{"_id":"5ba941e7867a55013b1110ce","slug":"201537819111-hisar-news","type":"story","status":"publish","title_hn":"गरीबों पर पड़ी बारिश की मार, तीन आशियाने गिरे","category":{"title":"City & states","title_hn":"शहर और राज्य","slug":"city-and-states"}}
गरीबों पर पड़ी बारिश की मार, तीन आशियाने गिरे
Updated Tue, 25 Sep 2018 01:28 AM IST
विज्ञापन
खबरें लगातार पढ़ने के लिए अमर उजाला एप डाउनलोड करें
या
वेबसाइट पर पढ़ना जारी रखने के लिए वीडियो विज्ञापन देखें
अगर आपके पास प्रीमियम मेंबरशिप है तो
विज्ञापन
नारनौंद। बीते तीन दिनों से हो रही बारिश के कारण राखी खास के एक किसान का आशियाना ढह गया। इसके कारण घर का सारा सामान नष्ट हो गया। कोथकलां गांव में भी मकान के गिरने से एक महिला घायल हो गई।
राखी खास निवासी किसान कुलदीप ने बताया कि लगातार तीन दिन की बारिश से मकान की छत से पानी टपकने लग गया। इसके कारण परिवार के लोग मकान से बाहर निकल गए। कुछ ही समय बाद अचानक जोरदार धमाका हुआ। उनकी आंखों के सामने ही उनका आशियाना ध्वस्त हो गया और घर में रखा सारा सामान भी मलबे के नीचे दब गया। किसान कुलदीप ने बताया कि वह एक छोटा सा किसान है। ग्रामीणों ने कहा की किसान की आर्थिक स्थिति काफी कमजोर होने के चलते सरकार से अनुरोध है कि किसान कुलदीप की आर्थिक सहायता की जाए।
दूसरी ओर कोथकलां निवासी सुरेश पुत्र दरिया के मकान की भी छत गिर गई। मकान में उस समय घर के सभी सदस्य सोए हुए थे और पशु भी उसी मकान में बंधे हुए थे। अचानक मकान की छत गिरने की आवाज से परिवार उठा तो देखा जिस कमरे में पशु बंधे हुए थे, उसकी छत गिर गई है। पशुओं के साथ सो रही एक महिला भी जख्मी हो गई और भैंसों को भी चोटें आई हैं। नारनौंद में वार्ड-12 में भी राजकुमार के मकान की छत गिर गई। नारनौंद के राजकीय वरिष्ठ माध्यमिक विद्यालय की दीवार भी बारिश के कारण ढह गई।
राखी खास निवासी किसान कुलदीप ने बताया कि लगातार तीन दिन की बारिश से मकान की छत से पानी टपकने लग गया। इसके कारण परिवार के लोग मकान से बाहर निकल गए। कुछ ही समय बाद अचानक जोरदार धमाका हुआ। उनकी आंखों के सामने ही उनका आशियाना ध्वस्त हो गया और घर में रखा सारा सामान भी मलबे के नीचे दब गया। किसान कुलदीप ने बताया कि वह एक छोटा सा किसान है। ग्रामीणों ने कहा की किसान की आर्थिक स्थिति काफी कमजोर होने के चलते सरकार से अनुरोध है कि किसान कुलदीप की आर्थिक सहायता की जाए।
विज्ञापन
दूसरी ओर कोथकलां निवासी सुरेश पुत्र दरिया के मकान की भी छत गिर गई। मकान में उस समय घर के सभी सदस्य सोए हुए थे और पशु भी उसी मकान में बंधे हुए थे। अचानक मकान की छत गिरने की आवाज से परिवार उठा तो देखा जिस कमरे में पशु बंधे हुए थे, उसकी छत गिर गई है। पशुओं के साथ सो रही एक महिला भी जख्मी हो गई और भैंसों को भी चोटें आई हैं। नारनौंद में वार्ड-12 में भी राजकुमार के मकान की छत गिर गई। नारनौंद के राजकीय वरिष्ठ माध्यमिक विद्यालय की दीवार भी बारिश के कारण ढह गई।
विज्ञापन