फ्री ई-पेपर
पर्सनलाइज़्ड फ़ीड
पर्सनलाइज़्ड नोटिफ़िकेशन
चलते-फिरते ख़बरें
लॉयल्टी रिवॉर्ड्स
डाउनलोड करें

सब्सक्राइब करें
Hindi News ›   Haryana ›   Jhajjar/Bahadurgarh News ›   geeta poltical statment

महिलाओं पर लाठीचार्ज हुआ तो क्यों सूख गए मुख्यमंत्री की आंखों के आंसू : गीता भुक्कल

Tue, 18 May 2021 12:13 AM IST
Rohtak Bureau रोहतक ब्यूरो
Updated Tue, 18 May 2021 12:13 AM IST
विज्ञापन
geeta poltical statment
झज्जर। जब विधानसभा में महिला विधायकों की तरफ से ट्रैक्टर खींचने के मामले को लेकर मुख्यमंत्री मनोहर लाल घड़ियाली आंसू बहा रहे थे तो अब हिसार में महिला किसानों पर लाठीचार्ज करवा कर उनके आंसू क्यों सूख गए हैं। अब मुख्यमंत्री इस मामले को लेकर कुछ भी प्रतिक्रिया नहीं दे रहे हैं और ना ही महिला आयोग इस मामले में कोई संज्ञान ले रहा है।
विज्ञापन

यह बात पूर्व कैबिनेट मंत्री एवं झज्जर की विधायक गीता भुक्कल ने पत्रकारों से बात करते हुए अपने निवास पर कही। उन्होंने कहा की कोरोना काल की इस संकट की घड़ी में मुख्यमंत्री अस्पतालों का उद्घाटन करने में जुटे हैं। उन्हें समय जाया ना करते हुए लोगों को सुविधाएं पहुंचाने का काम करना चाहिए। किसानों पर धारा 144 लागू है लेकिन मुख्यमंत्री के कार्यक्रम में भीड़ इकट्ठा होने पर धारा 144 का उल्लंघन नहीं है। किसान शांतिप्रिय ढंग से प्रदर्शन कर रहे थे और सरकार शांतिपूर्ण ढंग से प्रदर्शन करने वाले किसानों पर मुकदमे दर्ज करने के साथ-साथ गिरफ्तार कर रही है। किसानों को सड़कों पर बैठने पर मजबूर किया जा रहा है। पिछले कई माह से किसान कृषि कानूनों को रद्द करवाने की मांग को लेकर निरंतर धरना दे रहे हैं लेकिन उनकी आवाज को नहीं सुना जा रहा है उल्टा उन पर लाठीचार्ज किया जा रहा है। इस संकट की घड़ी में सरकार को कोरोना संक्रमित लोगों के लिए बेहतर सुविधाएं उपलब्ध करनी चाहिए लेकिन सरकार लोगों को आवश्यकता अनुसार पूर्ण रूप से सुविधाएं नहीं दे पा रही है।
विज्ञापन
विज्ञापन
विज्ञापन

रहें हर खबर से अपडेट, डाउनलोड करें Android Hindi News App, iOS Hindi News App और Amarujala Hindi News APP अपने मोबाइल पे|
Get all India News in Hindi related to live update of politics, sports, entertainment, technology and education etc. Stay updated with us for all breaking news from India News and more news in Hindi.

विज्ञापन
विज्ञापन
विज्ञापन

एड फ्री अनुभव के लिए अमर उजाला प्रीमियम सब्सक्राइब करें

Next Article

AU ऐप में पढ़ें

Followed