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Haryana: फतेहाबाद में धान खरीद में किया 14 करोड़ का घोटाला, मिल मालिक और तत्कालीन फूड इंस्पेक्टर दोषी करार
Wed, 11 Oct 2023 09:44 PM IST
भूपेंद्र सिंह
संवाद न्यूज एजेंसी, फतेहाबाद (हरियाणा)
संवाद न्यूज एजेंसी, फतेहाबाद (हरियाणा)
Published by: भूपेंद्र सिंह
Updated Wed, 11 Oct 2023 09:44 PM IST
सार
इन्हें धोखाधड़ी व अमानत में खयानत करने का दोषी भी बताया है। अदालत 17 अक्तूबर को सजा सुनाएगी। मामले में 21 अन्य आरोपी मिल मालिक बरी हो गए हैं। इस मामले में एक आरोपी की मौत हो चुकी है।
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- फोटो : google
विस्तार
हरियाणा के फतेहाबाद में अतिरिक्त जिला एवं सत्र न्यायाधीश सुनील जिंदल की अदालत ने धान खरीद में गड़बड़ी कर 14 करोड़ का घोटाला करने के आरोप में खाद्य एवं आपूर्ति विभाग के तत्कालीन निरीक्षक सतपाल सिंगला व राइस मिल शिवाजी फूड्स चंदड़ कलां के मालिक हरप्रीत सिंह को दोषी ठहराया है। इन्हें धोखाधड़ी व अमानत में खयानत करने का दोषी भी बताया है। वहीं अदालत ने इस मामले में 21 अन्य मिल मालिकों को बरी कर दिया है, इस मामले में एक आरोपी की मौत हो चुकी है। अदालत 17 अक्तूबर को सजा सुनाएगी।
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गौरतलब है कि सहायक खाद्य एवं आपूर्ति अधिकारी लेखराज ने 15 दिसंबर 2014 को उक्त लोगों के विरुद्ध विभिन्न धाराओं में मुकदमा दर्ज करवाया था। लेखराज ने अपनी शिकायत में कहा था कि उन्होंने अन्य स्टाफ के साथ 15 दिसंबर 2014 को शिवाजी फूड्स चंदड़ कलां की जांच की तो मिल में धान की मात्रा कम मिली।
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मौके पर 3177 क्विंटल धान पड़ा था और 4797 क्विंटल चावल प्रोसेसिंग में था। रिकॉर्ड मुताबिक शिवाजी फूड्स को 308064 बैग धान अलाट हुआ था। मिलान के बाद पाया गया कि मिल में 86 हजार क्विंटल धान कम है।
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आरोप था कि इंस्पेक्टर सतपाल सिंगला ने अपने सुपरवाइजर को सूचना दिए बगैर ही इस मिल को 3 हजार मीट्रिक टन धान अलाॅट कर दिया। शिवाजी फूड्स में कम मिले धान की कीमत 14 करोड़ रुपये थी। डीएसपी शुक्रपाल सिंह ने जांच के दौरान मुकदमे में भ्रष्टाचार निरोधी अधिनियम की धारा 13(1)(डी) भी जोड़ दी।
अदालत ने इस खेल में कथित तौर पर आरोपी बनाए गए आढ़तियों व मिल पार्टनरों को तो बरी कर दिया है लेकिन सरकार के राजस्व को चूना लगाने के मामले में तत्कालीन फूड एवं सप्लाई इंस्पेक्टर सतपाल सिंगला व राइस मिलर हरप्रीत सिंह को दोषी ठहरा दिया है।