{"_id":"5f3c8eec2cb92268a058103ab633b729","slug":"student-portest-for-the-teacher-hindi-news","type":"story","status":"publish","title_hn":"स्कूलों में अध्यापक न होने पर बिफरे विद्यार्थी, कक्षाओं का किया बहिष्कार","category":{"title":"City & states","title_hn":"शहर और राज्य","slug":"city-and-states"}}
स्कूलों में अध्यापक न होने पर बिफरे विद्यार्थी, कक्षाओं का किया बहिष्कार
ब्यूरो/अमर उजाला फतेहाबाद
Updated Tue, 25 Aug 2015 12:22 AM IST
विज्ञापन
सरकारी स्कूल में अध्यापकों की कमी को लेकर हरियाणा छात्र यूनियन व शहीद भगत सिंह नौजवान सभा के तत्वावधान में स्कूल के विद्यार्थियों ने कक्षाओं का बहिष्कार कर हड़ताल कर दी व अपनी मांगों को लेकर सरकार के खिलाफ नारेबाजी करते हुए शहर भर में रोष मार्च निकाला।
रतिया के सरकारी स्कूलों में पिछले काफी समय से अध्यापकों की कमी चल रही है। जिस कारण विद्यार्थियों की पढ़ाई बाधित हो रही है। इसको लेकर विद्यार्थियों ने अध्यापकों की कमी को खत्म करने के लिए एसडीएम के माध्यम से मुख्यमंत्री के नाम ज्ञापन भेजा था।
लेकिन सरकार की तरफ से कोई कदम न उठाए जाने के विरोध स्वरूप सोमवार को स्कूली विद्यार्थियों ने कक्षाओं का बहिष्कार कर दिया और हड़ताल कर दी। हरियाणा छात्र यूनियन व शहीद भगत सिंह नौजवान सभा के नेतृत्व में विद्यार्थियों ने शहर में रोष मार्च निकाला और सरकार व शिक्षा विभाग के खिलाफ जमकर नारेबाजी की।
विज्ञापन
इस अवसर पर शहीद भगत सिंह नौजवान सभा के प्रदेश महासचिव मनदीप सिंह, छात्र यूनियन के गुरदीप सिंह ने संयुक्त रूप से कहा कि सरकार की गल्त नीतियों के चलते आज विद्यार्थियों का भविष्य अंधकारमय हो गया है। पिछले काफी समय से रतिया के स्कूलों में अध्यापकों की कमी चल रही है जिसमें साइंस, गणित, अंग्रेजी के विषयों, के अध्यापकों की भारी कमी है जिससे रतिया के हजारों विद्यार्थियों की पढ़ाई बाधित हो रही है।
उन्होंने कहा कि इस मांग को लेकर पहले भी मुख्यमंत्री के नाम ज्ञापन भेजा जा चुका है लेकिन सरकार ने इस ओर कोई ध्यान नहीं दिया। छात्र यूनियन व नौजवान सभा के सदस्यों ने कहा कि उनकी मांग है कि स्कूलों में अध्यापकों की कमी को तुरंत पूरा किया जाए, शिक्षा का व्यापारीकरण व निजीकरण रोका जाए और भगवाकरण बंद किया जाए, सरकारी बस पास को प्राइवेट बसों में लागू कराया जाए, स्कूलों में आरओ युक्त पानी का प्रबंध किया जाए।
विद्यार्थियों ने कहा कि यदि उनकी समस्या का समाधान न किया गया तो वे आंदोलन करेंगे। इस अवसर पर गुरलाल, मनप्रीत, हनी, नवजीत, सुरेंद्र, मक्खन, सुरजीत सहित सैकड़ों विद्यार्थी मौजूद थे।
विज्ञापन
रतिया के सरकारी स्कूलों में पिछले काफी समय से अध्यापकों की कमी चल रही है। जिस कारण विद्यार्थियों की पढ़ाई बाधित हो रही है। इसको लेकर विद्यार्थियों ने अध्यापकों की कमी को खत्म करने के लिए एसडीएम के माध्यम से मुख्यमंत्री के नाम ज्ञापन भेजा था।
विज्ञापन
लेकिन सरकार की तरफ से कोई कदम न उठाए जाने के विरोध स्वरूप सोमवार को स्कूली विद्यार्थियों ने कक्षाओं का बहिष्कार कर दिया और हड़ताल कर दी। हरियाणा छात्र यूनियन व शहीद भगत सिंह नौजवान सभा के नेतृत्व में विद्यार्थियों ने शहर में रोष मार्च निकाला और सरकार व शिक्षा विभाग के खिलाफ जमकर नारेबाजी की।
विज्ञापन
इस अवसर पर शहीद भगत सिंह नौजवान सभा के प्रदेश महासचिव मनदीप सिंह, छात्र यूनियन के गुरदीप सिंह ने संयुक्त रूप से कहा कि सरकार की गल्त नीतियों के चलते आज विद्यार्थियों का भविष्य अंधकारमय हो गया है। पिछले काफी समय से रतिया के स्कूलों में अध्यापकों की कमी चल रही है जिसमें साइंस, गणित, अंग्रेजी के विषयों, के अध्यापकों की भारी कमी है जिससे रतिया के हजारों विद्यार्थियों की पढ़ाई बाधित हो रही है।
उन्होंने कहा कि इस मांग को लेकर पहले भी मुख्यमंत्री के नाम ज्ञापन भेजा जा चुका है लेकिन सरकार ने इस ओर कोई ध्यान नहीं दिया। छात्र यूनियन व नौजवान सभा के सदस्यों ने कहा कि उनकी मांग है कि स्कूलों में अध्यापकों की कमी को तुरंत पूरा किया जाए, शिक्षा का व्यापारीकरण व निजीकरण रोका जाए और भगवाकरण बंद किया जाए, सरकारी बस पास को प्राइवेट बसों में लागू कराया जाए, स्कूलों में आरओ युक्त पानी का प्रबंध किया जाए।
विद्यार्थियों ने कहा कि यदि उनकी समस्या का समाधान न किया गया तो वे आंदोलन करेंगे। इस अवसर पर गुरलाल, मनप्रीत, हनी, नवजीत, सुरेंद्र, मक्खन, सुरजीत सहित सैकड़ों विद्यार्थी मौजूद थे।