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मिनी बाईपास और आरयूबी बनने का रास्ता साफ
अमर उजाला ब्यूरो, जींद
Updated Wed, 08 Mar 2017 12:28 AM IST
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रेलवे लाइन से गुजरते राहगीर
- फोटो : अमर उजाला ब्यूरो
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शहरवासियों को मिनी बाईपास की सौगात जल्द ही मिलने की संभावना है। मिनी बाईपास के सुचारू प्रयोग में जींद-पानीपत रेलवे लाइन ही सबसे बड़ी बाधा बनी है, लेकिन जल्द ही रेलवे इस लाइन पर रेलवे अंडर ब्रिज (आरयूबी) पर काम शुरू कर देगा। इसके लिए टेंडर मांगे गए हैं। रेलवे अधिकारियों के अनुसार अगले तीन महीने में पानीपत रेलवे लाइन पर आरयूबी बनाने का काम शुरू हो सकता है। वहीं इस साल के अंत तक आरयूबी बनकर तैयार हो जाएगा।
दरअसल प्रदेश सरकार ने शहर के यातायात को नियंत्रित करने के लिए करीब चार साल पहले मिनी बाईपास की योजना बनाई थी। इसके तहत बस स्टैंड के पास से निकलने वाले राजवाहा नंबर सात को कवर कर इसके ऊपर से फोर लेन रोड बनाई गई। चार साल पहले बस स्टैंड से सफीदों रोड-नई सब्जी मंडी के रास्ते मिनी बाईपास को निरंकारी रोड से जोड़ा गया। दूसरी तरफ रोहतक रोड के रास्ते राजवाहा नंबर सात के ऊपर से ही भिवानी रोड से मिनी बाईपास को जोड़ा गया। करीब चार करोड़ रुपये खर्च पर शहर के लिए बनी परियोजना का पेंच जींद-पानीपत रेलवे लाइन के पास आकर फंस गया।
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योजना में चूक
हालांकि इस परियोजना में सरकार के इंजीनियर्स से चूक हुई है, लेकिन चार साल से जींद की जनता इसे भुगत रही है। दरअसल पीडब्ल्यूडी बीएंडआर से सड़क बनाने की परियोजना तो तैयार कर ली, लेकिन इस पर पानीपत रेलवे लाइन की क्रॉसिंग की कोई योजना नहीं बनाई। अब चार साल से इसको लेकर सरकार असमंजस में थी।
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शहर के अंदर से बनेगा रिंग रोड
मिनी बाईपास पूरी तरह शुरू होने के बाद यह शहर के अंदर रिंग रोड का काम करेगा। निरंकारी रोड से अमरहेडी गांव के साथ होते हुए यह मार्ग अपोलो रोड से मिलता है, जो सीधा रेलवे स्टेशन पर जाता है। इसके अलावा बस स्टैंड से रोहतक रोड-भिवानी रोड के रास्ते यह ईक्कस गांव के पास से निकलने वाले बाईपास में जुड़ जाता है। इससे हिसार और बरवाला रोड भी जुड़ जाएंगे। इससे पूरे शहर के चारों ओर इस रोड से जुड़ाव हो जाएगा।
मिलेगी ट्रैफिक जाम से मुक्ति
मिनी बाईपास का बनने से शहर से ट्रैफिक जाम से मुक्ति मिल जाएगी। शहर में ट्रैफिक जाम रहता है। बस स्टैंड से रोहतक रोड पर जाने के लिए करीब चार-पांच किलोमीटर शहर के अंदर से जाना पड़ता है। मिनी बाईपास शुरू होने बाद यह एक किलोमीटर से भी कम रह जाएगा। जाम से विद्यार्थी स्कूल और कॉलेज में भी समय पर नहीं पहुंच पाते। अगर जल्द से जल्द मिनी बाईपास बन जाए तो बहुत अच्छा होगा। -पूजा, छात्रा।
बाईपास से होगी सहूलियत
मिनी बाईपास बनने से शहर के विकास कार्यों में तेजी आएगी। मिनी बाईपास बनने से आसानी से गोहाना रोड होते हुए रोहतक रोड और भिवानी रोड जा सकते हैं। इससे ट्रैफिक जाम से भी मुक्ति मिलेगी। काफी समय से लोग मिनी बाईपास बनने का सपना देख रहे हैं। अगर जल्द ही मिनी बाईपास बनता है, तो शहर के लिए बड़ी कामयाबी होगी। -सचिन, स्थानीय निवासी।
विभाग ने मांगें टेंडर
अंडर पास के लिए रेलवे ने टेंडर मांगें हैं। जल्द ही निर्माण कार्य शुरू करवाया जाएगा। इस पर करीब साढ़े सात करोड़ रुपये खर्च होंगे। परियोजना पर तीन महीने तक काम शुरू होने की उम्मीद है। इस साल के अंत तक आरयूबी तैयार कर दिया जाएगा। -नीरज शर्मा, सीपीआरओ।
पहले रेलवे करेगा काम
आरयूबी का काम दो हिस्सों में होना है। रेलवे की जमीन में होने वाला सारा काम रेलवे करेगा और इसके बाहर आरयूबी का काम पीडब्ल्यूडी करेगा। हमारा बजट एस्टीमेट तैयार है। जैसे ही रेलवे अपना काम करेगा, पीडब्ल्यूडी भी अपना काम शुरू कर देगा। -केएल चोपड़ा, एसडीओ, लोक निर्माण विभाग।