{"_id":"6a24776b9eea10df8f0fa921","slug":"footpaths-disappear-roads-become-pedestrians-refuge-hisar-news-c-21-hsr1020-885745-2026-06-07","type":"story","status":"publish","title_hn":"Hisar News: फुटपाथ गायब, सड़क बनी राहगीरों का सहारा","category":{"title":"City & states","title_hn":"शहर और राज्य","slug":"city-and-states"}}
Hisar News: फुटपाथ गायब, सड़क बनी राहगीरों का सहारा
Sun, 07 Jun 2026 01:09 AM IST
अमर उजाला ब्यूरो
संवाद न्यूज एजेंसी, हिसार
संवाद न्यूज एजेंसी, हिसार
Updated Sun, 07 Jun 2026 01:09 AM IST
विज्ञापन
खबरें लगातार पढ़ने के लिए अमर उजाला एप डाउनलोड करें
या
वेबसाइट पर पढ़ना जारी रखने के लिए वीडियो विज्ञापन देखें
अगर आपके पास प्रीमियम मेंबरशिप है तो
हिसार। जिंदल रोड पर अतिक्रमण, रेहड़ियों और अवैध पार्किंग के कारण फुटपाथ पूरी तरह गायब हो चुके हैं। हालत यह है कि लोगों को पैदल चलने के लिए सड़क का सहारा लेना पड़ रहा है। जिंदल अस्पताल, आईटीआई और कई निजी अस्पताल होने के कारण यह शहर की सबसे व्यस्त सड़कों में शामिल है जहां रोजाना हजारों लोगों का आवागमन रहता है।
करीब डेढ़ किलोमीटर लंबे जिंदल चौक से आईटीआई चौक मार्ग पर दोनों ओर फुटपाथों पर कब्जा है। इससे राहगीरों को सड़क किनारे चलने के लिए मजबूर होना पड़ रहा है। करीब डेढ़ माह पहले नगर निगम ने इस मार्ग पर 41 दुकानदारों को नोटिस जारी किए थे लेकिन अब तक कोई ठोस कार्रवाई नहीं हो सकी है।
इस मार्ग पर 12 अस्पताल, 19 मेडिकल स्टोर, नौ किराना दुकानें, आठ होटल और अन्य व्यावसायिक प्रतिष्ठान संचालित हैं। अस्पतालों की संख्या अधिक होने के कारण यहां बड़ी संख्या में मरीज और उनके परिजन पहुंचते हैं। कई लोग जिंदल चौक पर बस और ऑटो से उतरकर पैदल अस्पतालों तक जाते हैं जिन्हें फुटपाथ की सबसे अधिक आवश्यकता होती है।
विज्ञापन
मौके पर फुटपाथों पर रेहड़ियां और अस्थायी दुकानें लगी हुई हैं। कई दुकानदारों ने भी अपने प्रतिष्ठानों के बाहर सामान रखकर कब्जा कर लिया है। आरोप है कि कुछ कारोबारियों ने फुटपाथ का हिस्सा रेहड़ी संचालकों को देकर किराया वसूलना शुरू कर दिया है। वहीं, पार्किंग शुल्क बचाने के लिए लोग फुटपाथों पर ही वाहन खड़े कर देते हैं। कई स्थानों पर फुटपाथ सड़क के स्तर पर ही छोड़ दिए गए हैं, जिससे उनका अस्तित्व लगभग समाप्त हो गया है।
अतिक्रमण और अवैध पार्किंग के कारण यातायात भी प्रभावित हो रहा है। स्थानीय लोगों का कहना है कि फुटपाथों को अतिक्रमण मुक्त कराकर और वाहनों की अवैध पार्किंग पर रोक लगाकर जाम की समस्या काफी हद तक दूर की जा सकती है।
-- -- -- -- --
जिंदल रोड पर बहुत ज्यादा अतिक्रमण है। इस कारण लोग फुटपाथ की बजाय सड़क पर चलते हैं। इस सड़क पर रोजाना जाम की स्थिति बनती है। नगर निगम को इस पर कार्रवाई करनी चाहिए।
- कृष्ण मलिक, व्यापारी।
इस रोड पर अतिक्रमण इतना अधिक हो गया है कि दुकान से बाहर निकलने में भी परेशानी होती है। ग्राहकों को दुकानों तक पहुंचने में दिक्कत आती है। लोग अपनी कार और बाइक फुटपाथ पर खड़ी कर चले जाते हैं।
- विनय कुमार, दुकानदार।
सड़कों पर अतिक्रमण के कारण आवागमन प्रभावित हो रहा है। कहीं वाहन खड़े हैं तो कहीं रेहड़ियां लगी हैं। पैदल यात्रियों के लिए चलने की जगह नहीं बची है। नगर निगम की टीम को सख्ती से कार्रवाई करनी चाहिए।
- राजेंद्र कुमार, दुकानदार।
हमें रोजाना इस सड़क से गुजरना पड़ता है और हर दिन परेशानी का सामना करना पड़ता है। नगर निगम के अधिकारी यहां कभी नजर नहीं आते। फुटपाथों से रेहड़ियां हटाकर और अवैध पार्किंग पर रोक लगाकर जाम की समस्या दूर की जा सकती है।
- सुरेश शर्मा, न्यू मॉडल टाउन निवासी।
विज्ञापन
करीब डेढ़ किलोमीटर लंबे जिंदल चौक से आईटीआई चौक मार्ग पर दोनों ओर फुटपाथों पर कब्जा है। इससे राहगीरों को सड़क किनारे चलने के लिए मजबूर होना पड़ रहा है। करीब डेढ़ माह पहले नगर निगम ने इस मार्ग पर 41 दुकानदारों को नोटिस जारी किए थे लेकिन अब तक कोई ठोस कार्रवाई नहीं हो सकी है।
विज्ञापन
इस मार्ग पर 12 अस्पताल, 19 मेडिकल स्टोर, नौ किराना दुकानें, आठ होटल और अन्य व्यावसायिक प्रतिष्ठान संचालित हैं। अस्पतालों की संख्या अधिक होने के कारण यहां बड़ी संख्या में मरीज और उनके परिजन पहुंचते हैं। कई लोग जिंदल चौक पर बस और ऑटो से उतरकर पैदल अस्पतालों तक जाते हैं जिन्हें फुटपाथ की सबसे अधिक आवश्यकता होती है।
विज्ञापन
मौके पर फुटपाथों पर रेहड़ियां और अस्थायी दुकानें लगी हुई हैं। कई दुकानदारों ने भी अपने प्रतिष्ठानों के बाहर सामान रखकर कब्जा कर लिया है। आरोप है कि कुछ कारोबारियों ने फुटपाथ का हिस्सा रेहड़ी संचालकों को देकर किराया वसूलना शुरू कर दिया है। वहीं, पार्किंग शुल्क बचाने के लिए लोग फुटपाथों पर ही वाहन खड़े कर देते हैं। कई स्थानों पर फुटपाथ सड़क के स्तर पर ही छोड़ दिए गए हैं, जिससे उनका अस्तित्व लगभग समाप्त हो गया है।
अतिक्रमण और अवैध पार्किंग के कारण यातायात भी प्रभावित हो रहा है। स्थानीय लोगों का कहना है कि फुटपाथों को अतिक्रमण मुक्त कराकर और वाहनों की अवैध पार्किंग पर रोक लगाकर जाम की समस्या काफी हद तक दूर की जा सकती है।
जिंदल रोड पर बहुत ज्यादा अतिक्रमण है। इस कारण लोग फुटपाथ की बजाय सड़क पर चलते हैं। इस सड़क पर रोजाना जाम की स्थिति बनती है। नगर निगम को इस पर कार्रवाई करनी चाहिए।
- कृष्ण मलिक, व्यापारी।
इस रोड पर अतिक्रमण इतना अधिक हो गया है कि दुकान से बाहर निकलने में भी परेशानी होती है। ग्राहकों को दुकानों तक पहुंचने में दिक्कत आती है। लोग अपनी कार और बाइक फुटपाथ पर खड़ी कर चले जाते हैं।
- विनय कुमार, दुकानदार।
सड़कों पर अतिक्रमण के कारण आवागमन प्रभावित हो रहा है। कहीं वाहन खड़े हैं तो कहीं रेहड़ियां लगी हैं। पैदल यात्रियों के लिए चलने की जगह नहीं बची है। नगर निगम की टीम को सख्ती से कार्रवाई करनी चाहिए।
- राजेंद्र कुमार, दुकानदार।
हमें रोजाना इस सड़क से गुजरना पड़ता है और हर दिन परेशानी का सामना करना पड़ता है। नगर निगम के अधिकारी यहां कभी नजर नहीं आते। फुटपाथों से रेहड़ियां हटाकर और अवैध पार्किंग पर रोक लगाकर जाम की समस्या दूर की जा सकती है।
- सुरेश शर्मा, न्यू मॉडल टाउन निवासी।