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एसडीएम की बजाए डीसी को ज्ञापन सौंपने पर अड़े सक्षम युवा, डीसी को बोले, पक्का करो तो डीसी ने वापिस सौंपा ज्ञापन
Updated Thu, 24 May 2018 12:01 AM IST
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अमर उजाला ब्यूरो
फतेहाबाद।
पिछले साल सक्षम रोजगार योजना के तहत नौकरी हासिल करने वाले युवाओं को बुधवार को नियमित करने की मांग करना महंगा पड़ गया। अपनी मांगों को पूरा करने की मांग को लेकर जिले के सक्षम युवाओं के धरने पर बैठने के बाद बुधवार को पहले एसडीएम ने उन्हें मनाने का प्रयास करते हुए उनकी मांगों को उच्चाधिकारियों तक पहुंचाने का आश्वासन दिया लेकिन सक्षम युवा डीसी हरदीप सिंह से ही बात करने पर अड़े रहे। इसके बाद मौके पर डीसी हरदीप सिंह ने जब उनकी बात सुनते हुए उनसे ज्ञापन लेकर आश्वासन देने ही वाले थे कि आंदोलनरत सक्षम युवाओं में से एक युवक ने सक्षम युवाओं को पक्का करने की मांग रख दी जिस पर डीसी हरदीप सिंह ने बिना कुछ और बोले ज्ञापन वापिस सक्षम युवाओं को सौंप दिया और वहां से निकल गए। बाद में सक्षम युवाओं ने धमकी दी है कि अगर प्रशासन ने उनकी बात नहीं सुनी तो वीरवार से वे लघुसचिवालय के बाहर धरने पर भी बैठ सकते हैं।
सक्षम युवा संघ के जिला प्रधान गुरदास ने बताया कि जिलेभर में 24 सौ सक्षम युवा हैं जिन्हें सरकार ने रोजगार दिया था। इन सभी लोगों ने किसी ने छह माह तो किसी ने एक साल तक नौकरी की है लेकिन अब संबंधित विभाग काम ना होने की बात कहकर सीटें रिक्त होने से मना कर रहा है। इसलिए ही विभाग उनकी नियुक्ति के लिए डिमांड ही नहीं भेज रहे जिसके चलते उनको घर बैठना पड़ सकता है। गुरदास ने बताया कि आशंका है कि विभिन्न विभाग सैंकड़ों सक्षम युवाओं को 27-28 मई को रिलीव कर सकते हैं। सक्षम युवाओं ने बताया कि अधिकारी उन्हें आश्वासन दे रहे हैं कि उनकी डिमांड निकाली जाएगी और उन्हें पुन: नियुक्ति दी जाएगी। सक्षम युवाओं का तर्क है कि वे अभी संबंधित विभाग में पूरी तरह सीख ही नहीं पाते और उन्हें नए सिरे से भर्ती प्रक्रिया से गुजरना पड़ता है और उन्हें नई जगह काम करना पड़ जाता है। इसके चलते उन्हें पूरा अनुभव भी नहीं मिल पा रहा। इसी मांग को लेकर सक्षम युवाओं ने बुधवार को लघुसचिवालय में धरना दिया और दोपहर को एसडीएम सतबीर जांगू के पास ज्ञापन देने पहुंचे। इस दौरान जिला प्रधान ने डिमांड लगाकर उन्हें नियमित लगाने का अनुरोध किया। इस पर एसडीएम जांगू ने कहा कि ये कोई स्थायी नौकरी नहीं है, ये एक तरह का बेरोजगारी भत्ता है, फिर भी वे एसीएस राकेश गुप्ता की वीडियो क्रांफेंसिंग में बात रखेंगे। लेकिन सक्षम युवा अपनी जिद पर अड़े रहे। बार-बार समझाने पर भी वे डीसी से मिलने की जिद करने लगे। मौके पर जिला उपायुक्त हरदीप सिंह भी पहुंचे और उन्होंने सक्षम युवाओं की बात सुनी। डीसी इससे पहले उन्हें कुछ आश्वस्त करते, अति उत्साहित एक सक्षम युवा ने उपायुक्त के समक्ष पक्की नौकरी देने की बात कर डाली। उपायुक्त ने उन्हें चुपचाप ज्ञापन वापिस पकड़ाया और कार में बैठकर निकल गए।
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फतेहाबाद।
पिछले साल सक्षम रोजगार योजना के तहत नौकरी हासिल करने वाले युवाओं को बुधवार को नियमित करने की मांग करना महंगा पड़ गया। अपनी मांगों को पूरा करने की मांग को लेकर जिले के सक्षम युवाओं के धरने पर बैठने के बाद बुधवार को पहले एसडीएम ने उन्हें मनाने का प्रयास करते हुए उनकी मांगों को उच्चाधिकारियों तक पहुंचाने का आश्वासन दिया लेकिन सक्षम युवा डीसी हरदीप सिंह से ही बात करने पर अड़े रहे। इसके बाद मौके पर डीसी हरदीप सिंह ने जब उनकी बात सुनते हुए उनसे ज्ञापन लेकर आश्वासन देने ही वाले थे कि आंदोलनरत सक्षम युवाओं में से एक युवक ने सक्षम युवाओं को पक्का करने की मांग रख दी जिस पर डीसी हरदीप सिंह ने बिना कुछ और बोले ज्ञापन वापिस सक्षम युवाओं को सौंप दिया और वहां से निकल गए। बाद में सक्षम युवाओं ने धमकी दी है कि अगर प्रशासन ने उनकी बात नहीं सुनी तो वीरवार से वे लघुसचिवालय के बाहर धरने पर भी बैठ सकते हैं।
सक्षम युवा संघ के जिला प्रधान गुरदास ने बताया कि जिलेभर में 24 सौ सक्षम युवा हैं जिन्हें सरकार ने रोजगार दिया था। इन सभी लोगों ने किसी ने छह माह तो किसी ने एक साल तक नौकरी की है लेकिन अब संबंधित विभाग काम ना होने की बात कहकर सीटें रिक्त होने से मना कर रहा है। इसलिए ही विभाग उनकी नियुक्ति के लिए डिमांड ही नहीं भेज रहे जिसके चलते उनको घर बैठना पड़ सकता है। गुरदास ने बताया कि आशंका है कि विभिन्न विभाग सैंकड़ों सक्षम युवाओं को 27-28 मई को रिलीव कर सकते हैं। सक्षम युवाओं ने बताया कि अधिकारी उन्हें आश्वासन दे रहे हैं कि उनकी डिमांड निकाली जाएगी और उन्हें पुन: नियुक्ति दी जाएगी। सक्षम युवाओं का तर्क है कि वे अभी संबंधित विभाग में पूरी तरह सीख ही नहीं पाते और उन्हें नए सिरे से भर्ती प्रक्रिया से गुजरना पड़ता है और उन्हें नई जगह काम करना पड़ जाता है। इसके चलते उन्हें पूरा अनुभव भी नहीं मिल पा रहा। इसी मांग को लेकर सक्षम युवाओं ने बुधवार को लघुसचिवालय में धरना दिया और दोपहर को एसडीएम सतबीर जांगू के पास ज्ञापन देने पहुंचे। इस दौरान जिला प्रधान ने डिमांड लगाकर उन्हें नियमित लगाने का अनुरोध किया। इस पर एसडीएम जांगू ने कहा कि ये कोई स्थायी नौकरी नहीं है, ये एक तरह का बेरोजगारी भत्ता है, फिर भी वे एसीएस राकेश गुप्ता की वीडियो क्रांफेंसिंग में बात रखेंगे। लेकिन सक्षम युवा अपनी जिद पर अड़े रहे। बार-बार समझाने पर भी वे डीसी से मिलने की जिद करने लगे। मौके पर जिला उपायुक्त हरदीप सिंह भी पहुंचे और उन्होंने सक्षम युवाओं की बात सुनी। डीसी इससे पहले उन्हें कुछ आश्वस्त करते, अति उत्साहित एक सक्षम युवा ने उपायुक्त के समक्ष पक्की नौकरी देने की बात कर डाली। उपायुक्त ने उन्हें चुपचाप ज्ञापन वापिस पकड़ाया और कार में बैठकर निकल गए।
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