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गाड़ी पेड़ से अटक गई नहीं तो कोई भी जिंदा नहीं बचता
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हिसार। चंडीगढ़ की ट्रैवल एजेंसी की मिनी बस से 17 लोग कुल्लू घूमने निकले। कुल्लू की बंजार घाटी पर रविवार रात अचानक चालक का संतुलन बिगड़ गया। सड़क से नीचे गिरते ही मिनी बस ने सात से आठ बार पलटी खाई। इसके बाद बस पेड़ों से टकराते हुए 400 फुट नीचे खाई में एक पेड़ पर अटक गई। जिस कारण कई जिंदगियां बच गई। स्थानीय लोगों ने की मदद से 17 लोगों को निकाल कर ऊपर लगाया गया, जिनमें से सात की मौत हो चुकी थी, जो घायल थे उनको अस्पतालों में भर्ती कराया। सिंचाई विभाग में बतौर जेई मेरे बेटे राहुल गोस्वामी के पैर में फैक्चर था। यह कहना है हिसार के कसावां मोहल्ला निवासी विशन गोस्वामी का। इसके अलावा हिसार के सेक्टर 13 निवासी महिला चिकित्सक क्षितिजा की छह पसलियां टूटी हैं।
जनस्वास्थ्य विभाग में कार्यरत विशन गोस्वामी ने बताया कि उनका इकलौता बेटा हिसार में सिंचाई विभाग में जेई के पद पर कार्यरत है। बेटे ने हमीरपुर से एमटेक की थी और अब वह रोपड़ से पीएचडी की पढ़ाई कर रहा है। बेटा कई बार साथ में पढ़ने वाले दोस्तों के पास आता-जाता रहता है। तीन दिन पहले बेटा सेक्टर-13 की रहने वाली मेडिकल कॉलेज अग्रोहा की चिकित्सक क्षितिजा के साथ चंडीगढ़ गया था। वहीं से हमीरपुर जाने के बाद मिनी बस बुक की। घूमने के बाद लौटते समय रास्ते में हादसा हो गया।
पांच बजे के बाद न जाने का लगा है चेतावनी बोर्ड
उन्होंने बताया कि जिस सड़क से चालक मिनी बस को लेकर आ रहा था उस पर चेतावनी बोर्ड लगा हुआ है। जिस पर लिखा हुआ है कि पांच बजे के बाद इस मार्ग पर चलना खतरनाक है। इसके बावजूद चालक मिनी बस को लेकर उस मार्ग पर निकला।
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फुटब्रेक और हैंडब्रेक नहीं लगे
कुल्लू के अस्पताल में भर्ती राहुल गोस्वामी ने बताया कि वे अपने दोस्त के साथ ट्रैवल एजेंसी के जरिये कुल्लू-मनाली घूमने गए थे। इस दौरान सभी ने ट्रैकिंग करने की योजना बनाई और सभी ट्रैकिंग करने के लिए जलोड़ी जोत की तरफ चले गए। शाम को लौटते समय रास्ते में चालक ने फुटब्रेक और हैंडब्रेक लगाए लेकिन नहीं लगे और देखते ही देखते मिनी बस खाई में जा गिरी।
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जनस्वास्थ्य विभाग में कार्यरत विशन गोस्वामी ने बताया कि उनका इकलौता बेटा हिसार में सिंचाई विभाग में जेई के पद पर कार्यरत है। बेटे ने हमीरपुर से एमटेक की थी और अब वह रोपड़ से पीएचडी की पढ़ाई कर रहा है। बेटा कई बार साथ में पढ़ने वाले दोस्तों के पास आता-जाता रहता है। तीन दिन पहले बेटा सेक्टर-13 की रहने वाली मेडिकल कॉलेज अग्रोहा की चिकित्सक क्षितिजा के साथ चंडीगढ़ गया था। वहीं से हमीरपुर जाने के बाद मिनी बस बुक की। घूमने के बाद लौटते समय रास्ते में हादसा हो गया।
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पांच बजे के बाद न जाने का लगा है चेतावनी बोर्ड
उन्होंने बताया कि जिस सड़क से चालक मिनी बस को लेकर आ रहा था उस पर चेतावनी बोर्ड लगा हुआ है। जिस पर लिखा हुआ है कि पांच बजे के बाद इस मार्ग पर चलना खतरनाक है। इसके बावजूद चालक मिनी बस को लेकर उस मार्ग पर निकला।
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फुटब्रेक और हैंडब्रेक नहीं लगे
कुल्लू के अस्पताल में भर्ती राहुल गोस्वामी ने बताया कि वे अपने दोस्त के साथ ट्रैवल एजेंसी के जरिये कुल्लू-मनाली घूमने गए थे। इस दौरान सभी ने ट्रैकिंग करने की योजना बनाई और सभी ट्रैकिंग करने के लिए जलोड़ी जोत की तरफ चले गए। शाम को लौटते समय रास्ते में चालक ने फुटब्रेक और हैंडब्रेक लगाए लेकिन नहीं लगे और देखते ही देखते मिनी बस खाई में जा गिरी।