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बाजरे की खरीद के लिए लगा रहा नेताओं का जमघट
Updated Sun, 22 Oct 2017 12:07 AM IST
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अमर उजाला ब्यूरो
झज्जर।
राज्य सरकार से किसानों का बाजरा समर्थन मूल्य में खरीदने की मांग को लेकर झज्जर की अनाज मंडी में शनिवार को नेताओं का जमघट लगा रहा। व्यापारियों व किसानों के धरने में विधानसभा में प्रतिपक्ष के नेता अभय चौटाला पहुंचे, तो व्यापार मंडल के प्रांतीय अध्यक्ष व अखिल भारतीय व्यापार मंडल के राष्ट्रीय महासचिव बजरंग दास गर्ग समर्थन देने पहुंचे। दोनों नेताओं ने कहा कि किसानों व व्यापारियों की ये समस्या शीघ्र दूर नहीं हुई तो सड़कों पर उतरेंगे।
बाजरा नहीं खरीदा तो उतरेंगे सड़कों पर : गर्ग
धरने में शामिल लोगों को संबोधित करते हुए व्यापारी नेता बजरंग दास गर्ग ने कहा कि बाजरा कोई आढ़ती की दुकान में पैदा नहीं होता। देश का किसान अनाज को दिन-रात मेहनत करके पैदा करता है, मगर अफसोस की बात है कि किसान को बाजरा बेचने के लिए भी आंदोलन करना पड़ रहा है। काफी किसानों का बाजरा मंडी के अलावा घरों में पड़ा है। मगर सरकारी खरीद एजेंसी द्वारा बाजरा खरीदने से मना करना किसान के साथ ज्यादती करने वाली बात हैं। सरकारी खरीद नहीं होगी तो आढ़ती किसानों को बाजरे की फसल का भुगतान कैसे कर पाएगा। उन्होंने कहा कि केंद्र सरकार किसी भी अनाज का समर्थन मूल्य तय करती है तो राज्य सरकार को किसान की फसल का एक-एक दाना खरीदना चाहिए। अब अगर सरकार ने बाजरे की खरीद नहीं की तो प्रदेश के आढ़ती व किसान सड़कों पर उतर आएंगे। गर्ग ने आम उपयोग की वस्तुओं पर 28 फीसदी जीएसटी लगाने की निंदा की। व्यापार मंडल के प्रांतीय उप प्रधान सतीश छिक्कारा, अनाज मंडी प्रधान नरेंद्र धनखड़, झज्जर शहर प्रधान सोहन सिंह गुज्जर, बेरी प्रधान नरेंद्र कादियान, बहादुरगढ़ के वकील रामफूल, राज सिंह दलाल, नरेंद्र शर्मा, बहादुरगढ़ प्रधान ईश्वर गोयल, पूर्व प्रधान हरेंद्र सिलाना व चरण सिंह दलाल आदि व्यापारी नेताओं ने भी सभा में अपने विचार व्यक्त किए।
- फोटो 1 : किसानों व व्यापारियों के धरने पर बैठे व्यापार मंडल के प्रांतीय अध्यक्ष बजरंग दास।
नहीं चलने देेंगे विस का सत्र : अभय चौटाला
इनेलो नेता और विधानसभा में प्रतिपक्ष के नेता अभय सिंह चौटाला ने किसानों व आढ़तियों के धरने को समर्थन देते हुए कहा कि मंत्री के आश्वासन के बाद भी किसानों के बाजरे की खरीद न करना दुर्भाग्यपूर्ण व चिंताजनक है। इसलिए किसानों का बाजरा न खरीदने व जनहित के मुद्दों पर 23 अक्तूबर से शुरूहो रहे विधानसभा सत्र को नहीं चलने दिया जाएगा। अगर उन्हें बाहर निकाला गया तो विधानसभा के बाहर ही सत्र चलाया जाएगा। फिर किसी को विधानसभा में घुसने नहीं दिया जाएगा। सरकार को किसान, गरीब व व्यापारी विरोधी बताते हुए कहा कि वर्तमान सरकार से हर वर्ग दुखी है और मुक्ति चाहता है। दादू-नलवी नहर का निर्माण के निर्माण के लिए 167 करोड़ रुपये मंजूर करते हुए चौ. ओमप्रकाश चौटाला ने मुख्यमंत्री रहते नींव रखी थी। अब सरकार किसानों की जमीन वापस लौटाकर ब्याज सहित राशि की मांग रही है। जिसे अब किसान कहां से और कैसे दे पाएगा। इस मौके पर जिला अध्यक्ष कर्मवीर राठी, रोहतक के अध्यक्ष सतीश नांदल, बलवान सुहाग, संजय कबलाना, हरेंद्र सिलाना, बबीता पूनिया, ओम पहलवान, जीतराम खन्ना, रतिलाल अरोड़ा आदि उपस्थित रहे।
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25 नवंबर को दिल्ली करेंगे कूच
चौटाला ने कहा कि एसवाईएल हरियाणा की जीवन रेखा है और एसवाईएल के निर्माण के लिए इनेलो 25 नवंबर को दिल्ली कूच करेगा। दिल्ली कूच से पूर्व 10 नवंबर से उन गांवों में सपर्क अभियान चलाया जाएगा, जहां एसवाईएल का पानी आता है।
झज्जर मंडी में ये हुई आवक
जिले में बाजरे का रकबा : 40200 हेक्टेयर
एक एकड़ में उपज : आठ क्विंटल
जिले में लगभग उत्पादन : आठ लाख क्विंटल
जिले में अब तक कुल खरीद : 7612 मीट्रिक टन (यानी 76 हजार 120 क्विंटल)
झज्जर मंडी में बिक्री की इंतजार में पड़ा है : 60 हजार क्विंटल
हैफेड का पूरे प्रदेश में खरीद का लक्ष्य था : 10 हजार मीट्रिक टन
क्या कहते हैं आढ़ती
किसानों का बाजरा समर्थन मूल्य में खरीदने के प्रति सरकार पूरी तरह उदासीन है। हैफेड ने प्रदेश में हुए कुल उत्पादन का 10वां हिस्सा ही खरीदने की लक्ष्य रखा। सरकार के रवैये से किसान और व्यापारी किसी का भी भला नहीं हो रहा।
- धर्मेंद्र सिलाना, आढ़ती झज्जर अनाज मंडी।
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झज्जर।
राज्य सरकार से किसानों का बाजरा समर्थन मूल्य में खरीदने की मांग को लेकर झज्जर की अनाज मंडी में शनिवार को नेताओं का जमघट लगा रहा। व्यापारियों व किसानों के धरने में विधानसभा में प्रतिपक्ष के नेता अभय चौटाला पहुंचे, तो व्यापार मंडल के प्रांतीय अध्यक्ष व अखिल भारतीय व्यापार मंडल के राष्ट्रीय महासचिव बजरंग दास गर्ग समर्थन देने पहुंचे। दोनों नेताओं ने कहा कि किसानों व व्यापारियों की ये समस्या शीघ्र दूर नहीं हुई तो सड़कों पर उतरेंगे।
बाजरा नहीं खरीदा तो उतरेंगे सड़कों पर : गर्ग
धरने में शामिल लोगों को संबोधित करते हुए व्यापारी नेता बजरंग दास गर्ग ने कहा कि बाजरा कोई आढ़ती की दुकान में पैदा नहीं होता। देश का किसान अनाज को दिन-रात मेहनत करके पैदा करता है, मगर अफसोस की बात है कि किसान को बाजरा बेचने के लिए भी आंदोलन करना पड़ रहा है। काफी किसानों का बाजरा मंडी के अलावा घरों में पड़ा है। मगर सरकारी खरीद एजेंसी द्वारा बाजरा खरीदने से मना करना किसान के साथ ज्यादती करने वाली बात हैं। सरकारी खरीद नहीं होगी तो आढ़ती किसानों को बाजरे की फसल का भुगतान कैसे कर पाएगा। उन्होंने कहा कि केंद्र सरकार किसी भी अनाज का समर्थन मूल्य तय करती है तो राज्य सरकार को किसान की फसल का एक-एक दाना खरीदना चाहिए। अब अगर सरकार ने बाजरे की खरीद नहीं की तो प्रदेश के आढ़ती व किसान सड़कों पर उतर आएंगे। गर्ग ने आम उपयोग की वस्तुओं पर 28 फीसदी जीएसटी लगाने की निंदा की। व्यापार मंडल के प्रांतीय उप प्रधान सतीश छिक्कारा, अनाज मंडी प्रधान नरेंद्र धनखड़, झज्जर शहर प्रधान सोहन सिंह गुज्जर, बेरी प्रधान नरेंद्र कादियान, बहादुरगढ़ के वकील रामफूल, राज सिंह दलाल, नरेंद्र शर्मा, बहादुरगढ़ प्रधान ईश्वर गोयल, पूर्व प्रधान हरेंद्र सिलाना व चरण सिंह दलाल आदि व्यापारी नेताओं ने भी सभा में अपने विचार व्यक्त किए।
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- फोटो 1 : किसानों व व्यापारियों के धरने पर बैठे व्यापार मंडल के प्रांतीय अध्यक्ष बजरंग दास।
नहीं चलने देेंगे विस का सत्र : अभय चौटाला
इनेलो नेता और विधानसभा में प्रतिपक्ष के नेता अभय सिंह चौटाला ने किसानों व आढ़तियों के धरने को समर्थन देते हुए कहा कि मंत्री के आश्वासन के बाद भी किसानों के बाजरे की खरीद न करना दुर्भाग्यपूर्ण व चिंताजनक है। इसलिए किसानों का बाजरा न खरीदने व जनहित के मुद्दों पर 23 अक्तूबर से शुरूहो रहे विधानसभा सत्र को नहीं चलने दिया जाएगा। अगर उन्हें बाहर निकाला गया तो विधानसभा के बाहर ही सत्र चलाया जाएगा। फिर किसी को विधानसभा में घुसने नहीं दिया जाएगा। सरकार को किसान, गरीब व व्यापारी विरोधी बताते हुए कहा कि वर्तमान सरकार से हर वर्ग दुखी है और मुक्ति चाहता है। दादू-नलवी नहर का निर्माण के निर्माण के लिए 167 करोड़ रुपये मंजूर करते हुए चौ. ओमप्रकाश चौटाला ने मुख्यमंत्री रहते नींव रखी थी। अब सरकार किसानों की जमीन वापस लौटाकर ब्याज सहित राशि की मांग रही है। जिसे अब किसान कहां से और कैसे दे पाएगा। इस मौके पर जिला अध्यक्ष कर्मवीर राठी, रोहतक के अध्यक्ष सतीश नांदल, बलवान सुहाग, संजय कबलाना, हरेंद्र सिलाना, बबीता पूनिया, ओम पहलवान, जीतराम खन्ना, रतिलाल अरोड़ा आदि उपस्थित रहे।
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25 नवंबर को दिल्ली करेंगे कूच
चौटाला ने कहा कि एसवाईएल हरियाणा की जीवन रेखा है और एसवाईएल के निर्माण के लिए इनेलो 25 नवंबर को दिल्ली कूच करेगा। दिल्ली कूच से पूर्व 10 नवंबर से उन गांवों में सपर्क अभियान चलाया जाएगा, जहां एसवाईएल का पानी आता है।
झज्जर मंडी में ये हुई आवक
जिले में बाजरे का रकबा : 40200 हेक्टेयर
एक एकड़ में उपज : आठ क्विंटल
जिले में लगभग उत्पादन : आठ लाख क्विंटल
जिले में अब तक कुल खरीद : 7612 मीट्रिक टन (यानी 76 हजार 120 क्विंटल)
झज्जर मंडी में बिक्री की इंतजार में पड़ा है : 60 हजार क्विंटल
हैफेड का पूरे प्रदेश में खरीद का लक्ष्य था : 10 हजार मीट्रिक टन
क्या कहते हैं आढ़ती
किसानों का बाजरा समर्थन मूल्य में खरीदने के प्रति सरकार पूरी तरह उदासीन है। हैफेड ने प्रदेश में हुए कुल उत्पादन का 10वां हिस्सा ही खरीदने की लक्ष्य रखा। सरकार के रवैये से किसान और व्यापारी किसी का भी भला नहीं हो रहा।
- धर्मेंद्र सिलाना, आढ़ती झज्जर अनाज मंडी।