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Fatehabad News: शटरिंग की दुकान में आग से लाखों का नुकसान
Thu, 11 Jun 2026 12:16 AM IST
अमर उजाला ब्यूरो
संवाद न्यूज एजेंसी, फतेहाबाद
संवाद न्यूज एजेंसी, फतेहाबाद
Updated Thu, 11 Jun 2026 12:16 AM IST
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फतेहाबाद के हिसार रोड पर दुकान में लगी आग और बुझाने का प्रयास करते हुए दमकल कर्मी संवाद
फतेहाबाद। शहर के हिसार रोड पर नई सब्जी मंडी के सामने बुधवार सुबह ओम टिंबर स्टोर में भीषण आग लगी। दुकान में शटरिंग के लिए बांस, लकड़ी की पैड, बल्ली, तिरपाल और पॉलिथीन रखा हुआ था। आग दुकान के पिछले हिस्से से शुरू हुई और पॉलिथीन व बांस के कारण बढ़ती चली गई।
आग बुझाने के लिए दमकल की चार गाड़ियां मौके पर पहुंची और कर्मियों ने करीब ढाई घंटे की कड़ी मशक्कत के बाद आग पर काबू पाया। वहीं आग लगी देख आसपास के दुकानदारों में हड़कंप मच गया। घटनास्थल के पास कबाड़ और शटरिंग सामग्री की कई दुकानें हैं जिससे आग फैलने का खतरा अधिक था। दुकानदार जयप्रकाश का कहना है कि आग दुकान के पिछले हिस्से में किसी ने लगाई है। जब वह सुबह सात बजे दुकान पहुंचे तब आग लगी हुई थी। फिलहाल आग लगने के कारणों का स्पष्ट पता नहीं चल पाया है।
दुकानों के बीच में से बिजली की तारें गुजर रही हैं। इन तारों के कारण सामान हटाने में भी दिक्कत हुई। आग लगने की घटना के बाद बिजली सप्लाई बंद करवाई गई। वहीं आग बुझाने के लिए पहुंचे लोगों ने कहा कि तारों के कारण भी कभी हादसा हो सकता है।
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आग लगने की सूचना के बाद दमकल विभाग की एक गाड़ी और डायल 112 की टीम मौके पर पहुंची। दमकलकर्मियों ने लगातार पानी का छिड़काव किया लेकिन हवा के कारण आग लगातार बढ़ती रही। जिस जगह पर आग लगी वहां पर लकड़ी की बलियां, बांस के अलावा पॉलिथीन व तिरपाल भी थे जिससे आग पर काफी मशक्कत के बाद काबू पाया गया।
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डेरा प्रेमी मदद के लिए आए आगे
सिरसा डेरा के शाह सतनामजी ग्रीन एस वेलफेयर फोर्स विंग की टीम मौके पर पहुंची। टीम ने आग लगे स्थल और साथ शटरिंग की दुकान से सामान को हटवाने में मदद की ताकि आग को बढ़ने से रोका जा सके। विंग के सदस्यों ने आग के फैलने से रोकने में काफी मदद की।
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शहर में तंग गलियों में दुकानें, यंत्र तक नहीं
शहर के मुख्य रोड पर दुकान होने के बावजूद दमकलकर्मियों को आग पर काबू पाने में मशक्कत हुई लेकिन शहर के अंदर अगर कोई घटना होती है तो नुकसान की आशंका बढ़ सकती है। वजह ये है कि प्राथमिक तौर पर आग बुझाने के यंत्र दुकानों पर नहीं हैं। इसके अलावा शहर के अंदर कई शैक्षणिक संस्थान अस्पताल और होटल चल रहे हैं। इनके पास एनओसी तक नहीं है।
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आग बुझाने के लिए दमकल की चार गाड़ियां मौके पर पहुंची और कर्मियों ने करीब ढाई घंटे की कड़ी मशक्कत के बाद आग पर काबू पाया। वहीं आग लगी देख आसपास के दुकानदारों में हड़कंप मच गया। घटनास्थल के पास कबाड़ और शटरिंग सामग्री की कई दुकानें हैं जिससे आग फैलने का खतरा अधिक था। दुकानदार जयप्रकाश का कहना है कि आग दुकान के पिछले हिस्से में किसी ने लगाई है। जब वह सुबह सात बजे दुकान पहुंचे तब आग लगी हुई थी। फिलहाल आग लगने के कारणों का स्पष्ट पता नहीं चल पाया है।
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दुकानों के बीच में से बिजली की तारें गुजर रही हैं। इन तारों के कारण सामान हटाने में भी दिक्कत हुई। आग लगने की घटना के बाद बिजली सप्लाई बंद करवाई गई। वहीं आग बुझाने के लिए पहुंचे लोगों ने कहा कि तारों के कारण भी कभी हादसा हो सकता है।
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आग लगने की सूचना के बाद दमकल विभाग की एक गाड़ी और डायल 112 की टीम मौके पर पहुंची। दमकलकर्मियों ने लगातार पानी का छिड़काव किया लेकिन हवा के कारण आग लगातार बढ़ती रही। जिस जगह पर आग लगी वहां पर लकड़ी की बलियां, बांस के अलावा पॉलिथीन व तिरपाल भी थे जिससे आग पर काफी मशक्कत के बाद काबू पाया गया।
डेरा प्रेमी मदद के लिए आए आगे
सिरसा डेरा के शाह सतनामजी ग्रीन एस वेलफेयर फोर्स विंग की टीम मौके पर पहुंची। टीम ने आग लगे स्थल और साथ शटरिंग की दुकान से सामान को हटवाने में मदद की ताकि आग को बढ़ने से रोका जा सके। विंग के सदस्यों ने आग के फैलने से रोकने में काफी मदद की।
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शहर में तंग गलियों में दुकानें, यंत्र तक नहीं
शहर के मुख्य रोड पर दुकान होने के बावजूद दमकलकर्मियों को आग पर काबू पाने में मशक्कत हुई लेकिन शहर के अंदर अगर कोई घटना होती है तो नुकसान की आशंका बढ़ सकती है। वजह ये है कि प्राथमिक तौर पर आग बुझाने के यंत्र दुकानों पर नहीं हैं। इसके अलावा शहर के अंदर कई शैक्षणिक संस्थान अस्पताल और होटल चल रहे हैं। इनके पास एनओसी तक नहीं है।