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बर्फीली हवाओं से घरों में दुबके लोग
Hisar
Updated Sun, 22 Dec 2013 05:49 AM IST
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हिसार। शीत लहर से सर्दी चरम पर है। उत्तर भारत में कुछ स्थानों पर 22 और 23 दिसंबर बारिश की संभावना है। 26 और 27 दिसंबर को बारिश के चलते पारा गिरने की संभावना है। अब तक शनिवार सर्द मौसम का सबसे ठंडा दिन रही। शीत लहरों का असर सड़क और रेल यातायात पर भी पड़ रहा है। हिसार में चार दिनों से चल रही बर्फीली हवाओं के कारण लोग घरों में दुबके हैं। 14 दिसंबर के बाद हिसार में दोपहर का तापमान कम होता जा रहा है। 14 दिसंबर को दिन का तापमान 26.4 डिग्री सेल्सियस था, 21 दिसंबर को 15.5 डिग्री सेल्सियस पहुंच गया है। मैदानी क्षेत्रों में यह तापमान 14.8 डिग्री सेल्सियस के आसपास रहा। ठंड का प्रकोप बर्फीली हवाओं के लगातार चलने से ज्यादा हुआ है। शनिवार को पार्कों में सन्नाटा छाया रहा। वहीं, बाजारों में शाम छह बजे के बाद भीड़ कम देखने को मिली। कड़ाके की ठंड में स्कूली बच्चों को परेशानियां उठानी पड़ीं।
मौसम वैज्ञानिकों का मानना है कि यह स्थिति कुछ दिन और चलेगी। हरियाणा कृषि विश्वविद्यालय स्थित मौसम विभाग के अध्यक्ष डॉ. रामनिवास ने बताया कि दिन और रात में अंतर कम होने के कारण ठंड का अहसास ज्यादा हो रहा है। उन्होंने बताया कि 23 दिसंबर तक बादलवाई रहेगी। 22 या 23 दिसंबर को उत्तर भारत में कहीं-कहीं बूंदाबांदी हो सकती है। इसके बाद 26 और 27 दिसंबर को बारिस की संभावना है।
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मौसम वैज्ञानिकों का मानना है कि यह स्थिति कुछ दिन और चलेगी। हरियाणा कृषि विश्वविद्यालय स्थित मौसम विभाग के अध्यक्ष डॉ. रामनिवास ने बताया कि दिन और रात में अंतर कम होने के कारण ठंड का अहसास ज्यादा हो रहा है। उन्होंने बताया कि 23 दिसंबर तक बादलवाई रहेगी। 22 या 23 दिसंबर को उत्तर भारत में कहीं-कहीं बूंदाबांदी हो सकती है। इसके बाद 26 और 27 दिसंबर को बारिस की संभावना है।
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