फ्री ई-पेपर
पर्सनलाइज़्ड फ़ीड
पर्सनलाइज़्ड नोटिफ़िकेशन
चलते-फिरते ख़बरें
लॉयल्टी रिवॉर्ड्स
डाउनलोड करें

सब्सक्राइब करें
Hindi News ›   Haryana ›   Jhajjar/Bahadurgarh News ›   hindi story, gubhana village school, damage roof, jhajjhar/bahadurgrah

कभी भी भरभराकर गिर सकती है छत

Thu, 19 May 2016 01:13 AM IST
ब्यूरो/अमर उजाला/झज्जर/बहादुरगढ़
ब्यूरो/अमर उजाला/झज्जर/बहादुरगढ़ Updated Thu, 19 May 2016 01:13 AM IST
विज्ञापन
hindi story, gubhana village school, damage roof, jhajjhar/bahadurgrah
school - फोटो : Bureau

गांव गुभाना स्थित सरकारी स्कूल के छात्र भय के साये में शिक्षा ग्रहण कर हैं। छात्रों के सिर पर लेंटर का मलबा टूट कर गिरता रहता है। हालात यह हैं कि कभी भी लेंटर भरभराकर गिर सकता है, जिससे हादसे हो सकते हैं। भवन की इस जर्जर हालत सेे विद्यार्थियों के अभिभावकों में रोष है। ग्रामीणों ने प्रशासन से इसकी सुधार किए जाने की मांग की है। राजकीय स्कूल का भवन पूरी तरह से जर्जर हालत में है।

विज्ञापन


छत से रेत का गिरना जारी रहता है। कई बार तो फर्स भी रेती से भर जाती है। स्कूल की यह हालत मेन गेट से लेकर कमरों में बनी हैं। ग्रामीण राजेश, प्रेमी, टीनू पंच, संदीप और सुंदर का कहना है कि गांव के सरकारी स्कूल में छात्रों की संख्या अच्छी है और अध्यापक भी जिम्मेदारी का निर्वाह कर रहे हैं। मगर सबसे बड़ी समस्या भवन का जर्जर हालत में होना है। छात्र नीचे किताबों पर नजर रखने के बजाय ऊपर छत के लेंटर की तरफ देखते रहते हैं। न जाने कब उखड़े लेंटर से मिट्टी या मलबा गिर जाए। कई बार मलबे के बड़े-बड़े टुकड़े भी छत से टूटकर गिर जाते हैं। ऐसे में छात्रों में भय का माहौल बना रहता है। ग्रामीणों का कहना है कि छतों से टुकड़ों का गिरना छात्रों के लिए खतरनाक साबित हो सकता है।
विज्ञापन


सरकार और शिक्षा विभाग को चाहिए कि वह जल्द से जल्द भवन की मरम्मत कराए ताकि किसी बड़े हादसे को होने से पहले ही रोका जा सके। मंगलवार को भी ग्रामीण भवन की मरम्मत को लेकर स्कूल प्राचार्य से भी मिले और भवन की मरम्मत कराए जाने की मांग की।

विज्ञापन
विज्ञापन
विज्ञापन
विज्ञापन

रहें हर खबर से अपडेट, डाउनलोड करें Android Hindi News App, iOS Hindi News App और Amarujala Hindi News APP अपने मोबाइल पे|
Get all India News in Hindi related to live update of politics, sports, entertainment, technology and education etc. Stay updated with us for all breaking news from India News and more news in Hindi.

विज्ञापन
विज्ञापन
विज्ञापन

एड फ्री अनुभव के लिए अमर उजाला प्रीमियम सब्सक्राइब करें

Next Article

AU ऐप में पढ़ें

Followed