{"_id":"57e190204f1c1bc409a82d44","slug":"murder-murder-in-bahadurgarh-cab-driver-crime-news-bahadurgarh","type":"story","status":"publish","title_hn":"ओला कैब चालक की हत्या, सड़क किनारे खाई में फेंका शव","category":{"title":"Crime","title_hn":"क्राइम ","slug":"crime"}}
ओला कैब चालक की हत्या, सड़क किनारे खाई में फेंका शव
ब्यूरो/अमर उजाला, बहादुरगढ़
Updated Wed, 21 Sep 2016 01:08 AM IST
विज्ञापन
कैब चालक की हत्या
- फोटो : bureau
खबरें लगातार पढ़ने के लिए अमर उजाला एप डाउनलोड करें
या
वेबसाइट पर पढ़ना जारी रखने के लिए वीडियो विज्ञापन देखें
अगर आपके पास प्रीमियम मेंबरशिप है तो
कसार स्थित सेक्टर-16 एचएसआईआईडीसी परिसर के नजदीक ओला कैब चालक की हत्या कर दी गई। शव को बाद में सड़क किनारे खाई में फेंक दिया। उसके सिर पर गहरी चोटें मारकर और कपड़े से गला घोंटकर हत्या किए जाने की बात सामने आई है। एक नामी कंपनी के कैब चालक की हत्या की सूचना पर पुलिस में हड़कंप मच गया।
विज्ञापन
डीएसपी से लेकर अन्य पुलिस अधिकारियों ने तुरंत मौके पर जाकर जांच की। चालक का जहां शव पड़ा था, उसके नजदीक ही लावारिस हालत में उसकी कार भी खड़ी थी। हत्या के पीछे कोई लूटपाट, रंजिश या फिर कोई अन्य कारण, इसेे लेकर पुलिस सुराग ढूंढने में लगी है।
विज्ञापन
डाबोदा कलां निवासी परमजीत (33) ने कुछ माह पहले ही अपनी वैगनआर कार को ओला कैब कंपनी से जोड़ा था। सोमवार को ही वह अपनी कार लेकर दिल्ली के लिए निकला था। देर रात करीब साढ़े 10 बजे परमजीत ने फोन कर परिजनों को बताया था कि वह जल्दी ही घर आने वाला है।
विज्ञापन
उसे दिल्ली से बहादुरगढ़ के लिए सवारी मिली है। उसे छोड़कर वह घर पहुंच जाएगा, लेकिन काफी देर बाद तक वह घर नहीं पहुंचा। परिजनों ने उसके मोबाइल पर कॉल की तो वह बंद मिला। मंगलवार सुबह जब कसार गांव और एसएचआईआईडीसी परिसर में काम करने वाले लोग यहां से निकलने लगे तो उन्होंने एक कार सड़क पर खड़ी मिली। साथ में कार के नजदीक ही खाई में युवक का खून से लथपथ शव पड़ा था।
कार के नंबर के आधार पर युवक के परिजनों का पता चल पाया, जिसके बाद मृतक की शिनाख्त डाबोदा निवासी परमजीत के रूप में हुई। उसका पिता, भाई के अलावा गांव के काफी लोग और परिचित मौके पर पहुंचे।
डीएसपी धीरज कुमार, थाना सदर एसएचओ रणधीर सिंह, सिटी थाने से पुलिस अधिकारी भी घटनास्थल पर पहुंचे। उन्होंने मृतक के परिजनों से परमजीत के काम को लेकर और कुछ अन्य जानकारी जुटाई। एफएसएल टीम ने भी मौके से कुछ साक्ष्य जुटाए।
घटनास्थल के पास एक डंडा भी पुलिस को मिला है। अनुमान लगाया जा रहा है कि इसी डंडे से ही परमजीत के सिर में चोट मारी गई है। उधर, परमजीत के मर्डर की सूचना पाकर जिला परिषद के पूर्व चेयरमैन सतीश छिकारा भी अस्पताल पहुंचे और परिवार के सदस्यों से बातचीत कर उन्हें दिलासा दी।
गाड़ी की स्थिति को लेकर जुटा रहे जानकारी
परमजीत की हत्या के पीछे क्या वजह रही है, इसको लेकर अभी कुछ स्पष्ट नहीं हो पाया है। पुलिस अधिकारी ओला कैब कंपनी से कुछ जानकारियां जुटा रहे हैं कि किस व्यक्ति ने कब और कितने समय पर कहां से गाड़ी को बुक किया था। गाड़ी कहां-कहां गई और कितने बजे यह घटनास्थल पर खड़ी हुई।
दो बच्चों का था पिता
अस्पताल में शवगृह के बाहर खड़े कुछ ग्रामीणों ने बताया कि परमजीत का व्यवहार काफी मिलनसार था। उसकी किसी से कोई रंजिश भी नहीं थी। वह एक बेटी और एक बेटे का पिता था और तीन भाइयों में मंझला था। उसके पिता हरियाणा पुलिस से ही सेवानिवृत्त हैं। लगभग तीन माह पहले ही उसने ओला कैब से अपनी कार को जोड़ा था।
खंगालेंगे सीसीटीवी कैमरे
वारदात को सुलझाने के लिए पुलिस साइबर सेल की मदद भी लेगी। इसके अलावा टीकरी बॉर्डर से घटनास्थल तक के क्षेत्र की मुख्य जगहों पर लगे सीसीटीवी कैमरों को खंगालने की पुलिस ने तैयारी कर ली है। किसी फैक्टरी के आगे या फिर किसी ओर जगह लगे सीसीटीवी में गाड़ी की स्थिति देखी जाएगी कि उसमें कितने व्यक्ति सवार थे, इसको लेकर फुटेज जांचने का पुलिस का प्रयास है।