फ्री ई-पेपर
पर्सनलाइज़्ड फ़ीड
पर्सनलाइज़्ड नोटिफ़िकेशन
चलते-फिरते ख़बरें
लॉयल्टी रिवॉर्ड्स
डाउनलोड करें

सब्सक्राइब करें
Hindi News ›   Haryana ›   Hisar News ›   Home Guard Recruitment Scam: Recording of demanding bribe sent to higher officials, still no action taken

होमगार्ड भर्ती घोटाला : उच्चाधिकारियों को भेजी रिश्वत मांगने की रिकॉर्डिंग, फिर भी नहीं हुई कार्रवाई

Amar Ujala Bureau अमर उजाला ब्यूरो
Updated Wed, 15 Sep 2021 11:56 PM IST
विज्ञापन
Home Guard Recruitment Scam: Recording of demanding bribe sent to higher officials, still no action taken
हिसार। होमगार्ड भर्ती घोटला एक बड़े स्कैंडल के रूप में सामने आ रहा है। धीरे-धीरे भर्ती घोटाले को लेकर परतें खुलती जा रही हैं। इसी कड़ी में नारनौंद के गांव हैबतपुर निवासी स्वयंसेवक विरेंद्र ने बताया कि वर्ष 2012 से 2015 तक वह हांसी में स्वयंसेवक रहा। फरवरी 2015 को कंपनी कमांडर विष्णु ने उसकी ड्यूटी लगानी बंद कर दी। उसके बाद से वह नौकरी पर होते हुए भी खाली बैठा है। रिश्वत मामले की रिकॉर्डिंग भेजने के बाद भी विभाग के उच्चाधिकारियों ने कोई सुनवाई नहीं की। बुधवार को उसने हिसार रेंज आईजी को मामले की शिकायत दी है।
विज्ञापन

हवलदार बजरंग ने मांगी थी आठ हजार रुपये रिश्वत
विरेंद्र ने बताया कि हवलदार बजरंग लाल स्वयंसेवकों से रिश्वत लेकर उनकी ड्यूटी लगाता है। उनका मानसिक रूप से शोषण करता है। विरेंद्र ने बताया कि उसने बजरंग लाल को फरवरी में आठ हजार रुपये गूगल-पे के माध्यम से दे दिए थे। बावजूद इसके उसकी ड्यूटी नहीं लगाई गई। जुलाई में बजरंग ने राशि उसे गूगल-पे के माध्यम से ही लौटा दी। इसके बारे में उसे कोई जानकार भी नहीं दी गई। इसी से परेशान होकर उसने बजरंग लाल के खिलाफ सुबूत जुटाने शुरू किए। इसी बीच बजरंग को भनक लग गई। विरेंद्र ने बताया कि खुद को बचाने के लिए बजरंग लाल ने उसके पास अनुशासनहीनता का नोटिस भेज दिया। उसे गृह रक्षी विभाग से बर्खास्त करवाने का प्रयास किया गया। विरेंद्र ने बताया कि बजरंग लाल द्वारा उससे मांगी गई रिश्वत व अभद्र भाषा के इस्तेमाल की रिकॉर्डिंग की ऑडियो सीडी बनाकर 25 मार्च 2021 को विभाग के उच्चाधिकारियों के समक्ष पेश की, लेकिन बजरंगलाल पर कार्रवाई नहीं हुई।
विज्ञापन

24 अगस्त को उसने मामले की शिकायत सीएम विंडो में भेजी। आरोप है कि इस पर जिला आदेशक तान्या सिंह व बजरंग लाल को ही जांच अधिकारी नियुक्त कर दिया गया। विरेंद्र ने कहा कि उसके बाद दोनों उससे रंजिश रखने लगे। उसने आईजी को दी शिकायत में कहा कि अगर उसे किसी प्रकार का जानमाल का नुकसान होता है तो उसके जिम्मेदार उक्त दोनों होंगे।
विज्ञापन
विज्ञापन

मैंने कोई डिमांड की तो नौकरी से इस्तीफा दे दूंगा
सुखबीर पानू के भाई कलीराम के साथ विरेंद्र रहता है। इसने मेरे खाते में फरवरी में आठ हजार रुपये डाले थे। मैंने इस पर विरेंद्र को नोटिस दिया और इसके खिलाफ हांसी एसपी, सिटी थाने में और जिला कमांडेंट को शिकायत दी। इसके खिलाफ कार्रवाई के लिए भी लिखा था। रुपये डालने की वजह पूछी तो कहा कि सत्यवान के कहने पर डाले हैं। मैं सत्यवान को नहीं जानता। कोई भर्ती मैं नहीं करता। न मैंने किसी की कभी चाय पी। महकमे में शिकायत दी कि जब तक ये अपनी गलती न माने व माफी नहीं मांगे, तब तक इसकी ड्यूटी न लगाई जाए। मेरे खाते में डाली गई राशि मैंने जुलाई में लौटा दी थी। मैंने किसी प्रकार की डिमांड की तो नौकरी से इस्तीफा दे दूंगा। - जैसा कि हवलदार बजरंग लाल ने कहा

मामले की जांच मैंने स्वयं शुरू कर दी है। अब गृह रक्षी विभाग में भर्ती ऑनलाइन होगी। इसके लिए सरकार से अप्रूव करवा दिया गया है। भर्ती योग्यता के अनुसार ही होगी। भर्ती में भ्रष्टाचार खत्म होगा। ड्यूटी भी ऑनलाइन ही लगेगी। ऑफलाइन ड्यूटी लगाने का सिस्टम खत्म होगा। - देसराज सिंह, डीजी होम, गृह रक्षी विभाग
विज्ञापन
विज्ञापन

रहें हर खबर से अपडेट, डाउनलोड करें Android Hindi News App, iOS Hindi News App और Amarujala Hindi News APP अपने मोबाइल पे|
Get all India News in Hindi related to live update of politics, sports, entertainment, technology and education etc. Stay updated with us for all breaking news from India News and more news in Hindi.

विज्ञापन
विज्ञापन
विज्ञापन

एड फ्री अनुभव के लिए अमर उजाला प्रीमियम सब्सक्राइब करें

Next Article

AU ऐप में पढ़ें

Followed