, लेकिन उन्होंने दिल्ली कूच या अन्य कोई भी अंतिम निर्णय नहीं लिया है। वीरवार को इसका फैसला सभी को सुनाया जाएगा। इसके बाद ही आंदोलन की दिशा तय होगी।