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Fatehabad News: सज गया साझा बाजार... अब ग्राहकों का इंतजार
Wed, 30 Jul 2025 11:03 PM IST
अमर उजाला ब्यूरो
संवाद न्यूज एजेंसी, फतेहाबाद
संवाद न्यूज एजेंसी, फतेहाबाद
Updated Wed, 30 Jul 2025 11:03 PM IST
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फतेहाबाद के थाना रोड पर बना साझा बाजार। संवाद
फतेहाबाद। मल्टीपर्पज पार्किंग में सरकार की तरफ से साझा बाजार कारगर सिद्ध नहीं हो रहा है। महिला दुकानदारों का कहना है कि पार्किंग के नीचे स्टॉल हैं। एक माह से दुकान पर ग्राहकों के आने के इंतजार में उनका दिन बीत रहा है। अधिकारियों को चेतावनी दी गई है कि व्यवस्था नहीं बनी तो प्रदर्शन किया जाएगा। दुकानदारों का कहना है कि जब वह समस्या बताते है तो अधिकारी उन पर छोड़ने के लिए दबाव डालते हैं। मामला डीएमसी संजय बिश्नोई के पास पहुंचने के बाद समाधान के निर्देश दिए।
साझा बाजार को लेकर तत्कालीन मुख्यमंत्री मनोहर लाल ने घोषणा की थी। करीब डेढ़ साल बाद ये योजना सिरे चढ़ी। एक जुलाई से साझा बाजार शुरू हुआ। साझा बाजार में बनाईं दुकानों को 6 स्वयं सहायता महिला समूह को अलॉट किया गया है। इसमें पांच दुकानें ग्रामीण क्षेत्र के स्वयं सहायता समूह और एक शहरी महिला स्वयं सहायता समूह को अलॉट हुई हैं। प्रशासन ने करीब 6 माह पहले महिलाओं को दुकानें अलॉट की थी लेकिन कई महिलाओं ने बाद में लेने से मना कर दिया था। प्रशासन की तरफ से अब दोबारा से अलॉटमेंट की है। जब आवेदन मांगे गए थे, उस दौरान 17 महिलाओं ने किए थे।
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काम चलेगा तो 100 रुपये प्रतिदिन देना होगा किराया :
साझा बाजार के लिए वर्ष 2023 के दिसंबर माह में तत्कालीन मुख्यमंत्री मनोहर लाल ने घोषणा की थी। इसके बाद नगर परिषद प्रशासन ने साझा बाजार के लिए दुकानें तैयार की। चुनाव आचार संहिता के चलते प्रक्रिया अटकी रही। इस साल जनवरी माह में दुकानें अलॉट की गईं लेकिन फिर प्रक्रिया अटकी रही। महिलाओं को 100 रुपये प्रतिदिन के हिसाब से किराया देना होगा। प्रशासन की तरफ से महिलाओं की सुविधा के लिए दुकान में फर्नीचर, पंखे आदि की सुविधा दी गई है। फिलहाल प्रशासन किराया नहीं ले रहा है। राहत दी गई है कि जब दुकान पर काम चलेगा तो किराया लेना भी शुरू किया जाएगा।
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साझा बाजार में दुकानें तो शुरू हो गई है लेकिन ग्राहक खरीदारी के लिए नहीं आ रहे है। नीचे स्टॉल लग जाती है और पार्किंग में वाहन खड़े होते है, इस वजह से दिक्कत आ रही है।
- राजोदेवी, दुकान संचालिका
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दुकानदारों का कहना है कि पार्किंग के नीचे स्टॉल लग रही हैं। जिला नगर आयुक्त ने इस संबंध में बैठक बुलाई है। जल्द समाधान होगा। इसके अलावा साझा बाजार को लेकर प्रचार भी किया जाएगा।
- सतबीर, डीपीएम (जिला परियोजना प्रबंधक), आजीविका मिशन, ग्रामीण
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साझा बाजार को लेकर तत्कालीन मुख्यमंत्री मनोहर लाल ने घोषणा की थी। करीब डेढ़ साल बाद ये योजना सिरे चढ़ी। एक जुलाई से साझा बाजार शुरू हुआ। साझा बाजार में बनाईं दुकानों को 6 स्वयं सहायता महिला समूह को अलॉट किया गया है। इसमें पांच दुकानें ग्रामीण क्षेत्र के स्वयं सहायता समूह और एक शहरी महिला स्वयं सहायता समूह को अलॉट हुई हैं। प्रशासन ने करीब 6 माह पहले महिलाओं को दुकानें अलॉट की थी लेकिन कई महिलाओं ने बाद में लेने से मना कर दिया था। प्रशासन की तरफ से अब दोबारा से अलॉटमेंट की है। जब आवेदन मांगे गए थे, उस दौरान 17 महिलाओं ने किए थे।
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काम चलेगा तो 100 रुपये प्रतिदिन देना होगा किराया :
साझा बाजार के लिए वर्ष 2023 के दिसंबर माह में तत्कालीन मुख्यमंत्री मनोहर लाल ने घोषणा की थी। इसके बाद नगर परिषद प्रशासन ने साझा बाजार के लिए दुकानें तैयार की। चुनाव आचार संहिता के चलते प्रक्रिया अटकी रही। इस साल जनवरी माह में दुकानें अलॉट की गईं लेकिन फिर प्रक्रिया अटकी रही। महिलाओं को 100 रुपये प्रतिदिन के हिसाब से किराया देना होगा। प्रशासन की तरफ से महिलाओं की सुविधा के लिए दुकान में फर्नीचर, पंखे आदि की सुविधा दी गई है। फिलहाल प्रशासन किराया नहीं ले रहा है। राहत दी गई है कि जब दुकान पर काम चलेगा तो किराया लेना भी शुरू किया जाएगा।
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साझा बाजार में दुकानें तो शुरू हो गई है लेकिन ग्राहक खरीदारी के लिए नहीं आ रहे है। नीचे स्टॉल लग जाती है और पार्किंग में वाहन खड़े होते है, इस वजह से दिक्कत आ रही है।
- राजोदेवी, दुकान संचालिका
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दुकानदारों का कहना है कि पार्किंग के नीचे स्टॉल लग रही हैं। जिला नगर आयुक्त ने इस संबंध में बैठक बुलाई है। जल्द समाधान होगा। इसके अलावा साझा बाजार को लेकर प्रचार भी किया जाएगा।
- सतबीर, डीपीएम (जिला परियोजना प्रबंधक), आजीविका मिशन, ग्रामीण