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लंदन में लाडले की जीत पर झूम उठा नांगल
ब्यूरो/अमर उजाला झज्जर
Updated Mon, 13 Jul 2015 01:31 AM IST
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जिले के लिए रविवार को बहुत गौरव का दिन रहा। यहां के छोरे सुमित ने लंदन में तिरंगे को लहराया था। सुमित ने लंदन विंबलडन चैंपियनशिप के जूनियर डबल्स के फाइनल में वियतनाम के जोड़ीदार आंग ली संग मिलकर जीत दर्ज की।
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उसकी जीत का पता चलते ही गांव के लोग भी खुशी से छूम उठे और सुमित के परिवार वालों की खुशी का भी कोई ठिकाना नहीं था। सुमित ऐसा अकेला युवा है, जिसने विंबलडन जैसे खेल में हरियाणा को विदेश तक पहचान दिलाई है। इस कारण भी जिले व हरियाणा वालों की खुशी दोगुनी हो जाती है।
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झज्जर जिले के नांगल गांव के रहने वाले पेशे से शिक्षक सुरेश इस समय परिवार के साथ दिल्ली में रहते हैं, लेकिन उन्होंने व उनकी पत्नी कृष्णा देवी ने शायद ऐसा नहीं सोचा होगा कि उनका बेटा सुमित इतनी छोटी उम्र में विदेशों तक में धूम मचाएगा।
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वह भी ऐसे खेल में उसकी धूम होगी, जिसमे हरियाणा से अभी तक बड़े स्तर पर शायद ही कोई खिलाड़ी सामने आया है। सपने की तरह लगने वाली यह बात सुरेश के बेटे सुमित नांगल ने सही साबित करके दिखाई है।
उसने 17 साल की उम्र में विदेशों तक में अपना लोहा मनवाया है और लंदन में चल रही विंबलडन चैंपियनशिप के जूनियर डबल्स में अपने वियतनाम के साथी खिलाड़ी ली के साथ मिलकर फाइनल में जगह बना चुका था। उसका फाइनल मैच रविवार को होना था, जिस पर नांगल के लोगों की भी नजरें टिकी थीं।
मैच का परिणाम जानने के लिए लगातार दिल्ली में सुमित के पिता सुरेश से संपर्क किया जा रहा था। सुमित का फाइनल मैच हुआ और उसकी जीत की खबर जैसे ही गांव में पहुंची तो पूरा गांव खुशी से झूम उठा।
सुमित के पिता सुरेश ने फोन पर बातचीत में बताया कि उनको बेटे पर पूरा विश्वास था कि वह फाइनल में जीत दर्ज करेगा और यह उम्मीद उसने नहीं टूटने दी। उसकी जीत के बाद ही परिवार खुशियां मनाने लगा और उनको बधाई के लिए फोन आने लगे।