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छह महीने बाद खुला ‘राहत’ का दरवाजा
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वह दरवाजा जो पहले बंद था, अब खोला गया है। संवाद।
- फोटो : Jind
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संवाद न्यूज एजेंसी
जींद। नागरिक अस्पताल तथा सिविल सर्जन कार्यालय को जोड़ने वाला दरवाजा छह महीने बाद शनिवार को खोला गया। यह दरवाजा नागरिक अस्पताल से सिविल सर्जन कार्यालय में जाने के लिए था। कई बार नागरिक अस्पताल की शिकायतें लेकर लोग सिविल सर्जन कार्यालय पहुंच जाते थे, इस कारण यह दरवाजा बंद कर दिया था। अब नए प्रधान चिकित्सका अधिकारी डॉ. जितेंद्र कादियान ने शनिवार को अपना कार्यभार संभाल लिया। डॉ. जितेंद्र कादियान सिविल सर्जन डॉ. मंजू कादियान के पति हैं। दोनों के ऑफिस में आने-जाने के लिए यही दरवाजा प्रयोग किया जाता है। पहले यदि प्रधान चिकित्सा अधिकारी को सिविल सर्जन कार्यालय में जाना होता था तो वह पीपी सेंटर की तरफ से घूमकर जाते थे, जबकि इस दरवाजे से जाने में एक मिनट का समय लगता था।
सूत्रों से मिली जानकारी के अनुसार जब सिविल सर्जन डॉ. मंजू कादियान ने सिविल सर्जन का कार्यभार संभाला, उस समय यह दरवाजा खुला रहता था। नागरिक अस्पताल की पुरानी बिल्डिंग में इमरजेंसी वार्ड है। इसके सामने ही प्रधान चिकित्सा अधिकारी का कार्यालय है जबकि नागरिक अस्पताल की सभी प्रकार की ओपीडी नई बिल्डिंग में होती हैं। इमरजेंसी वार्ड की बहुत शिकायतें आती थीं। काफी लोग इमरजेंसी वार्ड से सीधे सिविल सर्जन कार्यालय में शिकायत लेकर पहुंच जाते थे। इसके बाद सिविल सर्जन कार्यालय से उनको वापस प्रधान चिकित्सा अधिकारी कार्यालय में यह कहते हुए भेजा जाता था कि यह मामला सिविल सर्जन कार्यालय का नहीं नागरिक अस्पताल से संबंधित है। बार-बार लोगों के सिविल सर्जन कार्यालय आने के कारण यह दरवाजा बंद कर दिया गया ताकि शिकायत लेकर लोग सिविल सर्जन कार्यालय नहीं आकर प्रधान चिकित्सा अधिकारी कार्यालय जाएं। अब सिविल सर्जन तथा प्रधान चिकित्सा अधिकारी दंपती हैं तो यह दरवाजा खोल दिया गया है ताकि दोनों को एक-दूसरे के कार्यालय में आने-जाने में परेशानी नहीं हो।
प्रधान चिकित्सा अधिकारी ने कार्यभार संभाला
प्रधान चिकित्सा अधिकारी डॉ. जितेंद्र कादियान ने शनिवार को अपना कार्यभार संभाल लिया है। इससे पहले डॉ. लोकवीर यहां पीएमओ थे। उनका सिविल सर्जन के रूप में पलवल में तबादला हो गया है, उनके स्थान पर डॉ. जितेंद्र का तबादला जींद हुआ था। शनिवार को सिविल सर्जन डॉ. मंजू कादियान, एसएमओ डॉ. गोपाल गोयल, डिप्टी एमएस डॉ. राजेश भोला, डिप्टी सिविल सर्जन डॉ. जेके मान भी इस मौके पर मौजूद रहे। कुछ देर डॉ. जितेंद्र कादियान ने चिकित्सा अधिकारियों के बातचीत की, इसके बाद वह चले गए।
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यह पूरी बिल्डिंग नागरिक अस्पताल की है। इसलिए कौन सा दरवाजा बंद करना है तथा कौन सा खोलना है, यह निर्णय प्रधान चिकित्सा अधिकारी का है। इसमें मेरा कोई हस्तक्षेप नहीं है।
-डॉ. मंजू कादियान, सिविल सर्जन
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जींद। नागरिक अस्पताल तथा सिविल सर्जन कार्यालय को जोड़ने वाला दरवाजा छह महीने बाद शनिवार को खोला गया। यह दरवाजा नागरिक अस्पताल से सिविल सर्जन कार्यालय में जाने के लिए था। कई बार नागरिक अस्पताल की शिकायतें लेकर लोग सिविल सर्जन कार्यालय पहुंच जाते थे, इस कारण यह दरवाजा बंद कर दिया था। अब नए प्रधान चिकित्सका अधिकारी डॉ. जितेंद्र कादियान ने शनिवार को अपना कार्यभार संभाल लिया। डॉ. जितेंद्र कादियान सिविल सर्जन डॉ. मंजू कादियान के पति हैं। दोनों के ऑफिस में आने-जाने के लिए यही दरवाजा प्रयोग किया जाता है। पहले यदि प्रधान चिकित्सा अधिकारी को सिविल सर्जन कार्यालय में जाना होता था तो वह पीपी सेंटर की तरफ से घूमकर जाते थे, जबकि इस दरवाजे से जाने में एक मिनट का समय लगता था।
सूत्रों से मिली जानकारी के अनुसार जब सिविल सर्जन डॉ. मंजू कादियान ने सिविल सर्जन का कार्यभार संभाला, उस समय यह दरवाजा खुला रहता था। नागरिक अस्पताल की पुरानी बिल्डिंग में इमरजेंसी वार्ड है। इसके सामने ही प्रधान चिकित्सा अधिकारी का कार्यालय है जबकि नागरिक अस्पताल की सभी प्रकार की ओपीडी नई बिल्डिंग में होती हैं। इमरजेंसी वार्ड की बहुत शिकायतें आती थीं। काफी लोग इमरजेंसी वार्ड से सीधे सिविल सर्जन कार्यालय में शिकायत लेकर पहुंच जाते थे। इसके बाद सिविल सर्जन कार्यालय से उनको वापस प्रधान चिकित्सा अधिकारी कार्यालय में यह कहते हुए भेजा जाता था कि यह मामला सिविल सर्जन कार्यालय का नहीं नागरिक अस्पताल से संबंधित है। बार-बार लोगों के सिविल सर्जन कार्यालय आने के कारण यह दरवाजा बंद कर दिया गया ताकि शिकायत लेकर लोग सिविल सर्जन कार्यालय नहीं आकर प्रधान चिकित्सा अधिकारी कार्यालय जाएं। अब सिविल सर्जन तथा प्रधान चिकित्सा अधिकारी दंपती हैं तो यह दरवाजा खोल दिया गया है ताकि दोनों को एक-दूसरे के कार्यालय में आने-जाने में परेशानी नहीं हो।
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प्रधान चिकित्सा अधिकारी ने कार्यभार संभाला
प्रधान चिकित्सा अधिकारी डॉ. जितेंद्र कादियान ने शनिवार को अपना कार्यभार संभाल लिया है। इससे पहले डॉ. लोकवीर यहां पीएमओ थे। उनका सिविल सर्जन के रूप में पलवल में तबादला हो गया है, उनके स्थान पर डॉ. जितेंद्र का तबादला जींद हुआ था। शनिवार को सिविल सर्जन डॉ. मंजू कादियान, एसएमओ डॉ. गोपाल गोयल, डिप्टी एमएस डॉ. राजेश भोला, डिप्टी सिविल सर्जन डॉ. जेके मान भी इस मौके पर मौजूद रहे। कुछ देर डॉ. जितेंद्र कादियान ने चिकित्सा अधिकारियों के बातचीत की, इसके बाद वह चले गए।
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यह पूरी बिल्डिंग नागरिक अस्पताल की है। इसलिए कौन सा दरवाजा बंद करना है तथा कौन सा खोलना है, यह निर्णय प्रधान चिकित्सा अधिकारी का है। इसमें मेरा कोई हस्तक्षेप नहीं है।
-डॉ. मंजू कादियान, सिविल सर्जन