{"_id":"5a13085a4f1c1b9e678bcce3","slug":"171511196762-fatehabad-news","type":"story","status":"publish","title_hn":"डेरा प्रेमियों की नामचर्चा पर ढीला पड़ा जिला प्रशासन, डीसी बोले, नहीं करेंगे जवाब-तलबी","category":{"title":"City & states","title_hn":"शहर और राज्य","slug":"city-and-states"}}
डेरा प्रेमियों की नामचर्चा पर ढीला पड़ा जिला प्रशासन, डीसी बोले, नहीं करेंगे जवाब-तलबी
Updated Mon, 20 Nov 2017 10:26 PM IST
विज्ञापन
खबरें लगातार पढ़ने के लिए अमर उजाला एप डाउनलोड करें
या
वेबसाइट पर पढ़ना जारी रखने के लिए वीडियो विज्ञापन देखें
अगर आपके पास प्रीमियम मेंबरशिप है तो
अमर उजाला ब्यूरो
फतेहाबाद।
रविवार को फतेहाबाद जिले के सभी डेरा सच्चा सौदा सत्संगघरों में हुई नामचर्चा पर तीखे हुए प्रशासन के तेवर सोमवार को ढील पड़ते दिखाई दिए। सोमवार को डीसी हरदीप सिंह ने साफ किया कि सत्संगघरों में नामचर्चा पर डेरा प्रेमियों पर किसी प्रकार की रोक नहीं होगी। बशर्ते नामचर्चा के दौरान कुछ भी आपत्तिजनक या भड़काऊ न बोला जाए। उधर टोहाना और रतिया एसडीएम ने भी सोमवार को डेरा की स्थानीय कमेटी से कोई जवाब-तलबी नहीं की। इस बारे में पूछे जाने पर टोहाना एसडीएम सरजीत नैन ने इतना जरूर कहा कि सोमवार को पहले से तय बैठकों के चलते इस संदर्भ में बात नहीं हो सकी। मंगलवार को डेरा कमेटी से बात करेंगे।
गौरतलब है कि रविवार को कई दिनों की चुप्पी के बाद डेरा के जिलेभर में फैले संगतघरों में सैकड़ों की तादाद में डेरा प्रेमी इकट्ठे हुए और नामचर्चा की। इसमें जिले के सर्वाधिक संवेदनशील माने जाने वाले टोहाना और जाखल के संगतघर भी शामिल थे। टोहाना शहर में इसी विवाद में नगर परिषद कार्यालय पर पेट्रोल बम से हमला किया गया था।
हैरानी इस बात की है कि जिला उपायुक्त हरदीप सिंह ने कुछ दिन पहले खुद डेरा कमेटी को सत्संग करने की अनुमति देने से इंकार कर दिया था और अब उनका कहना है कि उन्होंने इस संदर्भ में कोई निषेधाज्ञा जारी नहीं की। अब फतेहाबाद में धारा 144 खत्म की जा चुकी है। ऐसे में जब तक डेरा प्रेमी शांतिपूर्ण सत्संग करते रहेंगे, तब तक प्रशासन की ओर से कोई परेशानी नहीं आएगी। अगर शिकायत आती है तो निश्चित तौर पर कड़ा एक्शन लिया जाएगा।
विज्ञापन
विज्ञापन
फतेहाबाद।
रविवार को फतेहाबाद जिले के सभी डेरा सच्चा सौदा सत्संगघरों में हुई नामचर्चा पर तीखे हुए प्रशासन के तेवर सोमवार को ढील पड़ते दिखाई दिए। सोमवार को डीसी हरदीप सिंह ने साफ किया कि सत्संगघरों में नामचर्चा पर डेरा प्रेमियों पर किसी प्रकार की रोक नहीं होगी। बशर्ते नामचर्चा के दौरान कुछ भी आपत्तिजनक या भड़काऊ न बोला जाए। उधर टोहाना और रतिया एसडीएम ने भी सोमवार को डेरा की स्थानीय कमेटी से कोई जवाब-तलबी नहीं की। इस बारे में पूछे जाने पर टोहाना एसडीएम सरजीत नैन ने इतना जरूर कहा कि सोमवार को पहले से तय बैठकों के चलते इस संदर्भ में बात नहीं हो सकी। मंगलवार को डेरा कमेटी से बात करेंगे।
गौरतलब है कि रविवार को कई दिनों की चुप्पी के बाद डेरा के जिलेभर में फैले संगतघरों में सैकड़ों की तादाद में डेरा प्रेमी इकट्ठे हुए और नामचर्चा की। इसमें जिले के सर्वाधिक संवेदनशील माने जाने वाले टोहाना और जाखल के संगतघर भी शामिल थे। टोहाना शहर में इसी विवाद में नगर परिषद कार्यालय पर पेट्रोल बम से हमला किया गया था।
विज्ञापन
हैरानी इस बात की है कि जिला उपायुक्त हरदीप सिंह ने कुछ दिन पहले खुद डेरा कमेटी को सत्संग करने की अनुमति देने से इंकार कर दिया था और अब उनका कहना है कि उन्होंने इस संदर्भ में कोई निषेधाज्ञा जारी नहीं की। अब फतेहाबाद में धारा 144 खत्म की जा चुकी है। ऐसे में जब तक डेरा प्रेमी शांतिपूर्ण सत्संग करते रहेंगे, तब तक प्रशासन की ओर से कोई परेशानी नहीं आएगी। अगर शिकायत आती है तो निश्चित तौर पर कड़ा एक्शन लिया जाएगा।
विज्ञापन