फ्री ई-पेपर
पर्सनलाइज़्ड फ़ीड
पर्सनलाइज़्ड नोटिफ़िकेशन
चलते-फिरते ख़बरें
लॉयल्टी रिवॉर्ड्स
डाउनलोड करें

सब्सक्राइब करें
Hindi News ›   Haryana ›   Fatehabad News ›   One doctor for 15 thousand people in the district, 63 percent posts are vacant, how to get medical facilities

जिले में 15 हजार लोगों पर एक डॉक्टर, 63 फीसदी पद खाली, कैसे मिले चिकित्सा सुविधा

Amar Ujala Bureau अमर उजाला ब्यूरो
Updated Wed, 06 Apr 2022 11:06 PM IST
विज्ञापन
One doctor for 15 thousand people in the district, 63 percent posts are vacant, how to get medical facilities
फतेहाबाद के नागरिक अस्पताल में ओपीडी रजिस्ट्रेशन करवाते मरीज। - फोटो : Fatehabad
फतेहाबाद। सरकार दावा कर रही है सरकारी अस्पतालों में मरीजों को बेहतर चिकित्सा सुविधा दी जा रही है लेकिन धरातल पर हकीकत कुछ और ही है। डॉक्टरों के 63 फीसदी पद खाली हैं। जानकर हैरानी होगी कि यहां पर 174 डॉक्टरों के पद हैं जबकि 109 पद खाली पड़े हैं। जिले में 15 हजार लोगों पर मात्र एक ही डॉक्टर है।
विज्ञापन

जिला अस्पताल में ही डॉक्टरों के 27 पद खाली पड़े हैं, यहां विशेषज्ञ तक नहीं है। महिला रोग विशेषज्ञ भी एक ही है। यहां पर आर्थो, सर्जन, फिजिशियन, शिशु रोग विशेषज्ञ के पद खाली है। शिशु रोग विशेषज्ञ आउटसोर्सिंग पर तैनात हैं। अस्पताल में एक ही महिला रोग विशेषज्ञ तैनात है। टोहाना में भी हालात अच्छे नहीं है, यहां 36 पद डॉक्टरों के खाली पड़े हैं। रतिया में भी डॉक्टरों के 9 पद खाली है।
विज्ञापन

अस्पताल पद स्वीकृत कार्यरत खाली
नागरिक अस्पताल फतेहाबाद 42 15 27
पॉलीक्लीनिक 2 0 2
नागरिक अस्पताल टोहाना 42 6 36
नागरिक अस्पताल रतिया 13 4 9
हिजरावां कलां 2 0 2
पीएचसी नागपुर 2 2 0
पीएचसी महमड़ा 2 2 0
पीएचसी अहरवां 2 2 0
पीएचसी भिरड़ाना 2 1 1
पीएचसी हसंगा 2 1 1
सीएचसी भूथनकलां 7 2 5
सीएचसी भट्टूकलां 7 2 5
पीएचसी पीलीमंदोरी 2 0 2
पीएचसी बनगांव 2 1 1
पीएचसी खैरातीखेड़ा 2 2 0
पीएचसी खाबड़ाकलां 2 0 2
सीएचसी बड़ोपल 7 6 1
पीएचसी बीघड़ 2 0 2
सीएचसी जाखल 7 6 1
पीएचसी मामुपुर 2 1 1
पीएचसी समैन 2 0 2
पीएचसी इंदाछुई 2 1 1
पीएचसी कुलां 2 2 0
पीएचसी म्योंदकलां 2 1 1
सीएचसी भूना 7 2 5
पीएचसी पिरथला 2 2 0
पीएचसी झलनियां 2 1 1
पीएचसी एमपी रोही 2 2 0
पीएचसी नहला 2 1 1
दो करोड़ से तैयार आईसीयू नहीं हुई शुरू
कोरोना महामारी की दूसरी लहर के दौरान नागरिक अस्पताल में आईसीयू का निर्माण शुरू हुआ था। दो करोड़ से आईसीयू बनकर तैयार हो चुकी है। 10 बेड की ये आईसीयू अभी तक शुरू नहीं हो पाई है। अगर आईसीयू शुरू होती है तो गंभीर मरीजों को रेफर करने की जरूरत नहीं पड़ेगी।
विज्ञापन
विज्ञापन

कोट
जिले में डॉक्टरों की कमी है। डॉक्टरों के पद भरने को लेकर मुख्यालय से डिमांड की गई है। हालांकि हम अपने स्तर पर व्यवस्था बनाकर मरीजों को चिकित्सा लाभ देने का प्रयास कर रहे हैं।
-डॉ. संगीता अबरोल, कार्यकारी सिविल सर्जन
विज्ञापन
विज्ञापन

रहें हर खबर से अपडेट, डाउनलोड करें Android Hindi News App, iOS Hindi News App और Amarujala Hindi News APP अपने मोबाइल पे|
Get all India News in Hindi related to live update of politics, sports, entertainment, technology and education etc. Stay updated with us for all breaking news from India News and more news in Hindi.

विज्ञापन
विज्ञापन
विज्ञापन

एड फ्री अनुभव के लिए अमर उजाला प्रीमियम सब्सक्राइब करें

Next Article

AU ऐप में पढ़ें

Followed