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रेफर सेंटर बने सरकारी अस्पताल, इमरजेंसी से 65 फीसदी मरीज मरहम-पट्टी के बाद रेफर
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जिले के सरकारी अस्पतालों की इमरजेंसी में आने वालों में 65 फीसदी से ज्यादा मरीज अग्रोहा मेडिकल रेफर हो रहे हैं। दुर्घटना में अगर कोई गंभीर रूप से घायल हुआ है और नागरिक अस्पताल लाया गया है तो मरहम-पट्टी के बाद अग्रोहा मेडिकल रेफर किया जा रहा है। अस्पताल में न जांच की सुविधा है और न ही विशेषज्ञ हैं। यहां से मात्र प्राथमिक उपचार के बाद गंभीर मरीजों को अग्रोहा मेडिकल रेफर किया जा रहा है।
जिले में डॉक्टरों के 145 पद स्वीकृत हैं इसमें से 95 पद खाली पड़े हैं। जिला नागरिक अस्पताल के भी ये ही हालात हैं। यहां 42 डॉक्टरों में से आधे भी नहीं हैं। इसके अलावा जिला मुख्यालय में भी विशेषज्ञों की कमी है। जांच के नाम पर कोई सुविधा नहीं है। अल्ट्रासाउंड सेंटर तक बंद है। दो बजे के बाद एक्सरे सुविधा भी बंद हो जाती है। जिला अस्पताल की अगर बात की जाए तो यहां पर सर्जन नहीं है। वरिष्ठ चिकित्सा अधिकारी रहे डॉ. ओपी दहमीवाल की मौत के बाद यहां पर नया कोई सर्जन नहीं आया है। अस्पताल को दो माह के लिए डेपुटेशन पर ऑर्थो मिला था लेकिन अप्रैल में डेपुटेशन खत्म होने के बाद आर्थो भी चला गया। इसके चलते दुर्घटना में घायलों को अग्रोहा रेफर किया जा रहा है। अस्पताल में मेडिसिन विशेषज्ञ ही नहीं है जबकि यहां पर सबसे ज्यादा जरूरत है। छाती रोग विशेषज्ञ ही इन मरीजों की जांच कर रहे हैं।
जानिए क्या है जिले में डॉक्टरों की स्थिति
अस्पताल स्वीकृत पद कार्यरत खाली
सिविल अस्पताल फतेहाबाद 42 17 25
पॉलीक्लीनिक हुडा 2 1 1
सिविल अस्पताल टोहाना 13 6 7
सिविल अस्पताल रतिया 13 2 11
पीएचसी हिजरावां 2 0 2
पीएचसी नागपुर 2 1 1
पीएचसी महमड़ा 2 0 2
पीएचसी अहरवां 2 1 1
पीएचसी भिरड़ाना 2 1 1
पीएचसी हसंगा 2 0 2
पीएचसी भूथनकलां 2 0 2
सीएचसी भट्टूकलां 7 2 5
पीएचसी पीलीमंदोरी 2 1 1
पीएचसी बनगांव 2 2 0
पीएचसी खैरातीखेड़ा 2 2 0
पीएचसी खाबड़ाकलां 2 0 2
सीएचसी बड़ोपल 7 1 6
पीएचसी बीघड़ 2 0 2
सीएचसी जाखल 7 4 3
पीएचसी मामुपुर 2 1 1
पीएचसी समैन 2 0 2
पीएचसी इंदाछुई 2 0 2
पीएचसी कुलां 2 0 2
पीएचसी म्योंदकलां 2 0 2
सीएचसी भूना 7 1 6
पीएचसी पिरथला 2 2 0
पीएचसी झलनियां 2 1 1
पीएचसी एमपीरोही 2 1 1
पीएचसी नहला 2 0 2
ये भी जानिए स्थिति
जनसंख्या : 11 लाख
नागरिक अस्पताल : 3
सीएचसी : 5
पीएचसी : 21
इमरजेंसी से पिछले साल 65 फीसदी मरीज हुए रेफर
विशेषज्ञों की कमी के चलते नागरिक अस्पताल की इमरजेंसी से करीब 65 फीसदी मरीजों को अग्रोहा मेडिकल रेफर किया जा रहा है। नागरिक अस्पताल की इमरजेंसी में पिछले साल करीब 3750 मरीज आए थे। इसमें से 2251 मरीजों को हायर सेंटर के लिए रेफर कर दिया गया।
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कोट
अस्पताल में डॉक्टरों की कमी है, इसको लेकर डिमांड मुख्यालय के पास भेजी गई है। जिला मुख्यालय में डॉक्टरों की कमी को पूरा करने का प्रयास किया जा रहा है। तीसरी लहर को लेकर भी हमारी तैयारियां चल रही है।
- डॉ. वीरेश भूषण, सिविल सर्जन।
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जिले में डॉक्टरों के 145 पद स्वीकृत हैं इसमें से 95 पद खाली पड़े हैं। जिला नागरिक अस्पताल के भी ये ही हालात हैं। यहां 42 डॉक्टरों में से आधे भी नहीं हैं। इसके अलावा जिला मुख्यालय में भी विशेषज्ञों की कमी है। जांच के नाम पर कोई सुविधा नहीं है। अल्ट्रासाउंड सेंटर तक बंद है। दो बजे के बाद एक्सरे सुविधा भी बंद हो जाती है। जिला अस्पताल की अगर बात की जाए तो यहां पर सर्जन नहीं है। वरिष्ठ चिकित्सा अधिकारी रहे डॉ. ओपी दहमीवाल की मौत के बाद यहां पर नया कोई सर्जन नहीं आया है। अस्पताल को दो माह के लिए डेपुटेशन पर ऑर्थो मिला था लेकिन अप्रैल में डेपुटेशन खत्म होने के बाद आर्थो भी चला गया। इसके चलते दुर्घटना में घायलों को अग्रोहा रेफर किया जा रहा है। अस्पताल में मेडिसिन विशेषज्ञ ही नहीं है जबकि यहां पर सबसे ज्यादा जरूरत है। छाती रोग विशेषज्ञ ही इन मरीजों की जांच कर रहे हैं।
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जानिए क्या है जिले में डॉक्टरों की स्थिति
अस्पताल स्वीकृत पद कार्यरत खाली
सिविल अस्पताल फतेहाबाद 42 17 25
पॉलीक्लीनिक हुडा 2 1 1
सिविल अस्पताल टोहाना 13 6 7
सिविल अस्पताल रतिया 13 2 11
पीएचसी हिजरावां 2 0 2
पीएचसी नागपुर 2 1 1
पीएचसी महमड़ा 2 0 2
पीएचसी अहरवां 2 1 1
पीएचसी भिरड़ाना 2 1 1
पीएचसी हसंगा 2 0 2
पीएचसी भूथनकलां 2 0 2
सीएचसी भट्टूकलां 7 2 5
पीएचसी पीलीमंदोरी 2 1 1
पीएचसी बनगांव 2 2 0
पीएचसी खैरातीखेड़ा 2 2 0
पीएचसी खाबड़ाकलां 2 0 2
सीएचसी बड़ोपल 7 1 6
पीएचसी बीघड़ 2 0 2
सीएचसी जाखल 7 4 3
पीएचसी मामुपुर 2 1 1
पीएचसी समैन 2 0 2
पीएचसी इंदाछुई 2 0 2
पीएचसी कुलां 2 0 2
पीएचसी म्योंदकलां 2 0 2
सीएचसी भूना 7 1 6
पीएचसी पिरथला 2 2 0
पीएचसी झलनियां 2 1 1
पीएचसी एमपीरोही 2 1 1
पीएचसी नहला 2 0 2
ये भी जानिए स्थिति
जनसंख्या : 11 लाख
नागरिक अस्पताल : 3
सीएचसी : 5
पीएचसी : 21
इमरजेंसी से पिछले साल 65 फीसदी मरीज हुए रेफर
विशेषज्ञों की कमी के चलते नागरिक अस्पताल की इमरजेंसी से करीब 65 फीसदी मरीजों को अग्रोहा मेडिकल रेफर किया जा रहा है। नागरिक अस्पताल की इमरजेंसी में पिछले साल करीब 3750 मरीज आए थे। इसमें से 2251 मरीजों को हायर सेंटर के लिए रेफर कर दिया गया।
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कोट
अस्पताल में डॉक्टरों की कमी है, इसको लेकर डिमांड मुख्यालय के पास भेजी गई है। जिला मुख्यालय में डॉक्टरों की कमी को पूरा करने का प्रयास किया जा रहा है। तीसरी लहर को लेकर भी हमारी तैयारियां चल रही है।
- डॉ. वीरेश भूषण, सिविल सर्जन।