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Hisar News: आधी फसलें तबाह...कपास और धान पर बारिश का कहर
Tue, 05 Aug 2025 12:14 AM IST
अमर उजाला ब्यूरो
संवाद न्यूज एजेंसी, हिसार
संवाद न्यूज एजेंसी, हिसार
Updated Tue, 05 Aug 2025 12:14 AM IST
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गांव नियाना में खेतों में भरा पानी। स्रोत आयोजक
हिसार। मानसून की बारिश जिले के 30 से अधिक गांवों के किसानों पर आफत बनकर बरसी है। बारिश के पानी के दबाव से नहर और माइनर टूटने के कारण 80,190 एकड़ में फसलों को नुकसान हुआ है। कृषि विभाग ने प्राथमिक सर्वे में फसलों में 25 से 50 प्रतिशत तक का आकलन किया है। हांसी व बास तहसील क्षेत्र में सबसे अधिक नुकसान हुआ है। इन दोनों क्षेत्रों में करीब 45 हजार एकड़ एरिया में फसलों को नुकसान हुआ है। कपास, बाजरा, मूंगफली में 76 से 100 प्रतिशत तक बर्बाद हुई है। बास में कपास व बाजरा में 75 से 100 प्रतिशत तक खराबा हुआ है।
जिले में नारनौंद, बास, बरवाला, आदमपुर में फसलाें को नुकसान पहुंचा है। नारनौंद के मोहला बड़ छप्पर, पुठी, मदनहेड़ी, उगालन, भकलाना, भाटौल और बड़ाला में फसलों में अब भी जलभराव है। आदमपुर व नलवा में पातन, टोकस, हिंदवान, चुली खुर्द, चुली बागड़ियान, चुली कलां, लाडवी, सीसवाल, कोहली में फसल पानी में डूबी है।
बरवाला विधानसभा क्षेत्र में खोखा, सुलखनी, भगाना, खरकड़ी, नियाना, मिर्जापुर, खरड़, शिकारपुर, रायपुर में फसलों में बरसाती पानी भरा है। सिंचाई विभाग की ओर से पानी निकासी के लिए प्रयास किए जा रहे हैं। हालांकि इसमें समय लगेगा। पानी में डूबे रहने से 80 हजार एकड़ में एक भी दाना बचने की संभावना नहीं है। जिले में कपास की 39743, धान की 24200, बाजरा की 6452, मूंग की 4290, ग्वार की 2845, हरा चारा की 1930, मूंगफली की 730 एकड़ फसल को नुकसान पहुंचा है।
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हांसी खंड में नुकसान
फसल - एकड़
कपास 11705
धान-10800
बाजरा - 1863
मूंगफली- 215
हरा चारा- 405
कुल-- 24990
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बास खंड में नुकसान
फसल - एकड़
कपास - 4300
धान - 12850
बाजरा -825
हरा चारा - 1325
कुल - 19300
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आदमपुर खंड में नुकसान
फसल - एकड़
कपास -5933
मूंग - 605
बाजरा - 347
मूंगफली -310
ग्वार- 720
कुल - 7915
-- --
अग्रोहा खंड में नुकसान
फसल- एकड़
कपास - 9245
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हिसार प्रथम खंड में नुकसान
फसल- एकड़
कपास- 4000
मूंग - 500
धान- 500
बाजरा-1000
मूंगफली 200
हरा चारा- 100
ग्वार - 200
कुल 6500
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हिसार द्वितीय खंड में नुकसान
फसल- एकड़
कपास 4560
मूंग- 3185
धान - 50
बाजरा -2415
मूंगफली 05
हरा चारा - 100
ग्वार-1925
कुल - 12240
नोट सभी में नुकसान 25 से 50 प्रतिशत है।
तुरंत मुआवजा प्रदान करे सरकार
भारी बारिश के कारण जलभराव से खराब फसलों का जायजा लेने के लिए विधायक चंद्रप्रकाश ने गांव पातन, टोकस, हिंदवान, चुली खुर्द, चुली बागड़ियान, चूली कलां, लाडवी, सीसवाल, कोहली में खराब फसलों का अवलोकन किया। हिसार-घग्घर मल्टीपल ड्रेन व बालसमंद-सरसाना माइनर का भी मुआयना किया। उन्होंने बताया कि बालसमंद-बासड़ा माइनर क्षतिग्रस्त होने से आदमपुर क्षेत्र में 500 एकड़ से अधिक क्षेत्र में खड़ी मूंग, कपास, ग्वार व बाजरे की फसल बर्बाद हो गई है। सरकार को जलभराव से प्रभावित फसलों की तुरंत प्रभाव से गिरदावरी करवाकर किसानों को मुआवजा प्रदान करना चाहिए।
1669 किसानों ने फसल बीमा योजना में मांगा क्लेम
जिले में 1669 किसानों ने फसल बीमा योजना के तहत कृषि विभाग को शिकायत दी है। इसमें किसानों ने खराब फसलों के लिए मुआवजा मांगा है। किसानों ने ऑनलाइन तरीके से शिकायतें भेजी हैं। इस पर कृषि विभाग की टीम ने काम शुरू कर दिया है। हर खेत का सर्वे किया जाएगा। इसके बाद ही क्लेम दिया जाएगा।
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जिले में खेतों से जलभराव की निकासी के लिए सिंचाई विभाग की ओर से बीटी लगाई गई हैं। जिले में 1669 किसानों ने फसलों के नुकसान के संबंझ में शिकायत दर्ज कराई है। सभी खंड कृषि अधिकारियों को इसकी जांच के आदेश दिए गए हैं।
- डॉ. राजबीर सिंह, उप निदेशक, कृषि विभाग, हिसार।
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जिले में नारनौंद, बास, बरवाला, आदमपुर में फसलाें को नुकसान पहुंचा है। नारनौंद के मोहला बड़ छप्पर, पुठी, मदनहेड़ी, उगालन, भकलाना, भाटौल और बड़ाला में फसलों में अब भी जलभराव है। आदमपुर व नलवा में पातन, टोकस, हिंदवान, चुली खुर्द, चुली बागड़ियान, चुली कलां, लाडवी, सीसवाल, कोहली में फसल पानी में डूबी है।
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बरवाला विधानसभा क्षेत्र में खोखा, सुलखनी, भगाना, खरकड़ी, नियाना, मिर्जापुर, खरड़, शिकारपुर, रायपुर में फसलों में बरसाती पानी भरा है। सिंचाई विभाग की ओर से पानी निकासी के लिए प्रयास किए जा रहे हैं। हालांकि इसमें समय लगेगा। पानी में डूबे रहने से 80 हजार एकड़ में एक भी दाना बचने की संभावना नहीं है। जिले में कपास की 39743, धान की 24200, बाजरा की 6452, मूंग की 4290, ग्वार की 2845, हरा चारा की 1930, मूंगफली की 730 एकड़ फसल को नुकसान पहुंचा है।
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हांसी खंड में नुकसान
फसल - एकड़
कपास 11705
धान-10800
बाजरा - 1863
मूंगफली- 215
हरा चारा- 405
कुल
बास खंड में नुकसान
फसल - एकड़
कपास - 4300
धान - 12850
बाजरा -825
हरा चारा - 1325
कुल - 19300
आदमपुर खंड में नुकसान
फसल - एकड़
कपास -5933
मूंग - 605
बाजरा - 347
मूंगफली -310
ग्वार- 720
कुल - 7915
अग्रोहा खंड में नुकसान
फसल- एकड़
कपास - 9245
हिसार प्रथम खंड में नुकसान
फसल- एकड़
कपास- 4000
मूंग - 500
धान- 500
बाजरा-1000
मूंगफली 200
हरा चारा- 100
ग्वार - 200
कुल 6500
हिसार द्वितीय खंड में नुकसान
फसल- एकड़
कपास 4560
मूंग- 3185
धान - 50
बाजरा -2415
मूंगफली 05
हरा चारा - 100
ग्वार-1925
कुल - 12240
नोट सभी में नुकसान 25 से 50 प्रतिशत है।
तुरंत मुआवजा प्रदान करे सरकार
भारी बारिश के कारण जलभराव से खराब फसलों का जायजा लेने के लिए विधायक चंद्रप्रकाश ने गांव पातन, टोकस, हिंदवान, चुली खुर्द, चुली बागड़ियान, चूली कलां, लाडवी, सीसवाल, कोहली में खराब फसलों का अवलोकन किया। हिसार-घग्घर मल्टीपल ड्रेन व बालसमंद-सरसाना माइनर का भी मुआयना किया। उन्होंने बताया कि बालसमंद-बासड़ा माइनर क्षतिग्रस्त होने से आदमपुर क्षेत्र में 500 एकड़ से अधिक क्षेत्र में खड़ी मूंग, कपास, ग्वार व बाजरे की फसल बर्बाद हो गई है। सरकार को जलभराव से प्रभावित फसलों की तुरंत प्रभाव से गिरदावरी करवाकर किसानों को मुआवजा प्रदान करना चाहिए।
1669 किसानों ने फसल बीमा योजना में मांगा क्लेम
जिले में 1669 किसानों ने फसल बीमा योजना के तहत कृषि विभाग को शिकायत दी है। इसमें किसानों ने खराब फसलों के लिए मुआवजा मांगा है। किसानों ने ऑनलाइन तरीके से शिकायतें भेजी हैं। इस पर कृषि विभाग की टीम ने काम शुरू कर दिया है। हर खेत का सर्वे किया जाएगा। इसके बाद ही क्लेम दिया जाएगा।
जिले में खेतों से जलभराव की निकासी के लिए सिंचाई विभाग की ओर से बीटी लगाई गई हैं। जिले में 1669 किसानों ने फसलों के नुकसान के संबंझ में शिकायत दर्ज कराई है। सभी खंड कृषि अधिकारियों को इसकी जांच के आदेश दिए गए हैं।
- डॉ. राजबीर सिंह, उप निदेशक, कृषि विभाग, हिसार।