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Fatehabad News: अस्पताल में लगे बिजली के कट, डॉक्टर अंधेरे में कर रहे उपचार
Thu, 18 Jun 2026 11:08 PM IST
अमर उजाला ब्यूरो
संवाद न्यूज एजेंसी, फतेहाबाद
संवाद न्यूज एजेंसी, फतेहाबाद
Updated Thu, 18 Jun 2026 11:08 PM IST
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फतेहाबाद के नागरिक अस्पताल में अंधेरे में मरीज की जांच करते हुए चिकित्सक संवाद
फतेहाबाद। नागरिक अस्पताल में बिजली सप्लाई के बार-बार बाधित होने से स्वास्थ्य सेवाएं प्रभावित हो रही हैं। हालात ऐसे हैं कि कई बार अचानक बिजली गुल होने पर डॉक्टरों और स्वास्थ्यकर्मियों को अंधेरे में ही मरीजों का उपचार करना पड़ रहा है। इससे मरीजों और उनके परिजनों को भारी परेशानी का सामना करना पड़ रहा है।
वीरवार को भी बिजली के बार-बार लग रहे कट के कारण डॉक्टरों को अंधेरे में ही मरीज जांचने पड़े। अस्पताल में बिजली कट लगने के बाद जेनरेटर तुरंत शुरू नहीं हो पाते क्योंकि उन्हें ऑटोमेटिक सिस्टम से नहीं जोड़ा गया है। बिजली जाते ही कुछ समय के लिए अस्पताल के विभिन्न वार्ड, ओपीडी और उपचार कक्ष अंधेरे में डूब जाते हैं। इस दौरान जांच और उपचार कार्य भी प्रभावित होता है। करीब 10 करोड़ से मरम्मत कार्य पर खर्च होने बावजूद भी हालात जस के तस बने हुए हैं।
सिटी वेल्फेयर क्लब के अध्यक्ष विनोद अरोड़ा का कहना है कि अस्पताल जैसे संवेदनशील संस्थान में निर्बाध बिजली आपूर्ति बेहद जरूरी है। ऑपरेशन, प्रसव, जांच और आपातकालीन सेवाओं के दौरान बिजली बाधित होना मरीजों की सुरक्षा के लिए जोखिम पैदा कर सकता है।
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- अस्पताल में अभी मरम्मत कार्य चल रहे हैं। ऐसे में बिजली कटौती की समस्या पर नजर रखी जा रही है। जनरेटर व्यवस्था को और प्रभावी बनाने के लिए आवश्यक कदम उठाए जाएंगे ताकि बिजली जाते ही वैकल्पिक व्यवस्था तत्काल शुरू हो सके।
-डॉ. बुधराम, सिविल सर्जन।
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वीरवार को भी बिजली के बार-बार लग रहे कट के कारण डॉक्टरों को अंधेरे में ही मरीज जांचने पड़े। अस्पताल में बिजली कट लगने के बाद जेनरेटर तुरंत शुरू नहीं हो पाते क्योंकि उन्हें ऑटोमेटिक सिस्टम से नहीं जोड़ा गया है। बिजली जाते ही कुछ समय के लिए अस्पताल के विभिन्न वार्ड, ओपीडी और उपचार कक्ष अंधेरे में डूब जाते हैं। इस दौरान जांच और उपचार कार्य भी प्रभावित होता है। करीब 10 करोड़ से मरम्मत कार्य पर खर्च होने बावजूद भी हालात जस के तस बने हुए हैं।
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सिटी वेल्फेयर क्लब के अध्यक्ष विनोद अरोड़ा का कहना है कि अस्पताल जैसे संवेदनशील संस्थान में निर्बाध बिजली आपूर्ति बेहद जरूरी है। ऑपरेशन, प्रसव, जांच और आपातकालीन सेवाओं के दौरान बिजली बाधित होना मरीजों की सुरक्षा के लिए जोखिम पैदा कर सकता है।
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- अस्पताल में अभी मरम्मत कार्य चल रहे हैं। ऐसे में बिजली कटौती की समस्या पर नजर रखी जा रही है। जनरेटर व्यवस्था को और प्रभावी बनाने के लिए आवश्यक कदम उठाए जाएंगे ताकि बिजली जाते ही वैकल्पिक व्यवस्था तत्काल शुरू हो सके।
-डॉ. बुधराम, सिविल सर्जन।