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Jind News: निपुण हरियाणा मिशन के तहत समीक्षा बैठकों के लिए दिशा-निर्देश जारी
Sun, 10 May 2026 03:46 AM IST
रोहतक ब्यूरो
संवाद न्यूज एजेंसी, जींद
संवाद न्यूज एजेंसी, जींद
Updated Sun, 10 May 2026 03:46 AM IST
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09जेएनडी10: राजेश वशिष्ठ जिला समन्वयक एफएलएन, जींद।
जींद। निपुण हरियाणा मिशन के सफल क्रियान्वयन के लिए जिला एवं ब्लॉक स्तर पर आयोजित होने वाली डीपीआईयू बीपीआईयू और सीपीआईयू बैठकों को लेकर दिशा-निर्देश जारी किए गए हैं। जिला समन्वयक राजेश वशिष्ठ ने बताया कि मई में होने वाली इन समीक्षा बैठकों का मुख्य उद्देश्य बुनियादी साक्षरता एवं संख्यात्मक ज्ञान को सुदृढ़ बनाना है।
राजेश वशिष्ठ ने बताया कि अप्रैल और मई में संचालित किए जा रहे कक्षा तत्परता कार्यक्रम सीआरपी की समीक्षा बैठकों का यह सबसे प्रमुख एजेंडा रहेगा। विभाग ने निर्देश दिए हैं कि शिक्षकों द्वारा भरी जा रही सीआरपी स्किल पासबुक और विद्यार्थियों की प्रगति की गहन जांच की जाए।
24 से 26 मई के बीच होने वाले सीआरपी आकलन के लिए ठोस रणनीति बनाने के निर्देश दिए गए हैं ताकि विद्यार्थियों की तैयारी को मजबूत किया जा सके। विभाग ने कक्षा 5वीं से छठी में शत-प्रतिशत प्रवेश सुनिश्चित करने पर जोर दिया है।
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अधिक ड्रॉपआउट वाले स्कूलों की सूची तैयार की जाएगी और आउट ऑफ स्कूल बच्चों को स्कूल लीविंग सर्टिफिकेट जारी करने की प्रक्रिया तेज की जाएगी। निपुण हरियाणा डैशबोर्ड के माध्यम से स्कूल विजिट और कक्षा अवलोकन के लक्ष्यों की निगरानी की जाएगी।
यह होगा अनिवार्य
डीईओ - दो स्कूल विजिट और तीन कक्षा अवलोकन।
डीईईओ,डीपीसी,बीईओ - दो स्कूल विजिट और चार कक्षा अवलोकन।
जिला एफएलएन समन्वयक - तीन स्कूल विजिट और छह कक्षा अवलोकन।
जिला सुपरविजन टीम - 30 स्कूल विजिट और 50 कक्षा अवलोकन।
कलस्टर हेड - तीन स्कूल विजिट और पांच कक्षा अवलोकन।
लक्ष्य पूरा न करने पर देंगे चेतावनी
विभाग ने स्पष्ट किया है कि लगातार लक्ष्य पूरे न करने वाले अधिकारियों और मॉनिटरों को औपचारिक चेतावनी दी जाएगी। अधिकारी संयुक्त विजिट के बजाय स्वतंत्र रूप से अलग-अलग स्कूलों का दौरा करेंगे। जिन डीएसटी सदस्यों की रिपोर्ट शून्य पाई जाएगी उनसे स्पष्टीकरण मांगा जाएगा। मॉनिटरिंग के माध्यम से विद्यार्थियों के सीखने के परिणामों में सुधार लाना है।
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राजेश वशिष्ठ ने बताया कि अप्रैल और मई में संचालित किए जा रहे कक्षा तत्परता कार्यक्रम सीआरपी की समीक्षा बैठकों का यह सबसे प्रमुख एजेंडा रहेगा। विभाग ने निर्देश दिए हैं कि शिक्षकों द्वारा भरी जा रही सीआरपी स्किल पासबुक और विद्यार्थियों की प्रगति की गहन जांच की जाए।
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24 से 26 मई के बीच होने वाले सीआरपी आकलन के लिए ठोस रणनीति बनाने के निर्देश दिए गए हैं ताकि विद्यार्थियों की तैयारी को मजबूत किया जा सके। विभाग ने कक्षा 5वीं से छठी में शत-प्रतिशत प्रवेश सुनिश्चित करने पर जोर दिया है।
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अधिक ड्रॉपआउट वाले स्कूलों की सूची तैयार की जाएगी और आउट ऑफ स्कूल बच्चों को स्कूल लीविंग सर्टिफिकेट जारी करने की प्रक्रिया तेज की जाएगी। निपुण हरियाणा डैशबोर्ड के माध्यम से स्कूल विजिट और कक्षा अवलोकन के लक्ष्यों की निगरानी की जाएगी।
यह होगा अनिवार्य
डीईओ - दो स्कूल विजिट और तीन कक्षा अवलोकन।
डीईईओ,डीपीसी,बीईओ - दो स्कूल विजिट और चार कक्षा अवलोकन।
जिला एफएलएन समन्वयक - तीन स्कूल विजिट और छह कक्षा अवलोकन।
जिला सुपरविजन टीम - 30 स्कूल विजिट और 50 कक्षा अवलोकन।
कलस्टर हेड - तीन स्कूल विजिट और पांच कक्षा अवलोकन।
लक्ष्य पूरा न करने पर देंगे चेतावनी
विभाग ने स्पष्ट किया है कि लगातार लक्ष्य पूरे न करने वाले अधिकारियों और मॉनिटरों को औपचारिक चेतावनी दी जाएगी। अधिकारी संयुक्त विजिट के बजाय स्वतंत्र रूप से अलग-अलग स्कूलों का दौरा करेंगे। जिन डीएसटी सदस्यों की रिपोर्ट शून्य पाई जाएगी उनसे स्पष्टीकरण मांगा जाएगा। मॉनिटरिंग के माध्यम से विद्यार्थियों के सीखने के परिणामों में सुधार लाना है।