फ्री ई-पेपर
पर्सनलाइज़्ड फ़ीड
पर्सनलाइज़्ड नोटिफ़िकेशन
चलते-फिरते ख़बरें
लॉयल्टी रिवॉर्ड्स
डाउनलोड करें

सब्सक्राइब करें
Hindi News ›   Haryana ›   Jind News ›   Controversy deepens over installation of second statue at Maharaja Agrasen Chowk, former councillor Praveen Bansal raises questions

Jind News: महाराजा अग्रसेन चौक पर दूसरी प्रतिमा लगाने पर विवाद गहराया, पूर्व पार्षद प्रवीन बंसल ने उठाए सवाल

Mon, 20 Jul 2026 12:00 AM IST
Rohtak Bureau रोहतक ब्यूरो
Updated Mon, 20 Jul 2026 12:00 AM IST
विज्ञापन
Controversy deepens over installation of second statue at Maharaja Agrasen Chowk, former councillor Praveen Bansal raises questions
सफीदों। शहर के प्रमुख स्थल महाराजा अग्रसेन चौक के सामने स्थित गोल चक्कर पर नेताजी सुभाष चंद्र बोस की प्रतिमा लगाने के मामले ने अब तूल पकड़ लिया है। समाजसेवी व पूर्व पार्षद प्रवीन बंसल ने नगरपालिका की कार्यप्रणाली पर सवाल उठाए। उन्होंने अग्रवाल समाज से जुड़े मौजूदा पार्षदों की भूमिका पर भी सवाल खड़े किए हैं।
विज्ञापन

प्रवीन बंसल ने कहा कि नगरपालिका में कोई भी प्रस्ताव हाउस की मंजूरी के बाद ही पारित होता है। ऐसे में जब महाराजा अग्रसेन चौक की पहचान और गरिमा को प्रभावित करने वाला प्रस्ताव सदन में लाया गया, तब अग्रवाल समाज के तीनों पार्षदों ने उसी समय इसका विरोध क्यों नहीं किया? उन्होंने कहा कि यदि उस वक्त सदन में आपत्ति दर्ज कराई जाती तो शायद वर्तमान स्थिति पैदा नहीं होती।
विज्ञापन

बंसल ने आरोप लगाया कि पूरा घटनाक्रम एक सुनियोजित योजना का हिस्सा नजर आ रहा है। उन्होंने कहा कि नगरपालिका द्वारा जल्दबाजी में गोल चक्कर पर नया स्ट्रक्चर तैयार किया गया, जिससे संकेत मिलता है कि किसी अन्य प्रतिमा की स्थापना की तैयारी पहले से चल रही थी।
विज्ञापन
विज्ञापन

उन्होंने बताया कि करीब 25 वर्ष पहले अग्रवाल समाज के वरिष्ठ लोगों ने पुराने बस स्टैंड के पास महाराजा अग्रसेन चौक का निर्माण कराया था। यह चौक आज केवल समाज विशेष की पहचान नहीं बल्कि पूरे शहर की सामाजिक और ऐतिहासिक धरोहर बन चुका है।

प्रवीन बंसल ने स्पष्ट किया कि अग्रवाल समाज किसी अन्य समाज या महापुरुष के सम्मान के खिलाफ नहीं है लेकिन किसी ऐतिहासिक स्थल की गरिमा को प्रभावित करना स्वीकार नहीं किया जा सकता। उन्होंने प्रशासन से मांग की कि तैयार किए गए स्ट्रक्चर को हटाकर वहां महाराजा अग्रसेन के सिद्धांत ‘एक रुपया-एक ईंट’ के प्रतीक चिन्ह की स्थापना की जाए, जिससे चौक की महत्ता और बढ़ सके।
विज्ञापन
विज्ञापन

रहें हर खबर से अपडेट, डाउनलोड करें Android Hindi News App, iOS Hindi News App और Amarujala Hindi News APP अपने मोबाइल पे|
Get all India News in Hindi related to live update of politics, sports, entertainment, technology and education etc. Stay updated with us for all breaking news from India News and more news in Hindi.

विज्ञापन
विज्ञापन
विज्ञापन

एड फ्री अनुभव के लिए अमर उजाला प्रीमियम सब्सक्राइब करें

Next Article

AU ऐप में पढ़ें

Followed