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Jind News: सीटू का 56वां स्थापना दिवस मनाया, संगठन के उद्देश्यों पर डाला प्रकाश
Fri, 30 May 2025 11:42 PM IST
रोहतक ब्यूरो
संवाद न्यूज एजेंसी, जींद
संवाद न्यूज एजेंसी, जींद
Updated Fri, 30 May 2025 11:42 PM IST
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30जेएनडी15-धागा मील कॉलोनी में बने मजदूर भवन में आयोजित बैठक में भाग लेते हुए सीटू कार्यकर्ता।
जींद। सीटू के 56वें स्थापना दिवस के मौके पर धागा मील कॉलोनी में बने मजदूर भवन में सीटू का ध्वजारोहण किया और बैठक का आयोजन किया। अध्यक्षता सीटू कोषाध्यक्ष संदीप जाजवान और संचालन सीटू जिला सचिव कपूर सिंह ने किया। संगठन के वरिष्ठ नेता रमेश चंद्र ने सीटू के लक्ष्य और उद्देश्य पर प्रकाश डाला।
उन्होंने कहा कि सेंटर ऑफ इंडियन ट्रेड यूनियन (सीटू) एक प्रमुख भारतीय मजदूर संगठन है, जिसकी स्थापना 30 मई 1970 को हुई थी। यह संगठन मजदूरों के अधिकारों, बेहतर कार्य परिस्थितियों और सामाजिक-आर्थिक नीतियों के लिए संघर्ष करता है।
उन्होंने कहा कि अपने स्थापना से लेकर आज तक सीटू एकता और संघर्ष के उद्देश्यों को लेकर मजदूरों को संगठित करती है। संगठन का मानना है कि मजदूरों कि व्यापक एकता करके संघर्ष करना और संघर्ष के लिए मजदूरों को संगठित करके उनकी एकता बनाकर ही मजदूरों को उनके हकों व अधिकारों को प्राप्त किया जा सकता है। आज देशभर में सीटू से संबंधित पांच हजार से ज्यादातर यूनियन काम कर रही हैं, जो मजदूरों, स्कीम वर्करों और कच्चे कर्मचारियों को संगठित करते हुए उनके अधिकारों की रक्षा करती है। लेबर कोड को रद्द करवाने और मजदूरों के अधिकारों की रक्षा के लिए केंद्रीय ट्रेड यूनियनों व कर्मचारी संघो ने नौ जुलाई को राष्ट्रव्यापी हड़ताल का आह्वान किया है।
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इस अवसर पर जोगिंद्र ईगराह, संदीप दालमवाला, पवन कुमार, सुशील और कश्मीर ईगराह भी मौजूद रहे।
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उन्होंने कहा कि सेंटर ऑफ इंडियन ट्रेड यूनियन (सीटू) एक प्रमुख भारतीय मजदूर संगठन है, जिसकी स्थापना 30 मई 1970 को हुई थी। यह संगठन मजदूरों के अधिकारों, बेहतर कार्य परिस्थितियों और सामाजिक-आर्थिक नीतियों के लिए संघर्ष करता है।
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उन्होंने कहा कि अपने स्थापना से लेकर आज तक सीटू एकता और संघर्ष के उद्देश्यों को लेकर मजदूरों को संगठित करती है। संगठन का मानना है कि मजदूरों कि व्यापक एकता करके संघर्ष करना और संघर्ष के लिए मजदूरों को संगठित करके उनकी एकता बनाकर ही मजदूरों को उनके हकों व अधिकारों को प्राप्त किया जा सकता है। आज देशभर में सीटू से संबंधित पांच हजार से ज्यादातर यूनियन काम कर रही हैं, जो मजदूरों, स्कीम वर्करों और कच्चे कर्मचारियों को संगठित करते हुए उनके अधिकारों की रक्षा करती है। लेबर कोड को रद्द करवाने और मजदूरों के अधिकारों की रक्षा के लिए केंद्रीय ट्रेड यूनियनों व कर्मचारी संघो ने नौ जुलाई को राष्ट्रव्यापी हड़ताल का आह्वान किया है।
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इस अवसर पर जोगिंद्र ईगराह, संदीप दालमवाला, पवन कुमार, सुशील और कश्मीर ईगराह भी मौजूद रहे।