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Jhajjar-Bahadurgarh News: हिट एंड रन कानून पर ड्राइवरों ने सड़क किया जाम
Tue, 02 Jan 2024 09:56 PM IST
रोहतक ब्यूरो
संवाद न्यूज एजेंसी, झज्जर/बहादुरगढ़
संवाद न्यूज एजेंसी, झज्जर/बहादुरगढ़
Updated Tue, 02 Jan 2024 09:56 PM IST
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बादली। हिट एंड रन कानून के खिलाफ चालकों का आक्रोश पाहसौर स्थित वेयरहाउस के बाहर दिखाई दिया। चालकों ने एकत्रित होकर पहले बादली-झज्जर रोड जाम कर दिया। पुलिस पहुंची और अधिकारियों के समझाने के बाद जाम खोल दिया। हालांकि चालकों ने वेयरहाउस के बाहर बैठकर रोष जाहिर किया। चालकों ने सरकार विरोधी नारे भी लगाए।
मंगलवार की सुबह ही क्षेत्र में स्थापित वेयरहाउस के चालक झज्जर रोड पर एकत्रित हो गए। चालकों ने एकत्रित होने के बाद बादली-झज्जर रोड पर जाम लगा दिया। सूचना मिलते ही बादली से पुलिस थाना प्रभारी रमेश चंद पुलिस बल के साथ मौके पर पहुंचे। पुलिस ने चालकों को समझाया और सड़क से दूर कर जाम को खुलवाया। जाम करीब 30 मिनट तक लगाया गया, जिसमें दोनों ओर वाहनों की कतार लग गई। जाम खोले जाने के बाद चालकों ने वेयरहाउस के बाद ही रोष प्रदर्शन किया। अपने वाहनों का चक्का जाम रखा।
चक्काजाम को समर्थन देने के आम आदमी पार्टी प्रदेश सचिव मास्टर रणबीर गुलिया भी पंहुचे। मास्टर रणबीर गुलिया ने कहा कि केंद्र सरकार द्वारा लाए गए हिट एंड रन के नए कानून को लेकर कई राज्यों में ट्रक ड्राइवरों और ट्रांसपोर्ट ऑपरेटर्स द्वारा चक्काजाम किया जा रहा है। केंद्र सरकार द्वारा सड़क हादसों पर नियंत्रण करने के लिए हिट एंड रन कानून में बदलाव किया जा रहा है। ड्राइवर इस कानून को लाने का विरोध कर रहे हैं।
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रोष प्रदर्शन में शामिल चालक कर्मबीर, नवीन, दीपक, रामसिंह और संदीप ने कहा कि ट्रक ड्राइवर किसान, मजदूर के बेटे हैं। केंद्र सरकार को यह कानून वापस लेना चाहिए। 10 लाख का जुर्माना और 7 साल की सजा का प्रावधान करना चालक विरोधी नीति का परिणाम है। केंद्र सरकार को बिना ट्रक ड्राइवरों की सहमति के कानून नहीं बनाना चाहिए। केंद्र सरकार को यह कानून वापस लेना चाहिए। किसान गरीब मजदूर अपने परिवार का पालन पोषण इस महंगाई के दौर में मुश्किल से ही कर पा रहे हैं। ऊपर से बीच-बीच में डरावने कानून बनाकर भय का माहौल पैदा किया जा रहा है।
सोनू और नवीन ने बताया कि देशभर में पहले से ही 25-30 प्रतिशत ड्राइवरों की कमी है। इस तरह के कानून से ड्राइवरों की और कमी बढ़ेगी। उन्होंने कहा कि ड्राइवरों की परेशानी की तरफ सरकार का ध्यान नहीं है। देश की अर्थव्यवस्था में सबसे बड़ा योगदान रोड ट्रांसपोटर्स और ड्राइवरों का है।
पुलिस रही मुस्तैद
मंगलवार सुबह जाम की सूचना मिलने पर पुलिस मौके पर पहुंची। जाम को खुलवाने के बाद पुलिस पूरा दिन वेयरहाउस के बाहर मुस्तैद रही। पुलिस थाना प्रभारी रमेश चंद मौके पर मौजूद रहे। र चालकों को समझाने में लगे रहे। किसी भी वाहन को सड़क पर खड़ा नहीं होने दिया गया। जबकि चालकों को सड़क से दूर रखा गया। रमेश चंद ने बताया कि किसी भी सूरत में सड़क जाम नहीं होने दिया जाएगा।
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मंगलवार की सुबह ही क्षेत्र में स्थापित वेयरहाउस के चालक झज्जर रोड पर एकत्रित हो गए। चालकों ने एकत्रित होने के बाद बादली-झज्जर रोड पर जाम लगा दिया। सूचना मिलते ही बादली से पुलिस थाना प्रभारी रमेश चंद पुलिस बल के साथ मौके पर पहुंचे। पुलिस ने चालकों को समझाया और सड़क से दूर कर जाम को खुलवाया। जाम करीब 30 मिनट तक लगाया गया, जिसमें दोनों ओर वाहनों की कतार लग गई। जाम खोले जाने के बाद चालकों ने वेयरहाउस के बाद ही रोष प्रदर्शन किया। अपने वाहनों का चक्का जाम रखा।
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चक्काजाम को समर्थन देने के आम आदमी पार्टी प्रदेश सचिव मास्टर रणबीर गुलिया भी पंहुचे। मास्टर रणबीर गुलिया ने कहा कि केंद्र सरकार द्वारा लाए गए हिट एंड रन के नए कानून को लेकर कई राज्यों में ट्रक ड्राइवरों और ट्रांसपोर्ट ऑपरेटर्स द्वारा चक्काजाम किया जा रहा है। केंद्र सरकार द्वारा सड़क हादसों पर नियंत्रण करने के लिए हिट एंड रन कानून में बदलाव किया जा रहा है। ड्राइवर इस कानून को लाने का विरोध कर रहे हैं।
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रोष प्रदर्शन में शामिल चालक कर्मबीर, नवीन, दीपक, रामसिंह और संदीप ने कहा कि ट्रक ड्राइवर किसान, मजदूर के बेटे हैं। केंद्र सरकार को यह कानून वापस लेना चाहिए। 10 लाख का जुर्माना और 7 साल की सजा का प्रावधान करना चालक विरोधी नीति का परिणाम है। केंद्र सरकार को बिना ट्रक ड्राइवरों की सहमति के कानून नहीं बनाना चाहिए। केंद्र सरकार को यह कानून वापस लेना चाहिए। किसान गरीब मजदूर अपने परिवार का पालन पोषण इस महंगाई के दौर में मुश्किल से ही कर पा रहे हैं। ऊपर से बीच-बीच में डरावने कानून बनाकर भय का माहौल पैदा किया जा रहा है।
सोनू और नवीन ने बताया कि देशभर में पहले से ही 25-30 प्रतिशत ड्राइवरों की कमी है। इस तरह के कानून से ड्राइवरों की और कमी बढ़ेगी। उन्होंने कहा कि ड्राइवरों की परेशानी की तरफ सरकार का ध्यान नहीं है। देश की अर्थव्यवस्था में सबसे बड़ा योगदान रोड ट्रांसपोटर्स और ड्राइवरों का है।
पुलिस रही मुस्तैद
मंगलवार सुबह जाम की सूचना मिलने पर पुलिस मौके पर पहुंची। जाम को खुलवाने के बाद पुलिस पूरा दिन वेयरहाउस के बाहर मुस्तैद रही। पुलिस थाना प्रभारी रमेश चंद मौके पर मौजूद रहे। र चालकों को समझाने में लगे रहे। किसी भी वाहन को सड़क पर खड़ा नहीं होने दिया गया। जबकि चालकों को सड़क से दूर रखा गया। रमेश चंद ने बताया कि किसी भी सूरत में सड़क जाम नहीं होने दिया जाएगा।