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Haryana Crime: प्लाट के फर्जी कागज दिखाकर 48 लाख 50 हजार हड़पे, रेप केस में फंसाने व जान से मारने दी
Tue, 23 Sep 2025 09:57 AM IST
नवीन दलाल
संवाद न्यूज एजेंसी, बहादुरगढ़
संवाद न्यूज एजेंसी, बहादुरगढ़
Published by: नवीन दलाल
Updated Tue, 23 Sep 2025 09:57 AM IST
सार
आरोप है कि अशोक सिंह बार-बार रजिस्ट्री कराने का आश्वासन देता रहा, लेकिन कभी स्पेशल पावर ऑफ अटॉर्नी करवाने के नाम पर तो कभी फुल पेमेंट एग्रीमेंट कराने के नाम पर टालता रहा। बाद में जानकारी मिली कि जिस प्लॉट का सौदा कराया गया था।
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सांकेतिक फोटो
- फोटो : अमर उजाला
विस्तार
दिल्ली रोहतक रोड पर स्थित गांव जाखौदा में एक प्लाट के फर्जी कागज तैयार कर 48.50 लाख रुपए की ठगी करने का मामला सामने आया है। शिकायत डीसीपी को दी गई और आसौदा थाना में पुलिस ने दो लोगों के खिलाफ मामला दर्ज कर छानबीन शुरू कर दी है। पीड़ित ने जब उक्त लोगों से अपने पैसे वापस मांगे तो उसे रेप केस में फंसाने और जान से मारने की धमकी दी गई।
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ठगी की यह वारदात जाखौदा निवासी अंकित के साथ हुई है। अंकित ने बताया कि 2025 में मनोज नामक व्यक्ति उससे मिला और गांव जाखौदा में 250 वर्ग गज का एक प्लॉट बिकने की बात कही। मनोज ने खुद को बिचौलिया बताते हुए प्लॉट के मालिक अशोक सिंह निवासी दिल्ली से मिलवाया। आरोप है कि अशोक सिंह ने अपने नाम दर्ज रजिस्ट्री और इंतकाल दिखाए। इसके बाद टोकन के रूप में एक लाख रुपए नकद ले लिए।
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इसके बाद 26 मई 2025 को अशोक सिंह ने 10 लाख रुपए आरटीजीएस और 5 लाख रुपए नकद लिए। इस दौरान परिवार से मिलने पर भी प्लॉट को लेकर कोई विवाद न होने की बात कही गई। अंकित के अनुसार धीरे-धीरे उसने और उसके परिजनों ने किस्तों में 48.50 लाख रूपये अशोक सिंह को दिए। इसकी एवज में प्लॉट का कब्जा भी दे दिया गया और उसने प्लाट का भराव कराने का काम शुरू कर दिया।
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आरोप है कि अशोक सिंह बार-बार रजिस्ट्री कराने का आश्वासन देता रहा, लेकिन कभी स्पेशल पावर ऑफ अटॉर्नी करवाने के नाम पर तो कभी फुल पेमेंट एग्रीमेंट कराने के नाम पर टालता रहा। बाद में जानकारी मिली कि जिस प्लॉट का सौदा कराया गया था, उसके कागजात फर्जी हैं और अशोक सिंह उसका असली मालिक नहीं है। अंकित का कहना है कि उसने कागजात मांगे तो अशोक सिंह और मनोज ने धमकियां दी। गत 30 जुलाई को अशोक सिंह के घर जाने पर गाली-गलोच की और रेप के झूठे केस में फंसाने की धमकी दी। अंकित ने पुलिस से दोषियों के खिलाफ धोखाधड़ी, फर्जी दस्तावेज बनाने, धमकी देने और जबरन पैसे ऐंठने के मामले में कार्रवाई की मांग की है।