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पीटीआई भर्ती परीक्षा में नकल मामला, खुलासा- पूरा गिरोह कर रहा था काम, बरामद हुई आंसर-की
Tue, 25 Aug 2020 01:18 PM IST
रोहतक ब्यूरो
अमर उजाला, हिसार
अमर उजाला, हिसार
Published by: रोहतक ब्यूरो
Updated Tue, 25 Aug 2020 01:18 PM IST
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प्रतीकात्मक तस्वीर
हरियाणा कर्मचारी चयन आयोग द्वारा रविवार को शारीरिक शिक्षकों (पीटीआई) के चयन के लिए आयोजित की गई परीक्षा में नकल करवाने का प्रयास हुआ था। खुलासा हुआ कि इसमें केवल कपिल, मंदीप और रोहताश का ही हाथ नहीं है, बल्कि इसके पीछे एक गिरोह सुनियोजित तरीके से काम कर रहा है।
एजेंटों ने अपना-अपना कमीशन लेकर कपिल, मंदीप या रोहतास तक अभ्यर्थियों को पहुंचाया गया। इनका संपर्क फोन के माध्यम से ही रहा। पुलिस ने अब तक 10 आरोपियों को गिरफ्तार किया है, जिनमें पांच आरोपी ब्राह्मण धर्मशाला से पकड़े गए हैं, जो नकल की पर्ची तैयार कर रहे थे। एक आरोपी सुनीता से सॉल्व आंसर की भी बरामद की गई है। सोमवार को डीएसपी हेडक्वार्टर अशोक कुमार ने इस बात की जानकारी दी।
चेकिंग स्टाफ की बड़ी चूक
डीएसपी ने बताया कि ब्राह्मण धर्मशाला में बैठे आरोपियों को मिलने के लिए मंदीप एक बार परीक्षा के दौरान केंद्र से बाहर गया था। इसके बाद जब वह केंद्र में लौटा तो उसकी गेट पर चेकिंग नहीं की गई, क्योंकि उसने उस दौरान अपना परिचय जैमर ऑपरेटर का दिया था। ऐसे में चेकिंग स्टाफ की बड़ी लापरवाही भी सामने आई है।
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एसएस बोर्ड पर थी पूरी जिम्मेदारी
डीएसपी ने बताया कि केंद्र में जितने भी विभाग के कर्मी ड्यूटी पर थे, उनके उच्चाधिकारियों के पास केवल उन्हीं के विभाग की जानकारी थी। सिर्फ एसएस बोर्ड के पास ही सभी विभागों के ड्यूटी पर तैनात कर्मियों की जानकारी थी और बोर्ड की ही इसमें पूरी जिम्मेदारी थी। डीएसपी अशोक कुमार ने कहा कि आरोपियों से अभी कुछ बरामद नहीं हुआ और ये भी खुलासा नहीं हुआ कि जिस राशि के तहत सौदा हुआ था, उसका भुगतान हुआ या नहीं। उन्होंने कहा कि इसका आरोपियों से रिमांड अवधि के दौरान पता लगाया जाएगा।
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एजेंटों ने अपना-अपना कमीशन लेकर कपिल, मंदीप या रोहतास तक अभ्यर्थियों को पहुंचाया गया। इनका संपर्क फोन के माध्यम से ही रहा। पुलिस ने अब तक 10 आरोपियों को गिरफ्तार किया है, जिनमें पांच आरोपी ब्राह्मण धर्मशाला से पकड़े गए हैं, जो नकल की पर्ची तैयार कर रहे थे। एक आरोपी सुनीता से सॉल्व आंसर की भी बरामद की गई है। सोमवार को डीएसपी हेडक्वार्टर अशोक कुमार ने इस बात की जानकारी दी।
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चेकिंग स्टाफ की बड़ी चूक
डीएसपी ने बताया कि ब्राह्मण धर्मशाला में बैठे आरोपियों को मिलने के लिए मंदीप एक बार परीक्षा के दौरान केंद्र से बाहर गया था। इसके बाद जब वह केंद्र में लौटा तो उसकी गेट पर चेकिंग नहीं की गई, क्योंकि उसने उस दौरान अपना परिचय जैमर ऑपरेटर का दिया था। ऐसे में चेकिंग स्टाफ की बड़ी लापरवाही भी सामने आई है।
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एसएस बोर्ड पर थी पूरी जिम्मेदारी
डीएसपी ने बताया कि केंद्र में जितने भी विभाग के कर्मी ड्यूटी पर थे, उनके उच्चाधिकारियों के पास केवल उन्हीं के विभाग की जानकारी थी। सिर्फ एसएस बोर्ड के पास ही सभी विभागों के ड्यूटी पर तैनात कर्मियों की जानकारी थी और बोर्ड की ही इसमें पूरी जिम्मेदारी थी। डीएसपी अशोक कुमार ने कहा कि आरोपियों से अभी कुछ बरामद नहीं हुआ और ये भी खुलासा नहीं हुआ कि जिस राशि के तहत सौदा हुआ था, उसका भुगतान हुआ या नहीं। उन्होंने कहा कि इसका आरोपियों से रिमांड अवधि के दौरान पता लगाया जाएगा।
कई जगह कोचिंग सेंटर
पुलिस ने बताया कि मंदीप के साथी कपिल और रोहतास का पंचकूला के अलावा दिल्ली में भी कोचिंग सेंटर है। मंदीप का कोचिंग सेंटर रायपुररानी में है। रोहतास व मंदीप आपस में रिश्तेदार भी हैं और बचपन से दोस्त बताए गए हैं।
इनके खिलाफ हुआ मामला दर्ज
पुलिस ने बास बड़छप्पर निवासी युद्धवीर, प्रवीण, नवीन, खांडाखेड़ी निवासी विक्रम, नारनौंद निवासी भूपेंद्र, फरमाना निवासी रविंद्र, जींद के सुदकैन कलां निवासी सुखबीर, खरक पूनिया निवासी अजय, दनौदा कलां निवासी मंदीप और पटेल नगर निवासी सुनीता के खिलाफ धारा 420, 467, 468 और 471 के तहत केस दर्ज किया है। सभी आरोपियों को सोमवार को अदालत में पेश किया गया, जहां से मंदीप को तीन दिन के रिमांड पर और बाकी आठ आरोपियों को एक-एक दिन के रिमांड पर लिया गया है। आरोपी सुनीता को न्यायिक हिरासत में भेज दिया गया है।
यह था मामला
हरियाणा कर्मचारी चयन आयोग की तरफ पीटीआई की भर्ती के लिए आयोजित परीक्षा के दौरान जहाजपुल स्थित राजकीय वरिष्ठ माध्यमिक विद्यालय से खांडाखेड़ी निवासी मंदीप को पटेल नगर निवासी सुनीता की मदद के लिए पर्ची देते पकड़ा था। इस संबंध में एचटीएम थाने में राजकीय वरिष्ठ माध्यमिक विद्यालय जहाजपुल के पर्यवेक्षक की शिकायत पर केस दर्ज किया गया था।
इनके खिलाफ हुआ मामला दर्ज
पुलिस ने बास बड़छप्पर निवासी युद्धवीर, प्रवीण, नवीन, खांडाखेड़ी निवासी विक्रम, नारनौंद निवासी भूपेंद्र, फरमाना निवासी रविंद्र, जींद के सुदकैन कलां निवासी सुखबीर, खरक पूनिया निवासी अजय, दनौदा कलां निवासी मंदीप और पटेल नगर निवासी सुनीता के खिलाफ धारा 420, 467, 468 और 471 के तहत केस दर्ज किया है। सभी आरोपियों को सोमवार को अदालत में पेश किया गया, जहां से मंदीप को तीन दिन के रिमांड पर और बाकी आठ आरोपियों को एक-एक दिन के रिमांड पर लिया गया है। आरोपी सुनीता को न्यायिक हिरासत में भेज दिया गया है।
यह था मामला
हरियाणा कर्मचारी चयन आयोग की तरफ पीटीआई की भर्ती के लिए आयोजित परीक्षा के दौरान जहाजपुल स्थित राजकीय वरिष्ठ माध्यमिक विद्यालय से खांडाखेड़ी निवासी मंदीप को पटेल नगर निवासी सुनीता की मदद के लिए पर्ची देते पकड़ा था। इस संबंध में एचटीएम थाने में राजकीय वरिष्ठ माध्यमिक विद्यालय जहाजपुल के पर्यवेक्षक की शिकायत पर केस दर्ज किया गया था।