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सरकार के आश्वासन पर 47 दिन बाद किसानों का धरना समाप्त
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खेड़ी चौपटा में धरने पर उपायुक्त को चाबी सौंपते किसान नेता सुरेश कोथ।
- फोटो : Hisar
नारनौंद। पिछले साल खराब हुई कपास की फसल के मुआवजे को लेकर पिछले 47 दिनों से चल रहा धरना रविवार को समाप्त हो गया। सरकार की तरफ से श्रम एवं रोजगार मंत्री अनूप धानक, उपायुक्त प्रियंका सोनी व जेजेपी नेता राजेंद्र लितानी ने किसानों को सरकार की तरफ से आश्वस्त किया कि उनकी मांगों पर विचार कर उन्हें हल किया जाएगा।
सरकार से किसानों ने तीन मांगे रखी थी। सरकार की तरफ से तीनों मांगों पर सहमति जता दी गई, जिसके बाद किसान नेता सुरेश कोथ ने धरना समाप्त करने की घोषणा की। वहीं, मजदूर दिवस के मौके पर रविवार को धरने पर क्रमिक अनशन पर बैठे मजदूरों को अनूप धानक व प्रियंका सोनी द्वारा जूस पिलाकर उनका अनशन तुड़वाया गया। शनिवार को किसानों की एक कमेटी प्रदेश के उपमुख्यमंत्री दुष्यंत चौटाला से दिल्ली में मिली थी। उन्होंने किसानों को आश्वासन दिलाया था कि जल्दी ही 17 गांवों के किसानों को मुआवजा दे दिया जाएगा।
गौरतलब है कि 16 मार्च को खेड़ी चौपटा उप तहसील के अंतर्गत आने वाले 17 गांव के किसानों ने उप तहसील को ताला जड़कर धरना शुरू कर दिया था। किसानों ने 47 दिनों तक लगातार अपना आंदोलन चलाया। धरना समाप्ति की की घोषणा करने के बाद किसान नेता सुरेश ने तहसील पर लगाए गए तालों की चाबियां उपायुक्त को सौंप दी।
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नारनौंद के तहसीलदार अजीत सिंह व बाप बास के तहसीलदार अमित माथुर के साथ किसानों ने बिल्डिंग के अंदर जाकर सामान को चेक करवाया। इस अवसर पर राजकुमार राखी, रामनिवास, पूर्व विधायक प्रोफेसर रामभगत शर्मा, रमेश श्योराण, दिनेश राखी, साधु खेड़ी, रघुवीर कापड़ों, रणधीर मिलकपुर, कुलदीप कापड़ो, बसाऊ राम, पाल नम्बरदार, अमित बुरा, यादवेंद्र खर्ब, अमरजीत मलिक, सुभाष बेरवाल, राजबाला राखी, ओमप्रकाश खरबला और रामकुमार भट्ट इत्यादि मौजूद रहे।
इन गांवों के किसानों को मिलेगा लाभ
खेड़ी जालब, खेड़ी लोहचब, कोथ कलां, कोथ खुर्द, गैबीनगर, नाड़ा, मिर्चपुर, राखी शाहपुर, राखी खास, गामड़ा, हैबतपुर, पनिहारी, सरसाना, सोथा, बाढ़ा, कापड़ो व गंडास इत्यादि गांव के किसानों को मुआवजे का लाभ मिलेगा।
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सरकार से किसानों ने तीन मांगे रखी थी। सरकार की तरफ से तीनों मांगों पर सहमति जता दी गई, जिसके बाद किसान नेता सुरेश कोथ ने धरना समाप्त करने की घोषणा की। वहीं, मजदूर दिवस के मौके पर रविवार को धरने पर क्रमिक अनशन पर बैठे मजदूरों को अनूप धानक व प्रियंका सोनी द्वारा जूस पिलाकर उनका अनशन तुड़वाया गया। शनिवार को किसानों की एक कमेटी प्रदेश के उपमुख्यमंत्री दुष्यंत चौटाला से दिल्ली में मिली थी। उन्होंने किसानों को आश्वासन दिलाया था कि जल्दी ही 17 गांवों के किसानों को मुआवजा दे दिया जाएगा।
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गौरतलब है कि 16 मार्च को खेड़ी चौपटा उप तहसील के अंतर्गत आने वाले 17 गांव के किसानों ने उप तहसील को ताला जड़कर धरना शुरू कर दिया था। किसानों ने 47 दिनों तक लगातार अपना आंदोलन चलाया। धरना समाप्ति की की घोषणा करने के बाद किसान नेता सुरेश ने तहसील पर लगाए गए तालों की चाबियां उपायुक्त को सौंप दी।
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नारनौंद के तहसीलदार अजीत सिंह व बाप बास के तहसीलदार अमित माथुर के साथ किसानों ने बिल्डिंग के अंदर जाकर सामान को चेक करवाया। इस अवसर पर राजकुमार राखी, रामनिवास, पूर्व विधायक प्रोफेसर रामभगत शर्मा, रमेश श्योराण, दिनेश राखी, साधु खेड़ी, रघुवीर कापड़ों, रणधीर मिलकपुर, कुलदीप कापड़ो, बसाऊ राम, पाल नम्बरदार, अमित बुरा, यादवेंद्र खर्ब, अमरजीत मलिक, सुभाष बेरवाल, राजबाला राखी, ओमप्रकाश खरबला और रामकुमार भट्ट इत्यादि मौजूद रहे।
इन गांवों के किसानों को मिलेगा लाभ
खेड़ी जालब, खेड़ी लोहचब, कोथ कलां, कोथ खुर्द, गैबीनगर, नाड़ा, मिर्चपुर, राखी शाहपुर, राखी खास, गामड़ा, हैबतपुर, पनिहारी, सरसाना, सोथा, बाढ़ा, कापड़ो व गंडास इत्यादि गांव के किसानों को मुआवजे का लाभ मिलेगा।