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Fatehabad News: धान की सरकारी खरीद शुरू होने के इंतजार में मंडी में रात गुजार रहे किसान

Thu, 26 Sep 2024 01:52 AM IST
अमर उजाला ब्यूरो संवाद न्यूज एजेंसी, फतेहाबाद
संवाद न्यूज एजेंसी, फतेहाबाद Updated Thu, 26 Sep 2024 01:52 AM IST
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Farmers spending the night in the market waiting for the government procurement of paddy to begin
फतेहाबाद। इन दिनों जिले की अनाज मंडियों में धान की फसल की आवक तेज होने लगी है। किसान खेतों में पक कर तैयार हो चुकी धान की फसलों की कटाई करके अनाज मंडी में बेचने के लिए आ रहे हैं। इस वर्ष जिले में धान का कुल रकबा 1 लाख 50 हजार हेक्टेयर है जबकि पिछले वर्ष कुल रकबा 1 लाख 37 हजार हेक्टेयर था। धान के रकबे में 13 हजार हेक्टेयर की बढ़ोतरी हुई है।
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धान की निजी खरीद शुरू होने के बाद अब धान की फसलों में भाव को लेकर व्यापारियों और किसानों के बीच भ्रांतिया शुरू हो चुकी है। ऐसे में किसानों का कहना है कि उन्हें फसलों के उचित भाव नहीं मिल रहे हैं। फतेहाबाद अनाज मंडी के प्रधान जगदीश भादू ने बताया कि धान में नमी की मात्रा ज्यादा है। वहीं अभी तक राइस मिलरों को खरीद करने के आदेश नहीं मिले हैं। इसके कारण धान के भाव में कमी आई है।
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किसानों का कहना है कि सरकार ने धान की सरकारी खरीद करने के लिए निर्देश 23 सितंबर से दिए थे। जिसके चलते किसान अनाज मंडी में धान की फसल को लेकर पहुंचे है। लेकिन अब सरकारी खरीद एक अक्तूबर से शुरू होगी। इसके कारण किसान या तो फसलों को घर वापस ले जाने को मजबूर हैं या फिर सस्ते भाव पर बेचने को मजबूर हैं।
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किसान बोले, कम हुआ उत्पादन तो अब मंडी में नहीं मिल रहा उचित भाव
निजी व्यापारियों के द्वारा किसानों को धान की फसल की किस्म 1509 का भाव 2600 रुपये प्रति क्विंटल तो परमल धान का भाव 1500 रुपये प्रति क्विंटल मिल रहा है। फतेहाबाद की पुरानी अनाज मंडी में बुधवार को धान की फसल लेकर पहुंचे किसान वीर सिंह, अरुण, रमेश कुमार, रमन, वकील, सुशील, कपिल और बनवारी आदि ने बताया कि पिछले वर्ष परमल धान औसतन प्रति एकड़ 40 क्विंटल हुआ था। मगर इस बार 30 या 35 क्विंटल प्रति एकड़ का उत्पादन हो रहा है। पिछले वर्ष बासमती धान का भाव 3600 रुपये प्रति क्विंटल तक रहा था। इस बार धान के भाव में 500 से लेकर 900 रुपये तक की गिरावट के बाद 2700 से लेकर 3100 रुपये प्रति क्विंटल का भाव मिल रहा है। ऐसे में किसानों को नुकसान झेलना पड़ रहा है।
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मैं सोमवार सुबह अपनी 6 एकड़ धान की फसल लेकर फतेहाबाद की पुरानी अनाज मंडी में पहुंचा था। व्यापारियों ने मेरी धान की किस्म परमल का भाव 1500 रुपये प्रति क्विंटल लगाया है। मैंने फसल बेचने से मना कर दिया। अब मैं पिछले तीन दिनों से मंडी में रात गुजार रहा हूं। अनाज मंडी में होने वाली रैली के लिए मंडी को खाली करवाया जा रहा है। मुझे अनाज मंडी से फसल घर ले जाने को बोला जा रहा है।
-नोरंग, किसान, गांव बीघड़
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पहले धान की सरकारी खरीद 23 सितंबर से शुरू होनी थी। इस कारण मैं अपनी 8 एकड़ की परमल किस्म धान को 22 सितंबर को मंडी में लेकर पहुंचा। मुझे 23 सितंबर को पता चला कि धान की सरकारी खरीद 1 अक्तूबर से शुरू होगी। निजी व्यापारी मेरी फसल को 1800 रुपये प्रति क्विंटल भाव से मांग रहे हैं। ऐसे में मैं मंडी में रातें गुजारने को मजबूर हूं।

-गुरुदेव, किसान, गांव खूनन


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मौसम में आए बदलाव को देखते हुए अपनी धान की फसल को मंगलवार को फतेहाबाद की पुरानी अनाज मंडी में लेकर पहुंचा था। मंडी में निजी व्यापारियों ने मेरी धान की किस्म 1509 को 2600 रुपये प्रति क्विंटल के भाव से खरीदने की मांग की है। हालांकि, 1509 का भाव करीब 3300 होना चाहिए।
-बनवारी, किसान, गांव पीलीमंदाेरी
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:: धान की सरकारी खरीद 1 अक्तूबर से शुरू होगी। ऐसे में किसान परमल धान की किस्म को एक अक्तूबर के बाद ही मंडी में लेकर आएं ताकि उनकी फसल का उचित भाव मिल सके। अगर धान की फसल में नमी की मात्रा कम होगी तो किसानों को धान की फसल बेचने में आसानी होगी।
-यशपाल मेहता, सचिव, मार्केट कमेटी फतेहाबाद
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