{"_id":"64da70e56bdb7f0c44044b9c","slug":"5-resolutions-passed-in-sadbhavna-panchayat-no-permission-for-religious-political-travel-in-nuh-hisar-news-c-21-hsr1005-199179-2023-08-14","type":"story","status":"publish","title_hn":"Hisar News: सद्भावना पंचायत में 5 प्रस्ताव पारित, नूंह में धार्मिक-राजनीतिक यात्रा को न मिले इजाजत","category":{"title":"City & states","title_hn":"शहर और राज्य","slug":"city-and-states"}}
Hisar News: सद्भावना पंचायत में 5 प्रस्ताव पारित, नूंह में धार्मिक-राजनीतिक यात्रा को न मिले इजाजत
विज्ञापन
हिसार। पगड़ी संभाल जट्टा किसान संघर्ष समिति के तत्वावधान में लघु सचिवालय के बाहर 75 दिन से जारी पक्के मोर्चे पर रविवार को सद्भावना पंचायत का आयोजन किया गया। पंचायत में सर्वसहमति से 5 प्रस्ताव पारित किए गए। इनके अनुसार नूंह में हालात व तनाव के मद्देनजर किसी भी तरह की धार्मिक व राजनीतिक यात्रा की इजाजत न दी जाए। किसी भी यात्रा से अगर माहौल खराब होता है तो उसके लिए नूंह प्रशासन व सरकार जिम्मेदार होगी। सोशल मीडिया पर भड़काऊ पोस्ट डालने वालों पर कार्रवाई हो, ऐसी किसी पोस्ट को तुरंत हटाया जाए। अल्पसंख्यकों के खिलाफ फतवे जारी कर रहीं पंचायतों को निलंबित किया जाए और उन पर आपराधिक मुकदमा दर्ज किया जाए। साथ ही सांप्रदायिक सौहार्द कायम करने के सचेत प्रयास किए जाए।
देश विभाजन के समय नूंह के लोगों के भाईचारे की मिसाल की थी कायम
पंचायत में नूंह से आए डाॅ. अशफाक आलम ने कहा कि आज देश व प्रदेश की सरकार नूंह के सांप्रदायिक सौहार्द को बिगाड़ने के प्रयास कर रही है। यहां इतिहास सांप्रदायिक सौहार्द का रहा है। 1947 के भारत पाक विभाजन के समय भी नूंह के लोगों ने भाईचारे और एकता की मिसाल कायम की हैं। नूंह में आज शिक्षा की जरूरत है। सरकार जानबूझकर उस इलाके को पिछड़ा रखना चाहती है। एडवोकेट समय सिंह ने कहा कि मुस्लिमों ने मुझे ब्लॉक समिति में जिताया और अपने समुदाय के उम्मीदवार को हराया।
विज्ञापन
देश विभाजन के समय नूंह के लोगों के भाईचारे की मिसाल की थी कायम
पंचायत में नूंह से आए डाॅ. अशफाक आलम ने कहा कि आज देश व प्रदेश की सरकार नूंह के सांप्रदायिक सौहार्द को बिगाड़ने के प्रयास कर रही है। यहां इतिहास सांप्रदायिक सौहार्द का रहा है। 1947 के भारत पाक विभाजन के समय भी नूंह के लोगों ने भाईचारे और एकता की मिसाल कायम की हैं। नूंह में आज शिक्षा की जरूरत है। सरकार जानबूझकर उस इलाके को पिछड़ा रखना चाहती है। एडवोकेट समय सिंह ने कहा कि मुस्लिमों ने मुझे ब्लॉक समिति में जिताया और अपने समुदाय के उम्मीदवार को हराया।
विज्ञापन