{"_id":"649b21782019e1ff2202add9","slug":"monsoon-active-recharge-borers-inactive-fatehabad-news-c-127-1-shsr1017-1404-2023-06-27","type":"story","status":"publish","title_hn":"Fatehabad News: मानसून सक्रिय, रिचार्ज बोर लगाने वाले निष्क्रिय","category":{"title":"City & states","title_hn":"शहर और राज्य","slug":"city-and-states"}}
Fatehabad News: मानसून सक्रिय, रिचार्ज बोर लगाने वाले निष्क्रिय
विज्ञापन
खबरें लगातार पढ़ने के लिए अमर उजाला एप डाउनलोड करें
या
वेबसाइट पर पढ़ना जारी रखने के लिए वीडियो विज्ञापन देखें
अगर आपके पास प्रीमियम मेंबरशिप है तो
फतेहाबाद। शहर को जलभराव से बचाने और जल संरक्षण को लिए वाटर हार्वेस्टिंग सिस्टम को लेकर अफसर गंभीर नहीं है। मानसून शुरू हो चुका है और नगर परिषद रिचार्ज बोर लगाने की सिर्फ अभी प्लानिंग ही कर रहा है। यानि की मानसून जाने के बाद ही रिचार्ज बोर लगने की प्रक्रिया पूरी हो पाएगी।
शहर में पांच रिचार्ज बोर लगाने के लिए टेंडर लगे हुए हैं और चार के अभी प्रपोजल तैयार किए गए हैं। ये वह जगह है जहां पर सबसे ज्यादा जलभराव होता है। इन चार जगहों पर रिचार्ज बोर लगाने के लिए अभी टेंडर ही नहीं लगा है। नगर परिषद द्वारा वार्ड नंबर 15, 16, 17, 23 और 27 में रिचार्ज बोर लगाने का टेंडर लगा हुआ है। टेंडर खुलने के बाद वर्क ऑर्डर देने की प्रक्रिया होगी और इसके बाद एजेंसी काम शुरू करेगी। इसके अलावा नगर परिषद ने शहर के बीघड़ चौक, भट्टू रोड, शास्त्री नगर और अरोड़वंश धर्मशाला के पीछे रिचार्ज बोर लगाने की प्लानिंग की है। कागज कार्रवाई पूरी हो चुकी है। अब टेंडर लगाने की प्रक्रिया शुरू होनी है। यानि इस प्रक्रिया में एक माह का समय लग सकता है। संवाद
शहर में चल रहे 9 रिचार्ज बोर, जलभराव में हो जाते हैं बंद
नगर परिषद के शहर में 6 रिचार्ज बोर पहले से चल रहे हैं और तीन अब हाल ही में लगाए गए हैं। इसमें जाट धर्मशाला के पास और एमएम कॉलेज के पास लगाया गया है। इसके अलावा एक रिचार्ज बोर स्वामी नगर में लगाया गया है। कर्मचारियों की माने तो जलभराव के दौरान ये रिचार्ज बोर बंद हो जाते हैं। सफाई न होने के कारण रिचार्ज बोर के जरिये पानी की निकासी नहीं हो पा रही है।
विज्ञापन
जनस्वास्थ्य विभाग ने कनेक्शन ही नहीं किया
जल संरक्षण को लेकर जनस्वास्थ्य विभाग महकमा खुद गंभीर नहीं है। यहां पर वाटर हार्वेस्टिंग सिस्टम बनाया गया लेकिन छत से आने वाले पानी के रिचार्ज को लेकर कनेक्शन ही नहीं किया गया है।
घरों में नहीं लगा रहे वाटर हार्वेस्टिंग सिस्टम, फिर भी मिल रही मंजूरी
जल संरक्षण को लेकर घरों में भी वाटर हार्वेस्टिंग सिस्टम लगाना जरूरी है। लेकिन फिर भी नगर परिषद अफसर मंजूरी दे रहे हैं। नक्शे पास के दौरान बिना वाटर हार्वेस्टिंग सिस्टम के मंजूरी दी जा रही है। यहां तक काम पूरा होने के बाद भी नगर परिषद प्रमाण पत्र जारी कर रहा है। बिल्डिंग इंस्पेक्टर विकास बजाज खुद मानते हैं कि नियम अनुसार जरूरी है। पहले मैनुअल मंजूरी के दौरान लिखित में लिया जाता था। लेकिन अब सिस्टम ऑनलाइन हो गया है और वह तीन साल बाद काम पर लौटे हैं। इसके बारे में जानकारी ली जाएगी।
शहर की स्थिति जानिये
शहर की आबादी : 90 हजार
नगर परिषद के वार्ड : 27
रिचार्ज बोर : 9
कोट
नगर परिषद जहां पर जरूरत है वहां पर रिचार्ज बोर लगवा रहा है ताकि जलभराव न हो सके। टेंडर प्रक्रिया पूरी हो चुकी है। इसके अलावा कुछ और जगह भी लगाए जाने है वहां भी जल्द लगवा दिए जाएंगे।
-राजेंद्र सिंह खिंची, प्रधान नगर परिषद
विज्ञापन
शहर में पांच रिचार्ज बोर लगाने के लिए टेंडर लगे हुए हैं और चार के अभी प्रपोजल तैयार किए गए हैं। ये वह जगह है जहां पर सबसे ज्यादा जलभराव होता है। इन चार जगहों पर रिचार्ज बोर लगाने के लिए अभी टेंडर ही नहीं लगा है। नगर परिषद द्वारा वार्ड नंबर 15, 16, 17, 23 और 27 में रिचार्ज बोर लगाने का टेंडर लगा हुआ है। टेंडर खुलने के बाद वर्क ऑर्डर देने की प्रक्रिया होगी और इसके बाद एजेंसी काम शुरू करेगी। इसके अलावा नगर परिषद ने शहर के बीघड़ चौक, भट्टू रोड, शास्त्री नगर और अरोड़वंश धर्मशाला के पीछे रिचार्ज बोर लगाने की प्लानिंग की है। कागज कार्रवाई पूरी हो चुकी है। अब टेंडर लगाने की प्रक्रिया शुरू होनी है। यानि इस प्रक्रिया में एक माह का समय लग सकता है। संवाद
विज्ञापन
शहर में चल रहे 9 रिचार्ज बोर, जलभराव में हो जाते हैं बंद
नगर परिषद के शहर में 6 रिचार्ज बोर पहले से चल रहे हैं और तीन अब हाल ही में लगाए गए हैं। इसमें जाट धर्मशाला के पास और एमएम कॉलेज के पास लगाया गया है। इसके अलावा एक रिचार्ज बोर स्वामी नगर में लगाया गया है। कर्मचारियों की माने तो जलभराव के दौरान ये रिचार्ज बोर बंद हो जाते हैं। सफाई न होने के कारण रिचार्ज बोर के जरिये पानी की निकासी नहीं हो पा रही है।
विज्ञापन
जनस्वास्थ्य विभाग ने कनेक्शन ही नहीं किया
जल संरक्षण को लेकर जनस्वास्थ्य विभाग महकमा खुद गंभीर नहीं है। यहां पर वाटर हार्वेस्टिंग सिस्टम बनाया गया लेकिन छत से आने वाले पानी के रिचार्ज को लेकर कनेक्शन ही नहीं किया गया है।
घरों में नहीं लगा रहे वाटर हार्वेस्टिंग सिस्टम, फिर भी मिल रही मंजूरी
जल संरक्षण को लेकर घरों में भी वाटर हार्वेस्टिंग सिस्टम लगाना जरूरी है। लेकिन फिर भी नगर परिषद अफसर मंजूरी दे रहे हैं। नक्शे पास के दौरान बिना वाटर हार्वेस्टिंग सिस्टम के मंजूरी दी जा रही है। यहां तक काम पूरा होने के बाद भी नगर परिषद प्रमाण पत्र जारी कर रहा है। बिल्डिंग इंस्पेक्टर विकास बजाज खुद मानते हैं कि नियम अनुसार जरूरी है। पहले मैनुअल मंजूरी के दौरान लिखित में लिया जाता था। लेकिन अब सिस्टम ऑनलाइन हो गया है और वह तीन साल बाद काम पर लौटे हैं। इसके बारे में जानकारी ली जाएगी।
शहर की स्थिति जानिये
शहर की आबादी : 90 हजार
नगर परिषद के वार्ड : 27
रिचार्ज बोर : 9
कोट
नगर परिषद जहां पर जरूरत है वहां पर रिचार्ज बोर लगवा रहा है ताकि जलभराव न हो सके। टेंडर प्रक्रिया पूरी हो चुकी है। इसके अलावा कुछ और जगह भी लगाए जाने है वहां भी जल्द लगवा दिए जाएंगे।
-राजेंद्र सिंह खिंची, प्रधान नगर परिषद