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सुभाष गुप्ता की गाड़ी पर उनके समधी ने चोरी की गाड़ी से कराया था हमला
ब्यूरो/अमर उजाला, हिसार
Updated Thu, 11 May 2017 01:45 AM IST
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एडवोकेट सुभाष गुप्ता की गाड़ी पर 11 जनवरी को जानलेवा हमला करने के मामले में पुलिस ने आरोपी पवन बंसल पर 307 के तहत भी केस दर्ज किया है। मध्यप्रदेश से चोरी की हुई गाड़ी का चेसिस नंबर बदलकर इसे जुगाड़ की गाड़ी बनाया गया था। इस गाड़ी से एडवोकेट सुभाष गुप्ता की गाड़ी को टक्कर मारी गई थी। उस दिन गाड़ी में उसका बेटा कमल गुप्ता सवार था। हमला करने के समय गाड़ी में मौजूद ड्राइवर नरेश और कर्मचारी पवन पर भी 307 के तहत केेस दर्ज किया।
एडवोकेट सुभाष गुप्ता मर्डर मामले में सीआईए ने नया खुलासा किया है। 24 जनवरी को सुभाष गुप्ता का मर्डर करने से पहले आरोपियों ने 11 जनवरी को उनकी गाड़ी को टक्कर मारकर जानलेवा हमला किया था। उस दिन सुभाष गुप्ता की गाड़ी में वे नहीं बल्कि उनका बेटा कमल गुप्ता था। इस हमले में प्रयुक्त गाड़ी के बारे में पुलिस जानकारी नहीं लगा पा रही थी।
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सीआईए ने गाड़ी को ट्रेस कर लिया था। करीब तीन महीने बाद सीआईए को पता लगा कि गाड़ी का चेसिस नंबर तथा इंजन नंबर अलग-अलग हैं। गाड़ी को जुगाड़ कर बनाया गया था। मध्यप्रदेश से यह गाड़ी चोरी की गई थी। पुलिस ने आरोपी पवन बंसल, उनके ड्राइवर नरेश, एजेंसी के कर्मचारी सुमेर की कॉल लोकेशन निकाली। इसमें पता लगा कि हमले के समय तीनों आरोपी गाड़ी में सुभाष गुप्ता के आवास के पास थे। इस गाड़ी से ही एडवोकेट सुभाष गुप्ता की गाड़ी पर टक्कर मारी गई थी।
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तीनों आरोपियों पर 11 जनवरी को गाड़ी से टक्कर मारने के मामले में हत्या प्रयास का केस दर्ज किया है। सीआईए के नए खुलासे के बाद तीनों आरोपियों को बुधवार को न्यायाधीश आशीष शर्मा की अदालत में पेश किया। अदालत ने तीनों आरोपियों को 14 दिन की न्यायिक हिरासत में भेज दिया।
यह था मामला
24 जनवरी को शहर के प्रमुख एडवोकेट सुभाष गुप्ता का शहर के बीच टाउन पार्क के पास छाती में खंजर घोंपकर दिनदहाड़े मर्डर कर दिया था। मर्डर मामले में पुलिस ने सुभाष गुप्ता के समधी पवन बंसल, उसके ड्राइवर नरेश और एजेंसी के कर्मचारी सुमेर पर हत्या का मामला दर्ज कर गिरफ्तार किया था। इस मामले में अब तक 7 लोग गिरफ्तार हो चुके हैं। सुभाष गुप्ता के बेटे रोज गुप्ता की शादी पवन बंसल की बेटी शालू से हुई थी। रोज और शालू के बीच अनबन चल रही थी। इसके चलते पवन बंसल ने अपने समधी का मर्डर कर दिया था।
पवन बंसल बोला माफ कर दो...
बुधवार को अदालत में पहुंचे सुभाष गुप्ता के भाई संजीव गुप्ता पेशी पर पहुंचे थे। यहां आरोपी पवन बंसल ने संजीव गुप्ता से कहा कि गलती हो गई माफ कर दो। हाथ जोड़कर माफी मांगता हूं। माफ करने वाले बड़ेे होते हैं। चाहो तो मुझ पर कोई भी जुर्माना लगा देना। संजीव गुप्ता ने कहा कि आपने मेरे भाई को माफ नहीं किया, उसे मार डाला तो अब हम कैसे माफ कर दें।
तीन महीने में पुलिस को पता नहीं गाड़ी का मालिक कौन
करीब तीन महीने तक यह केस सिविल लाइन एरिया में रहा। पुलिस के पास गाड़ी होने के बावजूद गाड़ी मालिक का पता नहीं लगा सकी। सुभाष गुप्ता के एसपी मनीषा से परिजनों ने इस मामले को सीआईए को सौंपने की मांग की। सीआईए इंचार्ज कप्तान सिंह ने महज कुछ दिन में ही गाड़ी के बारे में डिटेल जुटा ली।