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Fatehabad News: पहली कक्षा के बच्चों ने एसीएस को सुनाईं कविताएं, 5वीं के छात्रों ने अंग्रेजी में पहाड़े
Sat, 19 Apr 2025 11:23 PM IST
अमर उजाला ब्यूरो
संवाद न्यूज एजेंसी, फतेहाबाद
संवाद न्यूज एजेंसी, फतेहाबाद
Updated Sat, 19 Apr 2025 11:23 PM IST
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फतेहाबाद में राजकीय माध्यमिक विद्यालय, ढाणी ढाका में विद्यार्थी से संवाद स्थापित करते अतिरिक्त
फतेहाबाद। राजकीय माध्यमिक विद्यालय व राजकीय मॉडल संस्कृति प्राइमरी स्कूल ढाणी ढाका का निरीक्षण करने के लिए उच्चतर शिक्षा विभाग के अतिरिक्त मुख्य सचिव विनीत गर्ग व उपायुक्त मनदीप कौर पहुंचे। स्कूल में पहुंच अधिकारियों ने ही उन्होंने कहा कि नाम बहुत सुना है इसलिए देखने के लिए आए हैं।
एसीएस ने पहली कक्षा के विद्यार्थियों से कविता सुनी। इसके बाद कक्षा पांचवीं के विद्यार्थियों से इंग्लिश में पहाड़े सुने। यहां पर अधिकारियों ने विद्यार्थियों से अंग्रेजी में ही बातचीत की। बच्चों से बातचीत के बाद उन्होंने स्कूल मैनेजमेंट की तारीफ की। स्कूल प्रबंधन सदस्यों ने कहा कि वर्ष 2019 में स्कूल बंद होने की कगार पर था लेकिन पंचायत के प्रयास से 25 से बढ़कर अब यहां पर 350 विद्यार्थी हो चुके हैं।
अतिरिक्त मुख्य सचिव विनीत गर्ग ने कहा कि दूसरी पंचायतों के लिए भी यह कदम प्रेरणास्रोत बनेगा। इस अवसर पर उपायुक्त मनदीप कौर, अतिरिक्त उपायुक्त अनुराग ढालिया, एसडीएम राजेश कुमार, डीएफएससी विनीत जैन, प्राचार्य विजय सिंह सहित विद्यालय स्टाफ तथा गांव के मौजिज लोग मौजूद रहे।
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मिड-डे मील जांचा
स्कूल में बच्चों को उपलब्ध करवाई जा रही विभिन्न शैक्षणिक एवं अन्य सुविधाओं के बारे में जानकारी प्राप्त की। निरीक्षण के दौरान उन्होंने स्कूल में बने कंप्यूटर लैब, मिड-डे मील के बारे में भी जानकारी हासिल की। निरीक्षण के दौरान उन्होंने निर्माणाधीन लाइब्रेरी व डी प्लान से निर्माणाधीन कमरों का भी अवलोकन किया। इसके साथ ही उन्होंने ग्रामीणों एवं स्कूल के प्राचार्य से भी बातचीत की।
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निजी से हटाकर ग्रामीणों ने सरकारी में करवाया दाखिला
ग्राम पंचायत ढाणी ढाका के सरपंच मोहित खीचड़ ने बताया कि ग्राम पंचायत ने एक अनूठी पहल करते हुए गांव के बच्चों को प्राइवेट स्कूलों से हटाकर गांव के ही राजकीय माध्यमिक विद्यालय ढाणी ढाका में प्रवेश दिलवाया है। स्कूल में ग्रामीणों ने कैमरे लगवाए हैं और अपने स्तर पर प्ले वे स्कूल के लिए अध्यापक नियुक्त किए हैं। एक समय में इस स्कूल में केवल 20-25 विद्यार्थी ही रह गए थे और स्कूल बंद होने को था। इस पर ग्रामवासियों ने बैठक कर इसी स्कूल में अपने बच्चों का दाखिला करवाने का फैसला लिया, जिसकी बदौलत आज इस स्कूल में पहली से आठवीं कक्षा तक 300 से अधिक बच्चे शिक्षा ग्रहण कर रहे हैं।
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एसीएस ने पहली कक्षा के विद्यार्थियों से कविता सुनी। इसके बाद कक्षा पांचवीं के विद्यार्थियों से इंग्लिश में पहाड़े सुने। यहां पर अधिकारियों ने विद्यार्थियों से अंग्रेजी में ही बातचीत की। बच्चों से बातचीत के बाद उन्होंने स्कूल मैनेजमेंट की तारीफ की। स्कूल प्रबंधन सदस्यों ने कहा कि वर्ष 2019 में स्कूल बंद होने की कगार पर था लेकिन पंचायत के प्रयास से 25 से बढ़कर अब यहां पर 350 विद्यार्थी हो चुके हैं।
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अतिरिक्त मुख्य सचिव विनीत गर्ग ने कहा कि दूसरी पंचायतों के लिए भी यह कदम प्रेरणास्रोत बनेगा। इस अवसर पर उपायुक्त मनदीप कौर, अतिरिक्त उपायुक्त अनुराग ढालिया, एसडीएम राजेश कुमार, डीएफएससी विनीत जैन, प्राचार्य विजय सिंह सहित विद्यालय स्टाफ तथा गांव के मौजिज लोग मौजूद रहे।
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मिड-डे मील जांचा
स्कूल में बच्चों को उपलब्ध करवाई जा रही विभिन्न शैक्षणिक एवं अन्य सुविधाओं के बारे में जानकारी प्राप्त की। निरीक्षण के दौरान उन्होंने स्कूल में बने कंप्यूटर लैब, मिड-डे मील के बारे में भी जानकारी हासिल की। निरीक्षण के दौरान उन्होंने निर्माणाधीन लाइब्रेरी व डी प्लान से निर्माणाधीन कमरों का भी अवलोकन किया। इसके साथ ही उन्होंने ग्रामीणों एवं स्कूल के प्राचार्य से भी बातचीत की।
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निजी से हटाकर ग्रामीणों ने सरकारी में करवाया दाखिला
ग्राम पंचायत ढाणी ढाका के सरपंच मोहित खीचड़ ने बताया कि ग्राम पंचायत ने एक अनूठी पहल करते हुए गांव के बच्चों को प्राइवेट स्कूलों से हटाकर गांव के ही राजकीय माध्यमिक विद्यालय ढाणी ढाका में प्रवेश दिलवाया है। स्कूल में ग्रामीणों ने कैमरे लगवाए हैं और अपने स्तर पर प्ले वे स्कूल के लिए अध्यापक नियुक्त किए हैं। एक समय में इस स्कूल में केवल 20-25 विद्यार्थी ही रह गए थे और स्कूल बंद होने को था। इस पर ग्रामवासियों ने बैठक कर इसी स्कूल में अपने बच्चों का दाखिला करवाने का फैसला लिया, जिसकी बदौलत आज इस स्कूल में पहली से आठवीं कक्षा तक 300 से अधिक बच्चे शिक्षा ग्रहण कर रहे हैं।