{"_id":"6a4944456e7913a4db09d335","slug":"protests-against-the-agricultural-trade-agreement-and-inflation-fatehabad-news-c-127-1-ftb1011-156824-2026-07-04","type":"story","status":"publish","title_hn":"Fatehabad News: कृषि व्यापार समझौते और महंगाई के खिलाफ प्रदर्शन","category":{"title":"City & states","title_hn":"शहर और राज्य","slug":"city-and-states"}}
Fatehabad News: कृषि व्यापार समझौते और महंगाई के खिलाफ प्रदर्शन
Sat, 04 Jul 2026 11:05 PM IST
अमर उजाला ब्यूरो
संवाद न्यूज एजेंसी, फतेहाबाद
संवाद न्यूज एजेंसी, फतेहाबाद
Updated Sat, 04 Jul 2026 11:05 PM IST
विज्ञापन
रोष जताते हुए माकपा कार्यकर्ता :संवाद
रतिया। मार्क्सवादी कम्युनिस्ट पार्टी (माकपा) ने शनिवार को अमेरिका-भारत प्रस्तावित टैक्स मुक्त कृषि व्यापार समझौते, महंगाई, नीट पेपर लीक और बढ़ते अपराधों के विरोध में संजय गांधी चौक पर प्रदर्शन किया। कार्यकर्ताओं ने जुलूस निकालकर नारेबाजी की और केंद्र सरकार के खिलाफ प्रदर्शन किया।
प्रदर्शन की अध्यक्षता जिला कमेटी सदस्य कामरेड राजेंद्र प्रसाद बाटू ने की। कार्यकर्ता बाजार से जुलूस निकालते हुए संजय गांधी चौक पहुंचे जहां विरोध प्रदर्शन के बाद पुतला फूंका गया। जिला कमेटी सदस्य कामरेड रामकुमार बहबलपुरिया ने आरोप लगाया कि केंद्र सरकार देशहित की अनदेखी करते हुए अमेरिका के साथ टैक्स मुक्त कृषि व्यापार समझौते की दिशा में आगे बढ़ रही है।
उन्होंने कहा कि यदि अमेरिकी कृषि उत्पाद बिना टैक्स भारतीय बाजार में आए तो किसानों, छोटे व्यापारियों और मजदूरों पर प्रतिकूल प्रभाव पड़ेगा तथा कृषि और स्थानीय उद्योगों को नुकसान होगा। अंतरराष्ट्रीय परिस्थितियों के कारण तेल और गैस की कीमतों में वृद्धि का बोझ आम जनता उठा रही है। साथ ही नीट पेपर लीक मामलों की निष्पक्ष जांच कर दोषियों के विरुद्ध सख्त कार्रवाई की मांग भी उठाई। प्रदर्शन में छत्रपाल सिंह, जगीर सिंह, जसवीर सिंह, प्रभु सिंह, संतराम सहित अन्य कार्यकर्ता मौजूद रहे।
विज्ञापन
विज्ञापन
प्रदर्शन की अध्यक्षता जिला कमेटी सदस्य कामरेड राजेंद्र प्रसाद बाटू ने की। कार्यकर्ता बाजार से जुलूस निकालते हुए संजय गांधी चौक पहुंचे जहां विरोध प्रदर्शन के बाद पुतला फूंका गया। जिला कमेटी सदस्य कामरेड रामकुमार बहबलपुरिया ने आरोप लगाया कि केंद्र सरकार देशहित की अनदेखी करते हुए अमेरिका के साथ टैक्स मुक्त कृषि व्यापार समझौते की दिशा में आगे बढ़ रही है।
विज्ञापन
उन्होंने कहा कि यदि अमेरिकी कृषि उत्पाद बिना टैक्स भारतीय बाजार में आए तो किसानों, छोटे व्यापारियों और मजदूरों पर प्रतिकूल प्रभाव पड़ेगा तथा कृषि और स्थानीय उद्योगों को नुकसान होगा। अंतरराष्ट्रीय परिस्थितियों के कारण तेल और गैस की कीमतों में वृद्धि का बोझ आम जनता उठा रही है। साथ ही नीट पेपर लीक मामलों की निष्पक्ष जांच कर दोषियों के विरुद्ध सख्त कार्रवाई की मांग भी उठाई। प्रदर्शन में छत्रपाल सिंह, जगीर सिंह, जसवीर सिंह, प्रभु सिंह, संतराम सहित अन्य कार्यकर्ता मौजूद रहे।
विज्ञापन