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Jind News: आधी रकम पहले और बाकी टिकट कंफर्म होने पर लेते हैं एजेंट
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जींद। जिले से युवाओं को विदेश भेजने वाले अनाधिकृत एजेंटों की भरमार है। शहर में हर गली, नुक्कड़ पर विदेश भेजने के नाम से कार्यालय खुले हुए हैं। अनाधिकृत एजेंट विदेश भेजने के नाम पर युवाओं को तरह-तरह के प्रभोलन दिए जा रहे हैं। इससे युवा उनके चंगुल में फंस जाते हैं और लाखों रुपये की ठगी करवा लेते हैं। हर माह ऐसे मामले आते हैं।
इस पर जिला पुलिस धोखाधड़ी करने वाले एजेंडों के खिलाफ एफआईआर दर्ज करती है। फिलहाल जिले में ऐसे अनाधिकृत एजेंटों की संख्या 120 से ज्यादा हैं, जो युवाओं को अपनी बातों में उलझाकर उनको फर्जी तरीके से विदेश भेजे देते हैं और उनके बदले मोटी रकम ऐंठ लेते हैं, लेकिन वह डंकी के रास्ते भेजकर युवाओं की जान जोखिम में डाल देते हैं। कई बार तो युवा अपनी जान तक गंवा देते हैं, लेकिन इन मामलों में अनाधिकृत एजेंडों पर कोई कार्रवाई नहीं हो पाती।
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पिल्लूखेड़ा और सफीदों क्षेत्र में एजेंट ज्यादा सक्रिय
जिले के पिल्लूखेड़ा और सफीदों क्षेत्र में विदेश भेजने वाले अनाधिकृत एजेंट ज्यादा सक्रिय हैं। पिल्लूखेड़ा और सफीदों क्षेत्र के युवा विदेश जाने के लिए गंभीर हैं। इसलिए इन क्षेत्रों में अनाधिकृत एजेंट युवाओं को बातों में उलझा लेते हैं और फिर आधी रकम पहले और आधी विदेश जाने की टिकट कंफर्म होते ही ले लेते हैं। उसके बाद युवक विदेश पहुंचे या नहीं, इससे उनको कोई मतलब नहीं होता। वह ज्यादा राशि हड़पने के चक्कर में युवकों को डंकी के रास्ते भेज देते हैं, जिससे युवकों को प्रताड़ना का शिकार होना पड़ता है।
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आठ दिनों में दो मामले सामने आए
सफीदों के मलिकपुर निवासी लखविंद्र ने पुलिस को दी शिकायत में बताया कि गांव सिवाहा निवासी मनोज, रूपेंद्र और दिनेश से उसकी जान पहचान है। इसके चलते तीनों उसके घर आए हुए थे। आरोपियों ने बताया कि उनकी विदेश में अच्छी जान पहचान है। उनकी बातों में आकर उसने अपने भाई संदीप को न्यूजीलैंड वर्क वीजा पर भेजने को कहा। इसकी एवज में आरोपियों ने 10 लाख रुपये की मांग की। उन्होंने आरोपियों को सात लाख रुपये दे दिए थे, लेकिन उसके भाई संदीप को विदेश नहीं भेजा गया। वहीं, मंगलपुर गांव निवासी सत्यवान ने पुलिस को दी शिकायत में बताया कि उसने अपने बेटे को आस्ट्रेलिया भेजने के लिए वीएलडीए डॉ. सतवीर को आठ लाख रुपये दिए थे। उन्होंने न तो उसके बेटे को आस्ट्रेलिया भेजा और न ही उसके रुपये वापस दिए। उसने उसे दो बार वीजा दिया और दोनों ही बार यह वीजा फर्जी निकला था।
वर्जन
इस मामले को लेकर पुलिस के पास ऐसी कोई शिकायत नहीं आई है। यदि कोई शिकायत आती है तो अनाधिकृत एजेंटों के खिलाफ कार्रवाई की जाएगी।
-अमित कुमार, प्रवक्ता, एसपी जींद
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इस पर जिला पुलिस धोखाधड़ी करने वाले एजेंडों के खिलाफ एफआईआर दर्ज करती है। फिलहाल जिले में ऐसे अनाधिकृत एजेंटों की संख्या 120 से ज्यादा हैं, जो युवाओं को अपनी बातों में उलझाकर उनको फर्जी तरीके से विदेश भेजे देते हैं और उनके बदले मोटी रकम ऐंठ लेते हैं, लेकिन वह डंकी के रास्ते भेजकर युवाओं की जान जोखिम में डाल देते हैं। कई बार तो युवा अपनी जान तक गंवा देते हैं, लेकिन इन मामलों में अनाधिकृत एजेंडों पर कोई कार्रवाई नहीं हो पाती।
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पिल्लूखेड़ा और सफीदों क्षेत्र में एजेंट ज्यादा सक्रिय
जिले के पिल्लूखेड़ा और सफीदों क्षेत्र में विदेश भेजने वाले अनाधिकृत एजेंट ज्यादा सक्रिय हैं। पिल्लूखेड़ा और सफीदों क्षेत्र के युवा विदेश जाने के लिए गंभीर हैं। इसलिए इन क्षेत्रों में अनाधिकृत एजेंट युवाओं को बातों में उलझा लेते हैं और फिर आधी रकम पहले और आधी विदेश जाने की टिकट कंफर्म होते ही ले लेते हैं। उसके बाद युवक विदेश पहुंचे या नहीं, इससे उनको कोई मतलब नहीं होता। वह ज्यादा राशि हड़पने के चक्कर में युवकों को डंकी के रास्ते भेज देते हैं, जिससे युवकों को प्रताड़ना का शिकार होना पड़ता है।
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आठ दिनों में दो मामले सामने आए
सफीदों के मलिकपुर निवासी लखविंद्र ने पुलिस को दी शिकायत में बताया कि गांव सिवाहा निवासी मनोज, रूपेंद्र और दिनेश से उसकी जान पहचान है। इसके चलते तीनों उसके घर आए हुए थे। आरोपियों ने बताया कि उनकी विदेश में अच्छी जान पहचान है। उनकी बातों में आकर उसने अपने भाई संदीप को न्यूजीलैंड वर्क वीजा पर भेजने को कहा। इसकी एवज में आरोपियों ने 10 लाख रुपये की मांग की। उन्होंने आरोपियों को सात लाख रुपये दे दिए थे, लेकिन उसके भाई संदीप को विदेश नहीं भेजा गया। वहीं, मंगलपुर गांव निवासी सत्यवान ने पुलिस को दी शिकायत में बताया कि उसने अपने बेटे को आस्ट्रेलिया भेजने के लिए वीएलडीए डॉ. सतवीर को आठ लाख रुपये दिए थे। उन्होंने न तो उसके बेटे को आस्ट्रेलिया भेजा और न ही उसके रुपये वापस दिए। उसने उसे दो बार वीजा दिया और दोनों ही बार यह वीजा फर्जी निकला था।
वर्जन
इस मामले को लेकर पुलिस के पास ऐसी कोई शिकायत नहीं आई है। यदि कोई शिकायत आती है तो अनाधिकृत एजेंटों के खिलाफ कार्रवाई की जाएगी।
-अमित कुमार, प्रवक्ता, एसपी जींद