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भाट कॉलोनी में अज्ञात जानवर ने दिनदहाड़े हमला कर 7 भेड़ों को मारा, 3 घायल
अमर उाला ब्यूरो/हिसार
Updated Sat, 18 Feb 2017 12:52 AM IST
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अज्ञात जानवर द्वारा मारे गए भेड़
- फोटो : amarujala
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शहर के वार्ड संख्या 13 स्थित एक अज्ञात जानवर ने दिनदहाड़े पशुबाड़े में हमला कर सात भेड़ों को मौत के घाट उतार दिया जबकि तीन भेड़ों को घायल कर दिया। अज्ञात जानवर की शहर में यह तीसरी वारदात है। इससे पहले इसी वार्ड में जानवर एक बाड़े में आठ और ढाणी रामजस रोड़ पर 14 भेड़ों को मौत के घाट उतार चुका है। ढाणी रामजस में जानवर को देखा गया था, लेकिन वन्य जीव सुरक्षा विभाग ने मौके से मिले पंजों के निशान को कुत्तों का बताकर इसे महज अफवाह करार दिया था। पशुओं पर सिलसिलेवार हो रहे हमलों से शहर के लोग दहशत में है। सूचना मिलने के बाद पशु चिकित्सकों की टीम मौके पर पहुंची और घायलों को उपचार देने के बाद मृतक भेड़ों पर लगे खूनी पंजों के निशानों का भी मुआयना किया। पशु चिकित्सक इसे कुत्ते की वारदात मानने से मना कर रहे है।
हमले के दौरान एक बच्चा जब भेड़ का शोर सुनकर बाड़े में पहुंचा तो जानवर उसका शोर सुनकर मौके से फरार हो गया। मौके पर पहुंचे पार्षद प्रतिनिधी सुभाष जोधकरण ने बताया कि उन्होंने मामले की सूचना पुलिस के अलावा प्रशासन को दे दी है। उधर, सूचना मिलने के बाद पशु चिकित्सकों की एक टीम घटना स्थल पर पहुंची और घायलों को उपचार दिया। डॉ. राजकुमार ढांडा का कहना था कि यह कोई जंगली जानवर की वारदात हो सकती है क्योंकि कुत्ता होता तो वह भेड़ों को मार कर खाता साथ ही उन्हें नोचता भी।
.....
एक जैसे हमले हुए
शहर में रहस्यमय जानवर ने अलग-अलग स्थानों पर तीन हमले किये है। जिस हमले के बाद भेड़ मरी है वह तीनों घटनाओं से मेल खाती है। जानवर की तरफ से किए गए निशान और स्थान भी मेल खाते है। तीनों घटनाओं में जानवर ने गर्दन पर वार किया और केवल उनका खून ही चूसा है। खास बात यह है कि जानवर ने अब तक जहां भी हमला बोला है वह भेड़ों के बाड़े पर ही बोला हैै।
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प्रशासन की सहमति के बाद धरने से उठे किसान
पशुओं और बरसात के अभाव में बिना बिजाई के खाली रह गई जमीन के मुआवजे को लेकर पिछले 19 दिनों से धरने पर बैठे किसानों की प्रशासन ने शुक्रवार को सुध ले ही ली। जिला उपायुक्त भिवानी के आदेश पर स्थानीय प्रशासन ने किसानों को खाली रह गई जमीन की रिपोर्ट सरकार को भेजने तथा गायों को गोशाला में भिजवाने का भरोसा दिलाया है। प्रशासन के इस आश्वासन के बाद किसानों ने अपना धरना उठा लिया। इससे पहले बड़ी संख्या में किसान तहसील परिसर में जमा हुए और सरकार के खिलाफ नारेबाजी शुरू कर दी। किसान सभा के राज्य सचिव दयानंद पूनिया ने कहा कि सरकार सिर्फ अपनी कुर्सी बचाने में लगी हुई है। इस मौके पर जिला पार्षद बलवान बागड़ी, जंगबीर ढांडा, सुरेश सैनीवास, रामकिशन भाकर, रामकुमार श्योराण, रघुबीर ओला, ताराचंद, जागीर सिंह सहित कई किसान मौजूद रहे।
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हमले के दौरान एक बच्चा जब भेड़ का शोर सुनकर बाड़े में पहुंचा तो जानवर उसका शोर सुनकर मौके से फरार हो गया। मौके पर पहुंचे पार्षद प्रतिनिधी सुभाष जोधकरण ने बताया कि उन्होंने मामले की सूचना पुलिस के अलावा प्रशासन को दे दी है। उधर, सूचना मिलने के बाद पशु चिकित्सकों की एक टीम घटना स्थल पर पहुंची और घायलों को उपचार दिया। डॉ. राजकुमार ढांडा का कहना था कि यह कोई जंगली जानवर की वारदात हो सकती है क्योंकि कुत्ता होता तो वह भेड़ों को मार कर खाता साथ ही उन्हें नोचता भी।
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एक जैसे हमले हुए
शहर में रहस्यमय जानवर ने अलग-अलग स्थानों पर तीन हमले किये है। जिस हमले के बाद भेड़ मरी है वह तीनों घटनाओं से मेल खाती है। जानवर की तरफ से किए गए निशान और स्थान भी मेल खाते है। तीनों घटनाओं में जानवर ने गर्दन पर वार किया और केवल उनका खून ही चूसा है। खास बात यह है कि जानवर ने अब तक जहां भी हमला बोला है वह भेड़ों के बाड़े पर ही बोला हैै।
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प्रशासन की सहमति के बाद धरने से उठे किसान
पशुओं और बरसात के अभाव में बिना बिजाई के खाली रह गई जमीन के मुआवजे को लेकर पिछले 19 दिनों से धरने पर बैठे किसानों की प्रशासन ने शुक्रवार को सुध ले ही ली। जिला उपायुक्त भिवानी के आदेश पर स्थानीय प्रशासन ने किसानों को खाली रह गई जमीन की रिपोर्ट सरकार को भेजने तथा गायों को गोशाला में भिजवाने का भरोसा दिलाया है। प्रशासन के इस आश्वासन के बाद किसानों ने अपना धरना उठा लिया। इससे पहले बड़ी संख्या में किसान तहसील परिसर में जमा हुए और सरकार के खिलाफ नारेबाजी शुरू कर दी। किसान सभा के राज्य सचिव दयानंद पूनिया ने कहा कि सरकार सिर्फ अपनी कुर्सी बचाने में लगी हुई है। इस मौके पर जिला पार्षद बलवान बागड़ी, जंगबीर ढांडा, सुरेश सैनीवास, रामकिशन भाकर, रामकुमार श्योराण, रघुबीर ओला, ताराचंद, जागीर सिंह सहित कई किसान मौजूद रहे।