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Jind News: पत्नी की हत्या के दोषी को आजीवन कारावास की सजा
Sat, 11 Mar 2023 12:54 AM IST
रोहतक ब्यूरो
संवाद न्यूज एजेंसी, जींद
संवाद न्यूज एजेंसी, जींद
Updated Sat, 11 Mar 2023 12:54 AM IST
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जींद। पत्नी की गला दबाकर हत्या करने के दोषी अलेवा निवासी अमित को एडिशनल सेशन जज अमरजीत सिंह की अदालत ने शुक्रवार को आजीवन कारावास और 10 हजार 500 रुपये जुर्माने की सजा सुनाई है। जुर्माना नहीं भरने पर दोषी को तीन माह की अतिरिक्त कैद काटनी होगी।
खापड़ गांव निवासी अनिल ने 18 दिसंबर 2018 को अलेवा थाना पुलिस को दी शिकायत में बताया था कि उसकी बहन सुशील की शादी 1997 में अलेवा निवासी अजीत के साथ हुई थी। 2006 में अजीत की मृत्यु होने के बाद उसके छोटे भाई अमित के साथ करेपा किया गया था। 18 दिसंबर 2018 में अमित ने अपनी बुआ व अन्य के साथ मिलकर उसकी बहन सुशील की गला दबाकर हत्या कर दी थी। अलेवा पुलिस ने इस मामले में आरोपी अमित के खिलाफ मामला दर्ज कर लिया था। पुलिस ने इस मामले में कार्रवाई करते हुए आरोपी अमित को 21 दिसंबर को गिरफ्तार कर मामले की जांच शुरू कर दी थी। पुलिस ने आरोपी के खिलाफ साक्ष्य जुटाए गए। इसमें अन्य आरोपी निर्दोष सिद्ध हुए। आरोपी को अदालत में पेश कर अदालत के आदेश पर जेल भेज दिया था। यह मामला उसी समय से अदालत में विचाराधीन था। शुक्रवार को मामले की सुनवाई करते हुए एडिशनल सैशन जज अजरजीत सिंह की अदालत ने आरोपी को दोषी करार देते हुए सजा सुनाई है।
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खापड़ गांव निवासी अनिल ने 18 दिसंबर 2018 को अलेवा थाना पुलिस को दी शिकायत में बताया था कि उसकी बहन सुशील की शादी 1997 में अलेवा निवासी अजीत के साथ हुई थी। 2006 में अजीत की मृत्यु होने के बाद उसके छोटे भाई अमित के साथ करेपा किया गया था। 18 दिसंबर 2018 में अमित ने अपनी बुआ व अन्य के साथ मिलकर उसकी बहन सुशील की गला दबाकर हत्या कर दी थी। अलेवा पुलिस ने इस मामले में आरोपी अमित के खिलाफ मामला दर्ज कर लिया था। पुलिस ने इस मामले में कार्रवाई करते हुए आरोपी अमित को 21 दिसंबर को गिरफ्तार कर मामले की जांच शुरू कर दी थी। पुलिस ने आरोपी के खिलाफ साक्ष्य जुटाए गए। इसमें अन्य आरोपी निर्दोष सिद्ध हुए। आरोपी को अदालत में पेश कर अदालत के आदेश पर जेल भेज दिया था। यह मामला उसी समय से अदालत में विचाराधीन था। शुक्रवार को मामले की सुनवाई करते हुए एडिशनल सैशन जज अजरजीत सिंह की अदालत ने आरोपी को दोषी करार देते हुए सजा सुनाई है।
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