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Haryana: इस साल अगस्त में हुई सबसे ज्यादा बारिश, टूटा 13 साल का रिकॉर्ड
Sat, 30 Aug 2025 10:15 PM IST
शाहिल शर्मा
अमर उजाला ब्यूरो चंडीगढ़
अमर उजाला ब्यूरो चंडीगढ़
Published by: शाहिल शर्मा
Updated Sat, 30 Aug 2025 10:15 PM IST
सार
अगस्त माह में हुई बारिश ने इस साल हरियाणा में 13 साल का रिकॉर्ड तोड़ दिया है। हालांकि अभी भी मौसम विभाग ने तीन सितंबर तक राज्य में बारिश को लेकर येलो अलर्ट जारी किया है।
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बारिश ने तोड़ा रिकॉर्ड
- फोटो : अमर उजाला
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विस्तार
(आशीष वर्मा, चंडीगढ़) हरियाणा में 13 साल बाद इस बार अगस्त के महीने में सबसे ज्यादा बारिश दर्ज की गई है। 30 अगस्त तक पूरे हरियाणा में 188 मिलीमीटर बारिश दर्ज की गई है जो सामान्य से 30 फीसदी ज्यादा है। इससे पहले 2012 में 195.2 मिलीमीटर बारिश रिकॉर्ड हुई थी। हालांकि अगस्त का एक दिन अभी और बचा है। मौसम विभाग ने 31 अगस्त को भी एक दो स्थानों में भारी बारिश की संभावना जताई है। इस बार पूरे मानसून सीजन में अभी तक 438 मिलीमीटर बारिश दर्ज की जा चुकी है जो सामान्य से 24 फीसदी अधिक है।
प्रदेश में पिछले साल भी अगस्त महीने में 186.6 एमएम बारिश रिकॉर्ड हुई थी। इससे पहले तीन साल में अगस्त में 100 मिलीमीटर से भी कम बारिश दर्ज की जा रही थी। कम बारिश से अगस्त में लोगों को गर्मी से जूझना पड़ता था। मगर इस बार ऐसा नहीं हुआ। प्रदेश में लगभग हर दिन बारिश दर्ज की गई है। इस बार अगस्त में अधिकतम तापमान 36 डिग्री से ज्यादा दर्ज नहीं किया गया। बीते 24 घंटे में हिसार में 20.7 एमएम, करनाल में 13.2 एमएम, नारनौल में 65.5 एमएम, पानीपत में 16.5 एमएम बारिश दर्ज की गई है। मौसम विभाग ने आगे भी बारिश का अनुमान जताया है। तीन सितंबर तक राज्य में येलो अलर्ट जारी किया है। मानसून की विदाई सितंबर के तीसरे सप्ताह में हो सकती है। सितंबर में मानसून कैसा रहेगा इस बारे में एक-दो दिन में मौसम विभाग की ओर से पूर्वानुमान जारी हो जाएगा।
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प्रदेश में पिछले साल भी अगस्त महीने में 186.6 एमएम बारिश रिकॉर्ड हुई थी। इससे पहले तीन साल में अगस्त में 100 मिलीमीटर से भी कम बारिश दर्ज की जा रही थी। कम बारिश से अगस्त में लोगों को गर्मी से जूझना पड़ता था। मगर इस बार ऐसा नहीं हुआ। प्रदेश में लगभग हर दिन बारिश दर्ज की गई है। इस बार अगस्त में अधिकतम तापमान 36 डिग्री से ज्यादा दर्ज नहीं किया गया। बीते 24 घंटे में हिसार में 20.7 एमएम, करनाल में 13.2 एमएम, नारनौल में 65.5 एमएम, पानीपत में 16.5 एमएम बारिश दर्ज की गई है। मौसम विभाग ने आगे भी बारिश का अनुमान जताया है। तीन सितंबर तक राज्य में येलो अलर्ट जारी किया है। मानसून की विदाई सितंबर के तीसरे सप्ताह में हो सकती है। सितंबर में मानसून कैसा रहेगा इस बारे में एक-दो दिन में मौसम विभाग की ओर से पूर्वानुमान जारी हो जाएगा।
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अब बारिश हुई तो फसलों को होगा नुकसान
भारतीय कृषि अनुसंधान संस्थान के पूर्व प्रधान वैज्ञानिक डॉ. वीरेंद्र सिंह लाठर ने बताया कि इस सीजन में कपास, बाजरा, ज्वार और धान की फसलों पर फूल आ चुके हैं। यदि 30 अगस्त के बाद अधिक मात्रा में बारिश हुई तो फसलों को नुकसान उठाना पड़ सकता है। इस सीजन में जो फसलें बोई जाती हैं, उन्हें 30 अगस्त के बाद पानी की जरूरत नहीं होती। अगस्त में हुई ज्यादा बारिश से डेंगू-मलेरिया बढ़ने की संभावना बढ़ सकती है। ऐसे में लोगों को ज्यादा एहतियात बरतने की जरूरत होगी।
अगस्त में हुई बारिश
साल बारिश (एमएम)
2025 187.8
2024 186.6
2023 58.9
2022 70.2
2021 82
2020 138
2019 103
2018 102
2016 142.6
2015 84.4
2012 195.2