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कन्या स्कूल में महिला टीचर्स से बदसलूकी पर हंगामा
अमर उजाला हिसार/ब्यूरो
Updated Sun, 20 Dec 2015 12:38 AM IST
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हांसी में लाल सड़क स्थित राजकीय कन्या वरिष्ठ माध्यमिक विद्यालय में भाजपा पार्टी के बैनर तले कन्या शक्ति क्रांति को लेकर कार्यक्रम करने निकले भाजपाइयों को कार्यक्रम बीच में छोड़ कर स्कूल से बाहर जाना पड़ा।
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ये नौबत उस वक्त आई जब स्कूल की महिला टीचर्स ने उनके साथ बदसलूकी के आरोप लगाते हुए अपना अपमान किए जाने का आरोप लगाया।
मामला बिगड़ता देख पुलिस को भी दखल देना पड़ा। हालांकि कार्यकर्ताओं की तरफ से टीचर्स से माफी मांगने की पेशकश की गई, लेकिन इसे ठुकरा दिया गया।
स्थानीय भाजपा नेता व कार्यकर्ता कुछ महिला कार्यकर्ताओं के साथ पार्टी के बैनर, माइक सिस्टम व पूरे तामझाम के साथ शनिवार को राजकीय कन्या वरिष्ठ माध्यमिक विद्यालय में पहुंचे थे।
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स्कूल परिसर में छात्राओं को भाजपा नेताओं के भाषण सुनने के लिए कतार में बैठा दिया गया। नेताओं ने कन्या शक्ति, नारी सशक्तिकरण व बेटी बचाओ के मुद्दे पर माइक से भाषण शुरू भी कर दिय।
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इसी बीच भाजपा मंडल प्रधान प्रवीन बंसल ने कुछ दूरी पर बैठी तीन-चार महिला टीचर्स को हिदायत दी कि वे या तो इस कार्यक्रम में शरीक हो जाए या फिर अंदर चली जाएं।
एक बार कहे जाने पर कोई असर दिखाई नहीं दिया तो दूसरी बार कुछ तल्ख लहजे में उन्हें फिर से हिदायत दी गई। महिला टीचर्स ने भाजपाइयों की इस हिदायत के तरीके को गैरवाजिब मानते हुए अपनी बेइज्जती महसूस की।
संस्कृत प्राध्यापिका संतोष, पी उषा, फूलवती लांबा व अन्य उठ कर स्टाफ रूप में चली गईं। इसी बीच संतोष से यह सहा नहीं गया और उन्होंने अपने पति एडवोकेट जगराम घोडेला को इस बारे में सूचना दी।
सूचना मिलने के तुरंत बाद एडवोकेट जगराम घोडेला, एडवोकेट रमेश मलिक व अन्य स्कूल परिसर पहुंचे तथा सबसे पहले भाजपा का कार्यक्रम बंद करवा दिया।
इसी बीच पूरा स्कूल स्टाफ एकत्र हो गया तथा तमाम लोग कार्यकर्ताओं के खिलाफ हो गए। उनका कहना था कि सत्ता के नशे में चूर भाजपा नेता महिलाओं का सम्मान तक करना भूल गए है।
संतोष ने आरोप लगाया कि भाजपा मंडल प्रधान प्रवीन बंसल उनके साथ बदसलूकी से पेश आए तथा उन्हें डांट कर इस तरह हिदायत दी गई जैसे वे उन्हीं के लिए काम करती हैं।
मामला बिगड़ता देख कई लोगों ने भाजपा नेताओं को माफी मांग कर अपना पिंड छुड़वाने की राय भी दी। भाजपा नेताओं की तरफ से माफी मांगने की पेशकश भी की गई लेकिन महिला टीचर्स ने कहा कि माफी उन तमाम पांच सौ छात्राओं के बीच मांगी जाए जिनके बीच उनकी बेइज्जती की गई है।
मामला बिगड़ता देख कर स्कूल की प्रधानाचार्य ओमपति मलिक ने भाजपा नेताओं से स्कूल से चले जाने को कह दिया।
इस दौरान भाजपा मंडल प्रधान प्रवीन बंसल, पार्टी के विधानसभा प्रभारी अशोक कनौजिया, अशोक सैनी, रामस्वरूप पोपली, सतीश चूचरा, सुषमा नागपाल, आशा खेदड़, मंजू व कई अन्य मौजूद थे।
आखिर कैसे मिली कार्यक्रम की इजाजत
भाजपा के वरिष्ठ नेता अशोक कनौजिया का कहना है कि पार्टी ने स्कूल की प्रिंसिपल से कार्यक्रम के लिए इजाजत ली हुई थी।
वहीं स्कूल की प्रिंसिपल ओमपति मलिक का कहना है कि उनसे कोई इजाजत नहीं ली गई और बिना पूछे ही स्कूल में भाजपाई अपनी सभा करने लग गए थे। उन्होंने कहा कि वे आगे से ऐसे किसी को स्कूल में घुसने नहीं देंगी।
सब गलतफहमी में हुआ, हमने बदसलूकी नहीं की : बंसल
भाजपा मंडल प्रधान प्रवीन बंसल का कहान है कि सब कुछ गलतफहमी के कारण हुआ है। उन्होंने कहा कि उनकी मंशा किसी का दिल दुखाने की नहीं थी तथा न ही उन्होंने किसी महिला टीचर के साथ बदसलूकी की है।
उन्होंने कहा कि पार्टी के कार्यकर्ता इस घटनाक्रम से आहत है तथा उन्होंने टीचर्स के समक्ष यह कहते हुए माफी मांगने की पेशकश भी की थी। अगर किसी की भावनाओं को ठेस पहुंची है तो वे उनसे माफी मांगने को तैयार हैं।