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अनाजमंडी में किसान संगठनों की महापंचयत आज
Updated Thu, 03 Aug 2017 01:10 AM IST
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अनाज मंडी में किसान संगठनों की महापंचायत आज
अमर उजाला ब्यूरो
बाढड़ा। किसान संगठनों के आह्वान पर वीरवार को अनाजमंडी में आयोजित होने वाली किसान महापंचायत के लिए किसान नेताओं ने तैयारियां पूरी कर ली है। किसान नेता कमल सिंह मांढ़ी, विद्यानंद हंसावास, मीरसिंह जेवली, सुमेर सिंह आदि ने किसान महापंचायत के लिए भांडवा, खोरड़ा, आर्यनगर, कारी आदि गांवों में जनसंपर्क अभियान चलाया। मांढ़ी और मीरसिंह ने कहा कि भाजपा नेताओं ने चुनावों से पहले डॉ. स्वामीनाथन आयोग की रिपोर्ट लागू करने का वायदा किया था लेकिन सत्तारूढ़ होते ही वायदे से मुकर गई। भाजपा सरकार की किसान विरोधी नीतियों के कारण किसानों की हालत दयनीय होती जा रही है तथा पूरे देश का पेट भरने वाला किसान स्वयं भूखमरी के कगार पर पहुंच गया है। लेकिन भाजपा सरकार किसानों की बजाय औद्योगिक घरानों को फायदा पहुंचाने में लगी हुई है। सरकार की किसान विरोधी नीतियों के खिलाफ किसानों में रोष व्याप्त है तथा महापंचायत में काफी संख्या में किसान भाग लेंगे। उन्होंने किसानों से आह्वान किया कि तीन अगस्त को अनाज मंडी में होने वाली किसान महापंचायत में ज्यादा से ज्यादा संख्या में किसान भाग लें।
फोटो 35 किसान संगठनों के पदाधिकारी जनसंपर्क अभियान के दौरान ग्रामीणें के साथ।
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अमर उजाला ब्यूरो
बाढड़ा। किसान संगठनों के आह्वान पर वीरवार को अनाजमंडी में आयोजित होने वाली किसान महापंचायत के लिए किसान नेताओं ने तैयारियां पूरी कर ली है। किसान नेता कमल सिंह मांढ़ी, विद्यानंद हंसावास, मीरसिंह जेवली, सुमेर सिंह आदि ने किसान महापंचायत के लिए भांडवा, खोरड़ा, आर्यनगर, कारी आदि गांवों में जनसंपर्क अभियान चलाया। मांढ़ी और मीरसिंह ने कहा कि भाजपा नेताओं ने चुनावों से पहले डॉ. स्वामीनाथन आयोग की रिपोर्ट लागू करने का वायदा किया था लेकिन सत्तारूढ़ होते ही वायदे से मुकर गई। भाजपा सरकार की किसान विरोधी नीतियों के कारण किसानों की हालत दयनीय होती जा रही है तथा पूरे देश का पेट भरने वाला किसान स्वयं भूखमरी के कगार पर पहुंच गया है। लेकिन भाजपा सरकार किसानों की बजाय औद्योगिक घरानों को फायदा पहुंचाने में लगी हुई है। सरकार की किसान विरोधी नीतियों के खिलाफ किसानों में रोष व्याप्त है तथा महापंचायत में काफी संख्या में किसान भाग लेंगे। उन्होंने किसानों से आह्वान किया कि तीन अगस्त को अनाज मंडी में होने वाली किसान महापंचायत में ज्यादा से ज्यादा संख्या में किसान भाग लें।
फोटो 35 किसान संगठनों के पदाधिकारी जनसंपर्क अभियान के दौरान ग्रामीणें के साथ।