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बाजरे की खरीद कल से शुरू, अभी तक तैयारियां अधूरी
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Procurement of millet will start from tomorrow between incomplete preparations
- फोटो : Hisar
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एक अक्तूबर से हिसार की अनाज मंडी के अलावा इस बार बालसमंद में भी बाजरे की खरीद शुरू होगी। मगर अभी तक दोनों ही जगहों पर तैयारियां अधूरी हैं। हिसार की नई अनाज मंडी में शेड के नीचे व्यापारियों ने अपना माल रखा हुआ है, जबकि बालसमंद में शेड की व्यवस्था तक नहीं है। ऐसे में दोनों जगहों पर किसानों के लिए परेशानी खड़ी हो सकती है।
उधर द हिसार को-ऑपरेटिव मार्केटिंग सोसायटी के मैनेजर संजीव कुमार का कहना है कि उनकी ओर से सभी तैयारियां पूरी कर ली गई हैं। किसानों को कोई भी परेशानी नहीं होने दी जाएगी। उनका कहना है कि अभी तक मूंग की खरीद को लेकर उनके पास कोई सूचना नहीं आई है। बाजरे के लिए जिले के 18350 किसान पंजीकरण करवा चुके हैं।
मंडी में ये हैं कमियां
बाजरे की खरीद एक अक्तूबर से शुरू हो जाएगी, लेकिन मंडी में शेडों के नीचे अपना बाजरा रखने को किसानों को शायद ही जगह मिल सके। इसका कारण यह है कि मंडी में बने शेडों में से ज्यादातर में अभी तक व्यापारियों का सामान ही रखा है। शेडों के नीचे व्यापारियों के ट्रक तक खड़े करते हैं। ऐसे में किसानों को शेड के नीचे अपना बाजरा रखने की जगह नहीं मिल पाएगी। इसके अलावा मंडी में पेयजल की व्यवस्था भी सुचारु नहीं है। मार्केट कमेटी की तरफ से किसानों की फसल को बारिश आदि से बचाने के लिए तिरपाल की व्यवस्था की जानी चाहिए, लेकिन हर बार किसानों की फसल भीगकर खराब होती है, लेकिन कमेटी की ओर से तिरपाल की सुविधा नहीं दी जाती।
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कोरोना से बचाव के इंतजाम नहीं
इसके अलावा मंडी में आने वाले किसानों के लिए और कोरोना के चलते सामाजिक दूरी, सैनिटाइजेशन, मास्क आदि नियमों का पालन कराने के इंतजाम भी दिखाई नहीं दे रहे हैं। गेहूं खरीद के समय मंडी गेट से ही कोरोना के नियमों का पालन कराया जा रहा था, जो इस बार दिखाई नहीं दे रहे हैं।
इन बातों का ध्यान रखें किसान
- मेरी फसल-मेरा ब्योरा पोर्टल पर पंजीकरण जरूरी।
- एक किसान 40 क्विंटल से ज्यादा नहीं बेच सकेगा बाजरा।
- 14 प्रतिशत नमी तक भी खरीदा जाएगा बाजरा।
मार्केट कमेटी को लिखा पत्र
दि हिसार को-ऑपरेटिव मार्केटिंग सोसायटी के मैनेजर संजीव कुमार का कहना है कि हिसार की अनाज मंडी में सभी तैयारी पूरी कर ली गई हैं, मगर बालसमंद में न तो शेड है और न ही वहां सफाई है। इसको लेकर उन्होंने मार्केट कमेटी को पत्र भी लिखा है कि वहां शेड की व्यवस्था करवाई जाए और जो भी कमियां हैं, उन्हें दुरुस्त करवाया जाए, ताकि किसानों को कोई परेशानी न हो।
सभी तैयारियां पूरी कर ली हैं
बाजरा खरीद के लिए मंडी में तैयारियां पूर की हुई हैं। बिजली-पानी की कोई दिक्कत नहीं है। शेड की भी कोई दिक्कत नहीं आने दी जाएगी।
-सुलतान सिंह, सचिव, मार्केट कमेटी, हिसार।
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उधर द हिसार को-ऑपरेटिव मार्केटिंग सोसायटी के मैनेजर संजीव कुमार का कहना है कि उनकी ओर से सभी तैयारियां पूरी कर ली गई हैं। किसानों को कोई भी परेशानी नहीं होने दी जाएगी। उनका कहना है कि अभी तक मूंग की खरीद को लेकर उनके पास कोई सूचना नहीं आई है। बाजरे के लिए जिले के 18350 किसान पंजीकरण करवा चुके हैं।
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मंडी में ये हैं कमियां
बाजरे की खरीद एक अक्तूबर से शुरू हो जाएगी, लेकिन मंडी में शेडों के नीचे अपना बाजरा रखने को किसानों को शायद ही जगह मिल सके। इसका कारण यह है कि मंडी में बने शेडों में से ज्यादातर में अभी तक व्यापारियों का सामान ही रखा है। शेडों के नीचे व्यापारियों के ट्रक तक खड़े करते हैं। ऐसे में किसानों को शेड के नीचे अपना बाजरा रखने की जगह नहीं मिल पाएगी। इसके अलावा मंडी में पेयजल की व्यवस्था भी सुचारु नहीं है। मार्केट कमेटी की तरफ से किसानों की फसल को बारिश आदि से बचाने के लिए तिरपाल की व्यवस्था की जानी चाहिए, लेकिन हर बार किसानों की फसल भीगकर खराब होती है, लेकिन कमेटी की ओर से तिरपाल की सुविधा नहीं दी जाती।
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कोरोना से बचाव के इंतजाम नहीं
इसके अलावा मंडी में आने वाले किसानों के लिए और कोरोना के चलते सामाजिक दूरी, सैनिटाइजेशन, मास्क आदि नियमों का पालन कराने के इंतजाम भी दिखाई नहीं दे रहे हैं। गेहूं खरीद के समय मंडी गेट से ही कोरोना के नियमों का पालन कराया जा रहा था, जो इस बार दिखाई नहीं दे रहे हैं।
इन बातों का ध्यान रखें किसान
- मेरी फसल-मेरा ब्योरा पोर्टल पर पंजीकरण जरूरी।
- एक किसान 40 क्विंटल से ज्यादा नहीं बेच सकेगा बाजरा।
- 14 प्रतिशत नमी तक भी खरीदा जाएगा बाजरा।
मार्केट कमेटी को लिखा पत्र
दि हिसार को-ऑपरेटिव मार्केटिंग सोसायटी के मैनेजर संजीव कुमार का कहना है कि हिसार की अनाज मंडी में सभी तैयारी पूरी कर ली गई हैं, मगर बालसमंद में न तो शेड है और न ही वहां सफाई है। इसको लेकर उन्होंने मार्केट कमेटी को पत्र भी लिखा है कि वहां शेड की व्यवस्था करवाई जाए और जो भी कमियां हैं, उन्हें दुरुस्त करवाया जाए, ताकि किसानों को कोई परेशानी न हो।
सभी तैयारियां पूरी कर ली हैं
बाजरा खरीद के लिए मंडी में तैयारियां पूर की हुई हैं। बिजली-पानी की कोई दिक्कत नहीं है। शेड की भी कोई दिक्कत नहीं आने दी जाएगी।
-सुलतान सिंह, सचिव, मार्केट कमेटी, हिसार।