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सफाई अभियान - इधर झाडू उठा फोटो खिंचवाई, उधर सेक्टर 27-2
Updated Wed, 03 Oct 2018 01:16 AM IST
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अमर उजाला ब्यूरो
हिसार। एक तरफ जहां पूरे शहर में झाडू उठाकर फोटो खिंचवाने की होड़ मची हुई थी, वहीं दूसरी ओर सेक्टर-27, 28 इंडस्ट्रियल एरिया की गलियों में सीवरेज ओवरफ्लो होने के कारण गंदे पानी की बाढ़-सी आई हुई थी। मंगलवार को जिलेभर में राष्ट्रपिता महात्मा गांधी की जयंती मनाते हुए सफाई अभियान चला। कहीं साफ-सफाई की गई तो कहीं स्वच्छता रैलियां निकाली गईं।
सेक्टर 27-28 के इंडस्ट्रियल एरिया की गलियां सीवरेज के गंदे पानी से भरी रही। बारिश के बाद बिजली का ट्रांसफार्मर खराब होने के कारण इस जगह के सीवरेज के पानी को डिस्पोजल के जरिये किसानों के खेतों में नहीं पहुंचाया जा सका है। अब सीवरेज ओवरफ्लो हो गए और पानी गलियों में जमा हो गया। करीब 50 फैक्टरियों की डेढ़ हजार से अधिक लेबर से लेकर उद्योगपति तक परेशान हैं। उद्योगपति पिछले चार दिन से हुडा अधिकारियों को इस संबंध में शिकायत कर रहे हैं, लेकिन अभी तक कोई समाधान नहीं हुआ है।
उद्योगपति बोले, क्या फायदा ऐसे स्वच्छता अभियान का
फैक्टरी मालिकों का कहना है कि इंडस्ट्रियल एरिया सबसे पॉश एरिया माना जाता है। मगर यहां सुविधाओं के नाम पर कुछ नहीं है। बारिश आ जाए तो भी यहां चार-चार दिन तक पानी की निकासी नहीं होती है। अब बिना बारिश के भी सीवरेज का पानी ओवरफ्लो होकर गलियों में सड़ांध मार रहा है। हालात ऐसे हैं कि इन गलियों से छोटी गाड़ियां लेकर भी नहीं निकला जा सकता है। लेबर को भी टाटा एस या अन्य गाड़ी में बिठाकर फिर फैक्टरी के अंदर तक ले जाया जाता है। उद्योगपतियों का कहना है कि ऐसे स्वच्छता का क्या फायदा है, जहां सांस लेना भी मुश्किल हो गया है।
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सांसद दुष्यंत चौटाला ने भी किया था दौरा
कुछ दिन पहले इस इलाके का सांसद दुष्यंत ने भी दौरा किया था। सांसद ने भी एरिया के हालात देखकर हैरानी जताई थी। उन्होंने उद्योगपतियों को आश्वासन दिया था कि हुडा अधिकारियों से बातचीत कर यहां के हालात सुधारे जाएंगे। इस एरिया में सड़कों पर पानी जमा होने के कारण सड़कों में गड्ढे बन चुके हैं।
सुबह निकाली प्रभातफेरी, बाद में चलाया अभियान
नगर निगम की स्वच्छता शाखा की ओर से पहले सुबह प्रभातफेरी निकाली गई, जबकि बाद में सफाई अभियान चलाया गया। निगम के अधिकारियों ने अलग-अलग टीमें बनाकर सफाई कर्मियों के साथ सफाई की और लोगों को स्वच्छता रखने के लिए प्रेरित किया। उधर, महाबीर स्टेडियम से खिलाड़ियों ने जागरुकता रैली निकालकर स्वच्छता का संदेश दिया।
डस्टबिन में बछड़ी मुंह मारती रही
रेलवे स्टेशन पर भी मंगलवार को अजब नजारा देखने को मिला। एक तरफ स्टेशन अधीक्षक स्वच्छता रैली निकाल रहे थे और रेलवे कर्मचारी परिसर में सफाई कर रहे थे तो वहीं स्टेशन पर रखे डस्टबिन में एक बछड़ी मुंह मार रही थी। इस ओर किसी का ध्यान नहीं गया कि स्टेशन पर यह बछड़ी कहां से आई।
हमारे बिजली के ट्रांसफार्मर में कुछ तकनीकी खराबी आ गई थी। मगर उसे छुट्टी का दिन होने के बावजूद मंगलवार को ठीक करवा दिया है। फिर भी सप्लाई नहीं आई है तो बुधवार को दोबारा चेक करवा देंगे।
-संजय सांगवान, एसडीओ, सातरोड सब डिविजन
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हिसार। एक तरफ जहां पूरे शहर में झाडू उठाकर फोटो खिंचवाने की होड़ मची हुई थी, वहीं दूसरी ओर सेक्टर-27, 28 इंडस्ट्रियल एरिया की गलियों में सीवरेज ओवरफ्लो होने के कारण गंदे पानी की बाढ़-सी आई हुई थी। मंगलवार को जिलेभर में राष्ट्रपिता महात्मा गांधी की जयंती मनाते हुए सफाई अभियान चला। कहीं साफ-सफाई की गई तो कहीं स्वच्छता रैलियां निकाली गईं।
सेक्टर 27-28 के इंडस्ट्रियल एरिया की गलियां सीवरेज के गंदे पानी से भरी रही। बारिश के बाद बिजली का ट्रांसफार्मर खराब होने के कारण इस जगह के सीवरेज के पानी को डिस्पोजल के जरिये किसानों के खेतों में नहीं पहुंचाया जा सका है। अब सीवरेज ओवरफ्लो हो गए और पानी गलियों में जमा हो गया। करीब 50 फैक्टरियों की डेढ़ हजार से अधिक लेबर से लेकर उद्योगपति तक परेशान हैं। उद्योगपति पिछले चार दिन से हुडा अधिकारियों को इस संबंध में शिकायत कर रहे हैं, लेकिन अभी तक कोई समाधान नहीं हुआ है।
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उद्योगपति बोले, क्या फायदा ऐसे स्वच्छता अभियान का
फैक्टरी मालिकों का कहना है कि इंडस्ट्रियल एरिया सबसे पॉश एरिया माना जाता है। मगर यहां सुविधाओं के नाम पर कुछ नहीं है। बारिश आ जाए तो भी यहां चार-चार दिन तक पानी की निकासी नहीं होती है। अब बिना बारिश के भी सीवरेज का पानी ओवरफ्लो होकर गलियों में सड़ांध मार रहा है। हालात ऐसे हैं कि इन गलियों से छोटी गाड़ियां लेकर भी नहीं निकला जा सकता है। लेबर को भी टाटा एस या अन्य गाड़ी में बिठाकर फिर फैक्टरी के अंदर तक ले जाया जाता है। उद्योगपतियों का कहना है कि ऐसे स्वच्छता का क्या फायदा है, जहां सांस लेना भी मुश्किल हो गया है।
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सांसद दुष्यंत चौटाला ने भी किया था दौरा
कुछ दिन पहले इस इलाके का सांसद दुष्यंत ने भी दौरा किया था। सांसद ने भी एरिया के हालात देखकर हैरानी जताई थी। उन्होंने उद्योगपतियों को आश्वासन दिया था कि हुडा अधिकारियों से बातचीत कर यहां के हालात सुधारे जाएंगे। इस एरिया में सड़कों पर पानी जमा होने के कारण सड़कों में गड्ढे बन चुके हैं।
सुबह निकाली प्रभातफेरी, बाद में चलाया अभियान
नगर निगम की स्वच्छता शाखा की ओर से पहले सुबह प्रभातफेरी निकाली गई, जबकि बाद में सफाई अभियान चलाया गया। निगम के अधिकारियों ने अलग-अलग टीमें बनाकर सफाई कर्मियों के साथ सफाई की और लोगों को स्वच्छता रखने के लिए प्रेरित किया। उधर, महाबीर स्टेडियम से खिलाड़ियों ने जागरुकता रैली निकालकर स्वच्छता का संदेश दिया।
डस्टबिन में बछड़ी मुंह मारती रही
रेलवे स्टेशन पर भी मंगलवार को अजब नजारा देखने को मिला। एक तरफ स्टेशन अधीक्षक स्वच्छता रैली निकाल रहे थे और रेलवे कर्मचारी परिसर में सफाई कर रहे थे तो वहीं स्टेशन पर रखे डस्टबिन में एक बछड़ी मुंह मार रही थी। इस ओर किसी का ध्यान नहीं गया कि स्टेशन पर यह बछड़ी कहां से आई।
हमारे बिजली के ट्रांसफार्मर में कुछ तकनीकी खराबी आ गई थी। मगर उसे छुट्टी का दिन होने के बावजूद मंगलवार को ठीक करवा दिया है। फिर भी सप्लाई नहीं आई है तो बुधवार को दोबारा चेक करवा देंगे।
-संजय सांगवान, एसडीओ, सातरोड सब डिविजन