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ढाणा के अजय जाखड़ ने लेफ्टिनेंट बनकर पिता का सपना किया साकार
Updated Wed, 12 Sep 2018 01:40 AM IST
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अमर उजाला ब्यूरो
झज्जर। आर्मी में भर्ती होना यहां के युवाओं के खून में है। आर्मी में यदि अफसर बनना हो तो भी यहां के बेटे सदैव आगे रहते हैं। आठ सितंबर को आर्मी के अफसरों की पास आउट परेड हुई तो यहां के मातनहेल के गांव ढाणा के अजय जाखड़ ने लेफ्टिनेंट बनकर अपने पिता के सपने को साकार किया। सेना में पूर्व नायब सूबेदार आनरेरी राजपाल की दिली इच्छा थी कि उनका बेटा उनसे ऊंचे पद पर सेना में जाए और नाम रोशन करे। पिता के इस ख्वाब के लिए बेटे अजय जाखड़ ने कोई कसर बाकी नहीं छोड़ी और सफलता का परचम लहराकर परिवार का नाम रोशन किया। चेन्नई में हुई पासिंग आउट परेड में जब अजय के कंधों पर स्टार लगे तो वहां मौजूद उसके परिवार का सीना चौड़ा हो गया। पिता राजपाल, माता सावित्री, बहन निशा और अजय के मामा कृष्ण कुमार सहित अन्य ने जोश के साथ स्वागत किया।
उल्लेखनीय है कि 17 जाट बटालियन मास्को योद्धा से आनरेनी नायब सूबेदार राजपाल जो वर्तमान में अब झज्जर के राजकीय वरिष्ठ माध्यमिक विद्यालय में सिक्योरिटी के शिक्षक हैं। वे बताते हैं कि अजय आरंभ से ही शिक्षा के क्षेत्र में होनहार रहा है। वह बचपन में ही आर्मी में अफसर बनने की जिज्ञासा रखता था। पिता कहते हैं कि उनकी भी इच्छा थी कि बेटा आर्मी में अफसर बने। पिता बताते कि कि अजय की बहन निशा का इस काम में विशेष योगदान इसलिए है चूंकि वह निरंतर अपने भाई को प्रेरित करती थी। स्वयं निशा बाड़मेर में आयॅल एंड गैस कंपनी में बतौर इंजीनियर कार्यरत है। अजय ने अपनी दस जमा दो की पढ़ाई आरईडी स्कूल छुछकवास से पूरी की जबकि दिल्ली विश्वविद्यालय से स्नातक की डिग्री प्राप्त की। इसके बाद आईएएस, सीडीएस, एसएसबी की तैयारी की। इसी दौरान 2017 में एसएसबी की परीक्षा अच्छे अंकों से पास की, जिसकी बदौलत अजय जाखड़ का चयन आर्मी में लेफ्टिनेंट के तौर पर हुआ। अब पास आउट के बाद गांव में व परिवार में प्रसन्नता का माहौल है। इधर राजकीय वरिष्ठ माध्यमिक विद्यालय के समस्त स्टॉफ ने भी राजपाल को उनके बेटे की सफलता पर बधाई दी है।
झज्जर। आर्मी में भर्ती होना यहां के युवाओं के खून में है। आर्मी में यदि अफसर बनना हो तो भी यहां के बेटे सदैव आगे रहते हैं। आठ सितंबर को आर्मी के अफसरों की पास आउट परेड हुई तो यहां के मातनहेल के गांव ढाणा के अजय जाखड़ ने लेफ्टिनेंट बनकर अपने पिता के सपने को साकार किया। सेना में पूर्व नायब सूबेदार आनरेरी राजपाल की दिली इच्छा थी कि उनका बेटा उनसे ऊंचे पद पर सेना में जाए और नाम रोशन करे। पिता के इस ख्वाब के लिए बेटे अजय जाखड़ ने कोई कसर बाकी नहीं छोड़ी और सफलता का परचम लहराकर परिवार का नाम रोशन किया। चेन्नई में हुई पासिंग आउट परेड में जब अजय के कंधों पर स्टार लगे तो वहां मौजूद उसके परिवार का सीना चौड़ा हो गया। पिता राजपाल, माता सावित्री, बहन निशा और अजय के मामा कृष्ण कुमार सहित अन्य ने जोश के साथ स्वागत किया।
उल्लेखनीय है कि 17 जाट बटालियन मास्को योद्धा से आनरेनी नायब सूबेदार राजपाल जो वर्तमान में अब झज्जर के राजकीय वरिष्ठ माध्यमिक विद्यालय में सिक्योरिटी के शिक्षक हैं। वे बताते हैं कि अजय आरंभ से ही शिक्षा के क्षेत्र में होनहार रहा है। वह बचपन में ही आर्मी में अफसर बनने की जिज्ञासा रखता था। पिता कहते हैं कि उनकी भी इच्छा थी कि बेटा आर्मी में अफसर बने। पिता बताते कि कि अजय की बहन निशा का इस काम में विशेष योगदान इसलिए है चूंकि वह निरंतर अपने भाई को प्रेरित करती थी। स्वयं निशा बाड़मेर में आयॅल एंड गैस कंपनी में बतौर इंजीनियर कार्यरत है। अजय ने अपनी दस जमा दो की पढ़ाई आरईडी स्कूल छुछकवास से पूरी की जबकि दिल्ली विश्वविद्यालय से स्नातक की डिग्री प्राप्त की। इसके बाद आईएएस, सीडीएस, एसएसबी की तैयारी की। इसी दौरान 2017 में एसएसबी की परीक्षा अच्छे अंकों से पास की, जिसकी बदौलत अजय जाखड़ का चयन आर्मी में लेफ्टिनेंट के तौर पर हुआ। अब पास आउट के बाद गांव में व परिवार में प्रसन्नता का माहौल है। इधर राजकीय वरिष्ठ माध्यमिक विद्यालय के समस्त स्टॉफ ने भी राजपाल को उनके बेटे की सफलता पर बधाई दी है।
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