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यूरोप की सबसे ऊंची चोटी पर चढ़ेगा टोहाना का छोरा
fatehabad
Updated Sat, 31 May 2014 11:38 PM IST
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टोहाना के पवर्तारोही रामलाल शर्मा को यूरोप की सबसे ऊंची चोटी माउंट एल्ब्रुश पर चढ़ने का निमंत्रण प्राप्त हुआ। टेक्नीकल पीक की ऊंचाई 18510 फीट है। सात महाद्वीपों की विश्व शांति यात्रा अभियान 5 जुलाई 2014 से शुरू होगी। इस अभियान में पूरे भारत से 5 पर्वतारोहियों का दल भाग ले रहा है।
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इस अभियान का नेतृत्व महाराष्ट्र से माउंट एवरेस्ट विजेता आनंद बैनसोडे़ कर रहे हैं। सहायक नेतृत्व पर्वतारोही माउंट एवरेस्ट विजेता रामलाल शर्मा टोहाना कर रहे हैं और इसमें अन्य तीन पर्वतारोही उत्तर प्रदेश से रवि कुमार, गुजरात से शशिकान्त बघेला तथा टीम मैनेज करने का कार्य प्रतीक गुप्ता कर रहे हैं।
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अकेला पवर्तारोही हरियाणा से
राम लाल शर्मा ने बताया कि माउंट एल्ब्रुश, सात महाद्वीपों की चोटियों में से एक है। चोटी पर गिटार द्वारा राष्ट्रगान की धुनों पर वर्ल्ड रिकार्ड बनाने जा रहे हैं। आज तक सात महाद्वीपों की यात्रा किसी भारतीय पुरुष ने नहीं की है जो कि पूरी टीम में हरियाणा का अकेला पर्वतारोही रामलाल शर्मा टोहाना से करने जा रहा है। यह चोटी रूस में स्थित है। रामलाल की रवानगी बालीवुड के स्टार सिद्धार्थ मल्होत्रा (हंसी तो फंसी के नायक, स्टूडेंट ऑफ द ईयर) मुंबई से करेंगे।
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गिटार की धुन पर चढ़ेगा
रामलाल शर्मा के मार्गदर्शक विनय वर्मा ने कहा कि यह टोहाना और हरियाणा प्रदेश के लिए गौरव की बात है कि प्रदेश का एक गरीब मजदूर का बेटा भारत का तिरंगा फहराने यूरोप की कठिन और दुर्गम बर्फीली चोटी पर गिटार से राष्ट्रगान की धुन बजाएगा और टोहाना के नाम से वर्ल्ड रिकार्ड बनेगा। रामलाल शर्मा ने इस उपलब्धि का श्रेय टोहाना की जनता और मीडिया को दिया।
माउंट एवरेस्ट पर कर चुका है चढ़ाई
टोहाना का रामलाल शर्मा माउंट एवरेस्ट पर चढ़ाई कर चुका है। सबसे ऊंची चोटी पर चढ़ने के बाद रामलाल कर्ज में डूब गया था। अपने ऊपर लाखों का कर्ज उतारने के लिए रामलाल को सब्जी की रेहड़ी तक लगानी पड़ी थी। अमर उजाला में खबर छपने के बाद सिद्धार्थ मल्होत्रा ने रामलाल शर्मा से संपर्क साधा और सीरियल में काम करने का मौका दिया था।
घरवालों ने की मिठाई वितरित
इस अवसर पर रामलाल के घर मिठाई बांटकर खुशी का इजहार किया गया। रामलाल के पिता सतपल शर्मा के चेहरे पर खुशी देखते ही बन रही थी। इस अवसर पर रामलाल शर्मा की माता केलो देवी से बात कि तो उन्होंने कहा कि मुझे बहुत खुशी है कि मेरे बेटे का चयन हुआ है। जब उनसे सरकार से मदद के बारे में पूछा गया तो उन्होंने कहा कि सरकार ने हमारी कोई मदद नहीं की है।
उन्होंने अमर उजाला का धन्यवाद करते हुए कहा कि अमर उजाला न्यूज पेपर ने रामलाल की सब्जी की रेहड़ी लगाने वाली खबर को प्रमुखता से प्रकाशित किया तो रामलाल को मुंबई जाने का मौका मिला। इस समय रामलाल के घर आस-पास के लोगाें का बधाई देने वालों का तांता लगा हुआ है।