{"_id":"61673ac42f0c22305f0b7d1f","slug":"1900-quintal-millet-reached-in-13-days-jhjhar-news-rtk6268833124","type":"story","status":"publish","title_hn":"13 दिन में पहुंचा 1900 क्विंटल बाजरा","category":{"title":"City & states","title_hn":"शहर और राज्य","slug":"city-and-states"}}
13 दिन में पहुंचा 1900 क्विंटल बाजरा
विज्ञापन
खबरें लगातार पढ़ने के लिए अमर उजाला एप डाउनलोड करें
या
वेबसाइट पर पढ़ना जारी रखने के लिए वीडियो विज्ञापन देखें
अगर आपके पास प्रीमियम मेंबरशिप है तो
सरकारी पोर्टल बंद, प्राइवेट खरीद जारी
13 दिन में पहुंचा 1900 क्विंटल बाजरा, आढ़तियों ने खरीदा
फोटो : 13
- बुधवार को अनाज मंडी में दिखाई दी रौनक
संवाद न्यूज एजेंसी
झज्जर। अनाज मंडी में बुधवार को तेरह दिनों बाद रौनक दिखाई दी है। वहीं किसानों को उम्मीद लगी हुई है कि सरकारी खरीद की जाएगी, उसी समय बाजरे को बेचेंगे लेकिन ई-खरीद पोर्टल तेरह दिनों से बंद पड़ा है। किसान अब तक अनाज मंडी में करीब 1900 क्विंटल बाजरा लेकर पहुंचे हैं। आढ़तियों की ओर से अब तक मंडी में पहुंचा बाजरा खरीदा जा चुका है। किसान सरसों व गेंहू की बुआई में आने वाले खर्चे की भरपाई के लिए काफी कम मात्रा में बाजरे को बेच रहे हैं। किसानों का कहना है कि सरकारी भाव 2250 प्रति क्विंटल के हिसाब से खरीद होने पर ही बाजरे को बेचने के लिए आएंगे। मंडी में आने वाले बाजरे में नमी होने के कारण आढ़तियों की ओर से किसान को बाजरा सूखाकर लाने की सलाह दी जा रही है।
मंडी प्रबंधन की ओर से सभी इंतजाम पूरे किए जा चुके हैं। 13 दिनों बहुत ही कम आवक बाजरे की हुई है। बीते तेरह दिनों में बुधवार तक कुल 66 गेट पास किसानों के काटे गए हैं। आढ़तियों की ओर से 1100 से 1350 प्रति क्विंटल बाजरे का भाव ही दिया जा रहा है। किसानों ओर आढ़तियों में बाजरा फसल को लेकर काफी मायूसी है। सरकार की तरफ से बाजरे की खरीद शुरू ने करने के कारण किसानों में काफी रोष है।
- वर्जन
अनाज मंडी में बाजरे की प्राईवेट खरीद चल रही है। मंडी प्रबंधन की ओर से सभी सुविधाएं किसानों व आढ़तियों को मुहैया करवा रखी हैं। अभी तक 66 के करीब गेट पास विभाग की ओर से काटे गए है।
विज्ञापन
- अमरजीत सिंह, सुपरवाइजर, मार्केट कमेटी, झज्जर।
विज्ञापन
13 दिन में पहुंचा 1900 क्विंटल बाजरा, आढ़तियों ने खरीदा
फोटो : 13
- बुधवार को अनाज मंडी में दिखाई दी रौनक
संवाद न्यूज एजेंसी
झज्जर। अनाज मंडी में बुधवार को तेरह दिनों बाद रौनक दिखाई दी है। वहीं किसानों को उम्मीद लगी हुई है कि सरकारी खरीद की जाएगी, उसी समय बाजरे को बेचेंगे लेकिन ई-खरीद पोर्टल तेरह दिनों से बंद पड़ा है। किसान अब तक अनाज मंडी में करीब 1900 क्विंटल बाजरा लेकर पहुंचे हैं। आढ़तियों की ओर से अब तक मंडी में पहुंचा बाजरा खरीदा जा चुका है। किसान सरसों व गेंहू की बुआई में आने वाले खर्चे की भरपाई के लिए काफी कम मात्रा में बाजरे को बेच रहे हैं। किसानों का कहना है कि सरकारी भाव 2250 प्रति क्विंटल के हिसाब से खरीद होने पर ही बाजरे को बेचने के लिए आएंगे। मंडी में आने वाले बाजरे में नमी होने के कारण आढ़तियों की ओर से किसान को बाजरा सूखाकर लाने की सलाह दी जा रही है।
मंडी प्रबंधन की ओर से सभी इंतजाम पूरे किए जा चुके हैं। 13 दिनों बहुत ही कम आवक बाजरे की हुई है। बीते तेरह दिनों में बुधवार तक कुल 66 गेट पास किसानों के काटे गए हैं। आढ़तियों की ओर से 1100 से 1350 प्रति क्विंटल बाजरे का भाव ही दिया जा रहा है। किसानों ओर आढ़तियों में बाजरा फसल को लेकर काफी मायूसी है। सरकार की तरफ से बाजरे की खरीद शुरू ने करने के कारण किसानों में काफी रोष है।
विज्ञापन
- वर्जन
अनाज मंडी में बाजरे की प्राईवेट खरीद चल रही है। मंडी प्रबंधन की ओर से सभी सुविधाएं किसानों व आढ़तियों को मुहैया करवा रखी हैं। अभी तक 66 के करीब गेट पास विभाग की ओर से काटे गए है।
विज्ञापन
- अमरजीत सिंह, सुपरवाइजर, मार्केट कमेटी, झज्जर।