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महान लोककवि और सांग कलाकार थे पंडित लख्मीचंद : प्रवीण शर्मा
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फोटो 57 : सूर्य कवि पंडित लख्मी चंद की प्रतिमा पर माल्यार्पण करते पूर्व विधायक नरेश कौशिक व समि
बहादुरगढ़। लाइनपार स्थित सूर्य कवि पंडित लख्मीचंद धर्मशाला समिति की ओर से मंगलवार को सूर्य कवि पंडित लख्मीचंद की जयंती मनाई गई। धर्मशाला के सदस्यों ने परिसर में पंडित लख्मीचंद की प्रतिमा पर माल्यापर्ण किया। धर्मशाला में पंडित पवन दीक्षित की ओर से हवन करवाया गया। हवन के उपरांत प्रसाद वितरित किया गया। इस मौके पर पूर्व विधायक नरेश कौशिक उपस्थित हुए।
उन्होंने कहा कि दादा लख्मीचंद का जन्म 15 जुलाई को सोनीपत जिले के जाटी कलां गांव में हुआ था। उन्होंने ऐसी रचनाएं की हैं जो आज के युग में सार्थक हो रही हैं। उन्हें चारों वेदों का ज्ञान था। धर्मशाला संरक्षक पालेराम शर्मा ने प्रसिद्ध सांगी दादा लख्मीचंद के जीवन पर प्रकाश डालते हुए कहा कि पंडित लख्मीचंद के पुत्र पंडित तुलेराम ने उनकी सांग परंपरा को आगे बढ़ाया और आज उनके पौत्र विष्णुदत्त कौशिक उनके पदचिह्नों पर चलकर सूर्य कवि लख्मीचंद की लोक गायिका व हरियाणवीं संस्कृति को सांग व रागिनी के माध्यम से आगे बढ़ाने का काम कर रहे हैं।
प्रधान प्रवीण शर्मा और उप प्रधान बलराम गौतम ने कहा कि पंडित लख्मीचंद महान लोककवि व सांग कलाकार थे। उनके द्वारा कही गई बातें आज सत्य साबित हो रहीं हैं। इस अवसर पर महासचिव सतीश पाराशर, सचिव हरिओम हरितश, कोषाध्यक्ष रमेश शर्मा, मंजीत पाराशर, मामन राम, बंटी पाराशर, धर्म सिंह, मूलचंद जोशी, रमेश कौशिक, श्रवण कौशिक, मास्टर रमेश, नरेंद्र शर्मा, बिल्लू पंडित सहित अन्य उपस्थित रहे।
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फोटो 57 : सूर्य कवि पंडित लख्मी चंद की प्रतिमा पर माल्यार्पण करते पूर्व विधायक नरेश कौशिक व समिति सदस्य। विज्ञप्ति
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उन्होंने कहा कि दादा लख्मीचंद का जन्म 15 जुलाई को सोनीपत जिले के जाटी कलां गांव में हुआ था। उन्होंने ऐसी रचनाएं की हैं जो आज के युग में सार्थक हो रही हैं। उन्हें चारों वेदों का ज्ञान था। धर्मशाला संरक्षक पालेराम शर्मा ने प्रसिद्ध सांगी दादा लख्मीचंद के जीवन पर प्रकाश डालते हुए कहा कि पंडित लख्मीचंद के पुत्र पंडित तुलेराम ने उनकी सांग परंपरा को आगे बढ़ाया और आज उनके पौत्र विष्णुदत्त कौशिक उनके पदचिह्नों पर चलकर सूर्य कवि लख्मीचंद की लोक गायिका व हरियाणवीं संस्कृति को सांग व रागिनी के माध्यम से आगे बढ़ाने का काम कर रहे हैं।
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प्रधान प्रवीण शर्मा और उप प्रधान बलराम गौतम ने कहा कि पंडित लख्मीचंद महान लोककवि व सांग कलाकार थे। उनके द्वारा कही गई बातें आज सत्य साबित हो रहीं हैं। इस अवसर पर महासचिव सतीश पाराशर, सचिव हरिओम हरितश, कोषाध्यक्ष रमेश शर्मा, मंजीत पाराशर, मामन राम, बंटी पाराशर, धर्म सिंह, मूलचंद जोशी, रमेश कौशिक, श्रवण कौशिक, मास्टर रमेश, नरेंद्र शर्मा, बिल्लू पंडित सहित अन्य उपस्थित रहे।
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फोटो 57 : सूर्य कवि पंडित लख्मी चंद की प्रतिमा पर माल्यार्पण करते पूर्व विधायक नरेश कौशिक व समिति सदस्य। विज्ञप्ति