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हाइड्रोलिक प्लेटफार्म युक्त दमकल गाड़ी होती तो बच जाती मासूम की जान, नुकसान भी होता कम
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राजगुरु मार्केट में दुकान जलने के बाद साथ वाली दुकान में रखे सिलिंडर को निकालकर ले जाता दुकानदार?
- फोटो : Hisar
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अमित भारद्वाज
हिसार। राम चाट भंडार (आरसीबी) में मंगलवार सुबह लगी आग को बुझाने के दौरान दमकल कर्मचारियों को काफी मशक्कत करनी पड़ी। कर्मचारियों की मानें तो इस रेस्टोरेंट की बिल्डिंग हाई राइज बिल्डिंग की कैटेगरी में आती है। इस टाइप की बिल्डिंग में आग बुझाने के लिए हाइड्रोलिक प्लेटफार्म युक्त दमकल गाड़ी की जरूरत पड़ती है। अगर आज उनके पास यह गाड़ी होती तो शायद मासूम की जान बच जाती और नुकसान भी काफी कम होता।
यूं फायदेमंद रहती है हाइड्रोलिक प्लेटफार्म युक्त दमकल गाड़ी
दमकल कर्मचारियों के अनुसार इस गाड़ी में एक हाइड्रोलिक युक्त सीढ़ी होती है, जो करीब 100 से 150 फुट लंबी होती है। इस सीढ़ी के साथ एक प्लेटफार्म भी होता है, जिस पर तीन से चार व्यक्ति खड़े हो सकते हैं। इस गाड़ी की मदद से हाई राइज बिल्डिंग में लगी आग को आसानी से बुझाया जा सकता है। इसमें कर्मचारियों की भी सुरक्षा रहती है।
फाल्स सीलिंग से भड़की आग
दमकल कर्मचारियों ने बताया कि रेस्टोरेंट में साज-सज्जा के लिए दीवारों व छत पर फाल्स सीलिंग का इस्तेमाल किया गया था। ये जल्दी आग पकड़ती हैं। इसके अलावा बिजली की तारों व एससी से भी आग भड़की।
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आग बुझाने के दौरान हुआ जोरदार धमाका
दमकल कर्मियों के अनुसार सुबह करीब 6:10 बजे आग बुझाने के दौरान एक जोरदार धमाका हुआ। हालांकि यह नहीं कहा जा सकता है कि यह सिलिंडर फटने से हुआ हो। संभावना यह भी है कि किसी कैमिकल की वजह से या कंप्रेशर फटने से यह धमाका हुआ होगा। उन्होंने रेस्टोरेंट से सात सिलिंडर सही सलामत अवस्था में बरामद किए।
शव के ऊपर पड़ी थी जली हुई लकड़ी
दमकल कर्मचारी राजेश ने बताया कि सर्च अभियान के दौरान उन्हें दूसरी मंजिल पर बच्चे के शव का पैर दिखा। जब शव को निकाला गया तो वह पूरी तरह से जला हुआ था। शव पर जली हुई लकड़ी व फॉल्स सीलिंग पड़ी हुई थी।
आग बुझाने में 60 हजार लीटर पानी हुआ इस्तेमाल
इस दौरान बरवाला रोड स्थित दमकल केंद्र से चार, आजाद नगर से एक व मार्केट कमेटी से एक गाड़ी आग बुझाने पहुंची। इस दौरान एक गाड़ी ने तीन, दो गाड़ियों ने दो-दो और बाकी तीन गाड़ियों ने एक-एक चक्कर लगाया। आग बुझाने में 60 हजार लीटर पानी इस्तेमाल हुआ।
फायर एनओसी न लेने पर 27 होटलों को थमाए नोटिस
विभाग के अनुसार एनजीटी की गाइड लाइन के अनुसार फायर एनओसी न लेने पर शहर के 27 होटल संचालकों को नोटिस थमाए गए हैं। शर्तें पूरी न करने पर 15 दिन बाद दोबारा नोटिस देने का प्रावधान है। तीन नोटिस देने के बाद अगर संस्थान नियमों को पूरा नहीं करता है तो उसे सील करने का प्रावधान है। हालांकि आज तक उनकी तरफ से किसी संस्थान को सील नहीं किया गया है।
जिले में कुल 31 दमकल गाड़ी, तीन खराब
विभाग के अनुसार जिले में कुल 31 दमकल गाड़ी हैं, जिनमें तीन गाड़ी एक्सीडेंट के बाद से खराब पड़ी हैं। हालांकि जिले को इसी माह तीन नई गाड़ियां भी मिली हैं, जिनमें से एक गाड़ी आदमपुर व दो गाड़ी हिसार को दी गई है। इनमें दो गाड़ी दो-दो हजार लीटर व एक गाड़ी सात हजार लीटर की क्षमता वाली है। जिले में अग्रोहा व खेड़ी चौपटा में एक भी दमकल गाड़ी नहीं है। वहीं आजाद नगर दमकल केंद्र न तो पानी स्टोरेज न ही पानी भरने की व्यवस्था है।
फायर ऑपरेटर स्वीकृत 147, सिर्फ 29 हैं तैनात
दमकल विभाग के अनुसार जिले में फायर ऑपरेटर के 147 स्वीकृत पदों में से 29 पर कर्मचारी तैनात हैं। लीडिंग फायर मैन के 22 स्वीकृत पद है, जबकि 23 कर्मचारी तैनात है। इसके अलावा चालक व फायरमैन के 89 पद हैं, जिन पर सभी अनुबंधित कर्मचारी कार्यरत हैं।
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हिसार। राम चाट भंडार (आरसीबी) में मंगलवार सुबह लगी आग को बुझाने के दौरान दमकल कर्मचारियों को काफी मशक्कत करनी पड़ी। कर्मचारियों की मानें तो इस रेस्टोरेंट की बिल्डिंग हाई राइज बिल्डिंग की कैटेगरी में आती है। इस टाइप की बिल्डिंग में आग बुझाने के लिए हाइड्रोलिक प्लेटफार्म युक्त दमकल गाड़ी की जरूरत पड़ती है। अगर आज उनके पास यह गाड़ी होती तो शायद मासूम की जान बच जाती और नुकसान भी काफी कम होता।
यूं फायदेमंद रहती है हाइड्रोलिक प्लेटफार्म युक्त दमकल गाड़ी
दमकल कर्मचारियों के अनुसार इस गाड़ी में एक हाइड्रोलिक युक्त सीढ़ी होती है, जो करीब 100 से 150 फुट लंबी होती है। इस सीढ़ी के साथ एक प्लेटफार्म भी होता है, जिस पर तीन से चार व्यक्ति खड़े हो सकते हैं। इस गाड़ी की मदद से हाई राइज बिल्डिंग में लगी आग को आसानी से बुझाया जा सकता है। इसमें कर्मचारियों की भी सुरक्षा रहती है।
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फाल्स सीलिंग से भड़की आग
दमकल कर्मचारियों ने बताया कि रेस्टोरेंट में साज-सज्जा के लिए दीवारों व छत पर फाल्स सीलिंग का इस्तेमाल किया गया था। ये जल्दी आग पकड़ती हैं। इसके अलावा बिजली की तारों व एससी से भी आग भड़की।
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आग बुझाने के दौरान हुआ जोरदार धमाका
दमकल कर्मियों के अनुसार सुबह करीब 6:10 बजे आग बुझाने के दौरान एक जोरदार धमाका हुआ। हालांकि यह नहीं कहा जा सकता है कि यह सिलिंडर फटने से हुआ हो। संभावना यह भी है कि किसी कैमिकल की वजह से या कंप्रेशर फटने से यह धमाका हुआ होगा। उन्होंने रेस्टोरेंट से सात सिलिंडर सही सलामत अवस्था में बरामद किए।
शव के ऊपर पड़ी थी जली हुई लकड़ी
दमकल कर्मचारी राजेश ने बताया कि सर्च अभियान के दौरान उन्हें दूसरी मंजिल पर बच्चे के शव का पैर दिखा। जब शव को निकाला गया तो वह पूरी तरह से जला हुआ था। शव पर जली हुई लकड़ी व फॉल्स सीलिंग पड़ी हुई थी।
आग बुझाने में 60 हजार लीटर पानी हुआ इस्तेमाल
इस दौरान बरवाला रोड स्थित दमकल केंद्र से चार, आजाद नगर से एक व मार्केट कमेटी से एक गाड़ी आग बुझाने पहुंची। इस दौरान एक गाड़ी ने तीन, दो गाड़ियों ने दो-दो और बाकी तीन गाड़ियों ने एक-एक चक्कर लगाया। आग बुझाने में 60 हजार लीटर पानी इस्तेमाल हुआ।
फायर एनओसी न लेने पर 27 होटलों को थमाए नोटिस
विभाग के अनुसार एनजीटी की गाइड लाइन के अनुसार फायर एनओसी न लेने पर शहर के 27 होटल संचालकों को नोटिस थमाए गए हैं। शर्तें पूरी न करने पर 15 दिन बाद दोबारा नोटिस देने का प्रावधान है। तीन नोटिस देने के बाद अगर संस्थान नियमों को पूरा नहीं करता है तो उसे सील करने का प्रावधान है। हालांकि आज तक उनकी तरफ से किसी संस्थान को सील नहीं किया गया है।
जिले में कुल 31 दमकल गाड़ी, तीन खराब
विभाग के अनुसार जिले में कुल 31 दमकल गाड़ी हैं, जिनमें तीन गाड़ी एक्सीडेंट के बाद से खराब पड़ी हैं। हालांकि जिले को इसी माह तीन नई गाड़ियां भी मिली हैं, जिनमें से एक गाड़ी आदमपुर व दो गाड़ी हिसार को दी गई है। इनमें दो गाड़ी दो-दो हजार लीटर व एक गाड़ी सात हजार लीटर की क्षमता वाली है। जिले में अग्रोहा व खेड़ी चौपटा में एक भी दमकल गाड़ी नहीं है। वहीं आजाद नगर दमकल केंद्र न तो पानी स्टोरेज न ही पानी भरने की व्यवस्था है।
फायर ऑपरेटर स्वीकृत 147, सिर्फ 29 हैं तैनात
दमकल विभाग के अनुसार जिले में फायर ऑपरेटर के 147 स्वीकृत पदों में से 29 पर कर्मचारी तैनात हैं। लीडिंग फायर मैन के 22 स्वीकृत पद है, जबकि 23 कर्मचारी तैनात है। इसके अलावा चालक व फायरमैन के 89 पद हैं, जिन पर सभी अनुबंधित कर्मचारी कार्यरत हैं।

आग लगने के बाद बाहर रखे सामान को दूसरी जगह ले जाते दुकानदार। संवाद- फोटो : Hisar

आरसीबी में लगी आग को बुझाते दमकल कर्मचारी।- फोटो : Hisar