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Jind News: डल्लेवाल के शरीर में बढ़ रही क्षति, भरपाई होगी मुश्किल
Tue, 24 Dec 2024 12:05 AM IST
रोहतक ब्यूरो
संवाद न्यूज एजेंसी, जींद
संवाद न्यूज एजेंसी, जींद
Updated Tue, 24 Dec 2024 12:05 AM IST
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बारिश के दौरान तंबू से निकलते किसान। स्रोत : किसान
नरवाना । खनौरी बॉर्डर पर सोमवार को 28वें दिन भी किसान नेता जगजीत सिंह डल्लेवाल का आमरण अनशन जारी रहा। इस दौरान चिकित्सकों की रिपोर्ट में सामने आया कि उनके शरीर में जो क्षति हो रही है, उसकी भरपाई करनी मुश्किल होगी। इसके अलावा बारिश के कारण मोर्चे पर खड़ी ट्रॉलियों में पानी टपक रहा है, लेकिन किसान मजबूती से डटे हुए हैं।
सोमवार को सिरसा से कांग्रेस की सांसद कुमारी सैलजा एवं उत्तर प्रदेश से भारतीय किसान यूनियन (अराजनैतिक) के पदाधिकारी अपना समर्थन देने के लिए डल्लेवाल से मिलने के लिए पहुंचे। दूसरी ओर सिरसा से किसानों का बड़ा पैदल जत्था खनौरी बॉर्डर के लिए चला है। इसमें बड़ी संख्या में किसान शामिल हैं। किसान नेताओं ने कहा कि आज किसान दिवस है। जब हमारे देश में जय जवान, जय किसान का नारा दिया गया था तो उसके बाद किसानों ने दिन-रात मेहनत करके देश को खाद्यान के मामले में आत्मनिर्भर बनाया, लेकिन आज डल्लेवाल के आमरण अनशन को 28 दिन हो गए पर सरकार किसानों की बात सुनने के लिए तैयार नहीं है।
किसान दिवस पर सरकार की तरफ से किसानों का इससे बड़ा अपमान कोई और नहीं हो सकता है। किसान नेताओं ने कहा कि 30 दिसंबर को पंजाब बंद के कार्यक्रम की तैयारी के लिए 26 दिसंबर को खनौरी में सभी ट्रेड यूनियन, सामाजिक संगठन, धार्मिक संगठन, टैक्सी यूनियनों की बैठक बुलाई गई है। किसान नेताओं ने बताया कि 30 दिसंबर को पंजाब बंद के दौरान मेडिकल व इमरजेंसी सेवाओं को छोड़कर सभी चीजें सुबह 7 से शाम 4 बजे तक बंद रहेंगी। उन्होंने कहा कि वह हर स्थिति से निपटने के लिए तैयार हैं।
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आज निकाला जाएगा कैंडल मार्च
आज शाम साढ़े पांच बजे देशभर में जगजीत सिंह डल्लेवाल के आमरण अनशन के समर्थन में कैंडल मार्च किया जाएगा। 26 दिसंबर को सुबह 10 से शाम 4 बजे तक जिला और तहसील स्तर पर धरना प्रदर्शन किया जाएगा।
सैलजा ने कहा कि सरकार ने दो साल पहले एमएसपी को कानूनी दर्जा देने का वादा किया था। डल्लेवाल आमरण अनशन पर बैठे हैं, लेकिन सरकार के पास उनसे बातचीत करने का समय नहीं है। हरियाणा-पंजाब बॉर्डर पर क्या हो रहा है, सब देख रहे हैं। उन्होंने कहा कि डीएपी खाद का संकट जारी रहा। ऊपर से उसकी कीमतें और बढ़ा दी गईं। किसानों को समय पर बीज भी नहीं मिल रहा है। प्राइवेट बीज कंपनियों पर सरकार का कोई अंकुश नहीं है, जो किसानों को लूटने में लगे हुए हैं।
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सोमवार को सिरसा से कांग्रेस की सांसद कुमारी सैलजा एवं उत्तर प्रदेश से भारतीय किसान यूनियन (अराजनैतिक) के पदाधिकारी अपना समर्थन देने के लिए डल्लेवाल से मिलने के लिए पहुंचे। दूसरी ओर सिरसा से किसानों का बड़ा पैदल जत्था खनौरी बॉर्डर के लिए चला है। इसमें बड़ी संख्या में किसान शामिल हैं। किसान नेताओं ने कहा कि आज किसान दिवस है। जब हमारे देश में जय जवान, जय किसान का नारा दिया गया था तो उसके बाद किसानों ने दिन-रात मेहनत करके देश को खाद्यान के मामले में आत्मनिर्भर बनाया, लेकिन आज डल्लेवाल के आमरण अनशन को 28 दिन हो गए पर सरकार किसानों की बात सुनने के लिए तैयार नहीं है।
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किसान दिवस पर सरकार की तरफ से किसानों का इससे बड़ा अपमान कोई और नहीं हो सकता है। किसान नेताओं ने कहा कि 30 दिसंबर को पंजाब बंद के कार्यक्रम की तैयारी के लिए 26 दिसंबर को खनौरी में सभी ट्रेड यूनियन, सामाजिक संगठन, धार्मिक संगठन, टैक्सी यूनियनों की बैठक बुलाई गई है। किसान नेताओं ने बताया कि 30 दिसंबर को पंजाब बंद के दौरान मेडिकल व इमरजेंसी सेवाओं को छोड़कर सभी चीजें सुबह 7 से शाम 4 बजे तक बंद रहेंगी। उन्होंने कहा कि वह हर स्थिति से निपटने के लिए तैयार हैं।
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आज निकाला जाएगा कैंडल मार्च
आज शाम साढ़े पांच बजे देशभर में जगजीत सिंह डल्लेवाल के आमरण अनशन के समर्थन में कैंडल मार्च किया जाएगा। 26 दिसंबर को सुबह 10 से शाम 4 बजे तक जिला और तहसील स्तर पर धरना प्रदर्शन किया जाएगा।
सैलजा ने कहा कि सरकार ने दो साल पहले एमएसपी को कानूनी दर्जा देने का वादा किया था। डल्लेवाल आमरण अनशन पर बैठे हैं, लेकिन सरकार के पास उनसे बातचीत करने का समय नहीं है। हरियाणा-पंजाब बॉर्डर पर क्या हो रहा है, सब देख रहे हैं। उन्होंने कहा कि डीएपी खाद का संकट जारी रहा। ऊपर से उसकी कीमतें और बढ़ा दी गईं। किसानों को समय पर बीज भी नहीं मिल रहा है। प्राइवेट बीज कंपनियों पर सरकार का कोई अंकुश नहीं है, जो किसानों को लूटने में लगे हुए हैं।

बारिश के दौरान तंबू से निकलते किसान। स्रोत : किसान